विराेध. प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ जम कर निकाली भड़ास

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 27 Mar 2016 4:06 AM

विज्ञापन

बंदी से दिन भर अस्त-व्यस्त रहा शहर विश्व हिंदु परिषद के आह्वान पर शनिवार को जिला मुख्यालय में आहुत बाजार बंद के कारण दिन भर शहर का माहौल अस्त-व्यस्त रहा़ प्रशासनिक अधिकारी से लेकर आम लोग भी इस बंद की वजह से परेशान दिखे़ सुपौल : बंद को स्थानीय व्यवसायियों एवं आम लोगों का समर्थन […]

विज्ञापन

बंदी से दिन भर अस्त-व्यस्त रहा शहर

विश्व हिंदु परिषद के आह्वान पर शनिवार को जिला मुख्यालय में आहुत बाजार बंद के कारण दिन भर शहर का माहौल अस्त-व्यस्त रहा़ प्रशासनिक अधिकारी से लेकर आम लोग भी इस बंद की वजह से परेशान दिखे़
सुपौल : बंद को स्थानीय व्यवसायियों एवं आम लोगों का समर्थन रहने के कारण बाजार में विधि व्यवस्था भंग होने की कभी नौबत नही आयी़ शुक्रवार की संध्या लाउडस्पीकर के माध्यम से विहिप द्वारा बंद की घोषणा के बाद शनिवार को व्यवसायियों ने अपनी-अपनी दुकानों को बंद रखने का निर्णय लिया़ वहीं बंद के दौरान स्थानीय नागरिकों एवं प्रबुद्ध जनों का भी सहयोग सराहनीय रहा़ विभिन्न दल के नेताओं ने मौके पर दल गत भावनाओं से उपर उठकर शांति व्यवस्था बरकरार रखने में सहयोग प्रदान किया़
प्रशासन के खिलाफ दिखा लोगों मे आक्रोश: विहिप द्वारा बंद की घोषणा के बाद भाजपा, भाजयुमो, अभाविप के कार्यकताओं द्वारा बंद को समर्थन दिये जाने के बाद सैकड़ों की संख्या में लोग शनिवार को सड़क पर उतर गये़ जुलूस में शामिल लोगों मे स्थानीय प्रशासन के प्रति काफी आक्रोश स्पष्ट रूप से दिख रहा था़ लोग पुलिस की मनमानी नही चलेगी, एक पक्षीय कार्रवाई बंद करो, विद्वेष फैलाने वालों को गिरफ्तार करों व डीएम- एसपी हाय-हाय जैसे नारे लगा रहे थे़
जुलूस चलता रहा भीड़ बढ़ती गयी
शनिवार की सुबह स्थानीय लोहिया नगर चौक से विहिप के प्रांत सेवा प्रमुख चंद्र कांत झा एवं भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष संतोष प्रधान के नेतृत्व मे बंद समर्थक जुलूस की शक्ल में आगे बढ़ रहे थे.वहीं उनके पीछे जुलूस में लोग शामिल होते गये.स्थिति यह थी कि थाना तक पहुंचते-पहुंचते जुलूस में सैकड़ों लोग शामिल हो गये.वहीं बाजार के स्थिति का जायजा लेने के उद्देश्य से शहर के चौक-चौराहों पर भी लोगों की लगातार भीड़ लगी रही.
स्थानीय लोगों का मिला समर्थन
स्व स्फूर्त बंद रहीं दुकानें
होली के दौरान रंग लगाने के सवाल पर दो पक्षों के बीच उपजे विवाद एवं इसके बाद कुछ लोगों द्वारा इसे सांप्रदायिक व राजनीतिक रंग देने की कोशिश के विरोध में लोगों में जबरदस्त आक्रोश व्याप्त था.स्थानीय व्यवसायी भी इस घटना से आहत दिख रहे थे.यही वजह थी कि उन्होंने बंद को समर्थन देते हुए अपनी दुकानें बंद रखी.अभूतपूर्व बंदी के दौरान स्थिति यह थी कि जिला मुख्यालय में एक भी दुकान खुली नहीं थी.
प्रबुद्धजनों ने की पहल
बंद समर्थकों के आक्रोश एवं बंद के कारण लोगों को हो रही परेशानी के मद्देनजर शहर के प्रबुद्धजनों ने पहल की और प्रशासन एवं बंद समर्थकों के बीच मध्यस्तता करने का काम किया.इनमें भाजपा जिलाध्यक्ष नागेंद्र नारायण ठाकुर, पूर्व जिलाध्यक्ष विजय शंकर चौधरी, पूर्व सांसद विश्वमोहन कुमार, पूर्व विधायक किशोर कुमार मुन्ना आदि शामिल थे.इन लोगों द्वारा समझाने एवं सम्मान जनक समझौता होने की स्थिति में आंदोलन को समाप्त करने का निर्णय लिया गया.बाद में थाना में आयोजित शांति समिति की बैठक के दौरान हुए समझौते एवं डीएम व एसपी के जाम स्थल पर पहुंच कर वार्ता करने के बाद जाम समाप्त हुआ.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन