ईद-उल-अजहा की रौनक: बाजारों में उमड़ी भारी भीड़, चूड़ी और इत्र की दुकानों पर बढ़ी चहल-पहल

Updated:
विज्ञापन

बाजारों में भीड़

ग, समर्पण और अमिट आस्था का प्रतीक पर्व ईद-उल-अजहा (बकरीद) को लेकर सुपौल जिले में तैयारियां शबाब पर हैं. पर्व को लेकर शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों के बाजारों में रौनक देखते ही बन रही है, जहां मुस्लिम समुदाय के लोग जोर-शोर से खरीदारी में जुटे हैं.

विज्ञापन

सुपौल से रोशन सिंह की रिपोर्ट:

आपके शहर में

विज्ञापन

बाजारों में बढ़ी रौनक, सेवईं, इत्र और टोपियों की मांग तेज

आगामी 28 मई गुरुवार को जिले भर में ईद-उल-अजहा का त्योहार पारंपरिक हर्षोल्लास, उत्साह और आपसी सौहार्द के साथ मनाया जाएगा. जैसे-जैसे पर्व की तारीख नजदीक आ रही है, बाजारों में ग्राहकों की आमद तेजी से बढ़ी है. शहर के मुख्य बाजारों में लच्छेदार सेवईं, रंग-बिरंगी टोपियां, खुशबूदार इत्र, ताजे फल और नए कपड़ों की दुकानों पर सुबह से लेकर देर रात तक खरीदारों की भारी भीड़ देखी जा रही है.

मेंहदी-चूड़ियों की दुकानों पर भीड़, दिख रही भाईचारे की अनूठी मिसाल

पर्व को लेकर महिलाओं और युवतियों में भी खासा उत्साह नजर आ रहा है. शहर के स्टेशन रोड, महावीर चौक समेत विभिन्न प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों पर सजी चूड़ियों और श्रृंगार सामग्री की दुकानों पर दिनभर महिलाओं का तांता लगा रह रहा है. खूबसूरत चूड़ियां खरीदने और हाथों में मेहंदी रचाने को लेकर युवतियां काफी उत्सुक हैं.

गौरतलब है कि मिथिलांचल की पावन धरती पर पर्व-त्योहारों के मौके पर नई चूड़ियां पहनने की एक अनूठी और साझा परंपरा हिंदू और मुस्लिम दोनों ही समुदायों में समान रूप से देखने को मिलती है. बाजारों में दिख रहा यह नजारा यहां की सदियों पुरानी सांस्कृतिक एकता, कौमी एकता और अटूट भाईचारे की एक जीवंत मिसाल पेश करता है.

मस्जिदों और ईदगाहों में होगी विशेष नमाज, प्रशासन पूरी तरह अलर्ट

ईद-उल-अजहा के मुख्य दिन जिले की तमाम ऐतिहासिक मस्जिदों और ईदगाहों में सुबह के समय विशेष नमाज अदा की जाएगी. नमाज की समाप्ति के बाद स्थानीय इमामों द्वारा विशेष खुतबा (धार्मिक प्रवचन) दिया जाएगा, जिसमें हजरत इब्राहिम की कुर्बानी, त्याग, आपसी प्रेम और इंसानियत का संदेश दिया जाएगा. नमाज के बाद सभी लोग एक-दूसरे के गले मिलकर ईद की मुबारकबाद देंगे.

पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार नमाज संपन्न होने के बाद बकरे व अन्य पशुओं की कुर्बानी (सांकेतिक त्याग) दी जाएगी. इस महान पर्व को पूरी तरह शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने को लेकर जिला व पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह अलर्ट मोड में है. संवेदनशील इलाकों में मजिस्ट्रेट के साथ अतिरिक्त पुलिस बलों की तैनाती की रूपरेखा तैयार कर ली गई है.

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन