अब प्राइवेट सिक्यूरिटी करेंगे सदर अस्पताल की सुरक्षा

Published at :02 Jun 2016 5:16 AM (IST)
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अब प्राइवेट सिक्यूरिटी करेंगे सदर अस्पताल की सुरक्षा

सहरसा सिटी : कोसी का प्रमंडलीय अस्पताल कहे जाने वाले सदर अस्पताल के सुरक्षा की कमान बुधवार से प्राइवेट सिक्यूरिटी ने संभाल ली. एक जून के सुबह से ही काला पैंट व ब्लू शर्ट में सेवानिवृत अर्द्धसैनिक जवानों ने इमरजेंसी सहित परिसर की सुरक्षा में तैनात दिखे. पूर्व से तैनात होमगार्ड जवानों को सुरक्षा व्यवस्था […]

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सहरसा सिटी : कोसी का प्रमंडलीय अस्पताल कहे जाने वाले सदर अस्पताल के सुरक्षा की कमान बुधवार से प्राइवेट सिक्यूरिटी ने संभाल ली. एक जून के सुबह से ही काला पैंट व ब्लू शर्ट में सेवानिवृत अर्द्धसैनिक जवानों ने इमरजेंसी सहित परिसर की सुरक्षा में तैनात दिखे.

पूर्व से तैनात होमगार्ड जवानों को सुरक्षा व्यवस्था में मुक्त कर दिया गया. निजी नर्सिंग होम की तरह सदर अस्पताल में प्राइवेट सिक्यूरिटी गार्ड को देख लोगों ने अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था के सुदृढ़ होने की आस जगाने लगी है. हलांकि यह तो आनेवाला दिन ही बताएगा कि प्राइवेट एजेंसी अस्पताल कर्मी व मरीजों को कितना बेहतर सुरक्षा व्यवस्था दे पायेंगे.

उम्र बन सकती है बाधक
पटना के एलाइट फालिकॉन्स नामक प्राइवेट सिक्यूरिटी एजेंसी ने भले ही अस्पताल के सुरक्षा की कमान संभाल ली है. लेकिन एजेंसी द्वारा तैनात सेवानिवृत जवानों को देख लोगों में चर्चा शुरू हो गयी कि क्या ये अस्पताल की सुरक्षा कर पायेंगे. लोगों ने कहा कि प्रमंडलीय अस्पताल होने के कारण सहरसा सहित अन्य जिलो में होने वाली घटना दुर्घटना के पीड़ित इलाज के लिए आते है. कभी-कभी स्थिति विस्फोटक भी हो जाती है. ऐसी स्थिति में क्या तैनात जवान अपने दायित्व का निर्वहन कर पायेंगे. तैनात जवानों को देखने से लगता है कि सभी 10-15 वर्ष पूर्व ही सेवानिवृत हो चुके है. मालूम हो कि अस्पताल में आये दिन होने वाले घटनाओं को देखते हुए सुरक्षा का जिम्मा प्राइवेट एजेंसी को दी गयी है. बुधवार को आठ जवानों ने योगदान देकर सुरक्षा की कमान संभाली, जबकि जानकारी के अनुसार बीस जवानों को तैनात किया गया है.
सात एजेंसी ने डाली थी निविदा
जिला स्वास्थ्य समिति द्वारा निकालें गये विज्ञापन पर सात सिक्यूरिटी एजेंसी ने निविदा डाली थी. डीपीएम असित रंजन ने बताया कि निविदा डालने वाले में एलाइट फेलिकॉन्स पटना, गोस्वामी सिक्यूरिटी मुजफ्फरपुर, गौरव सेनानी पटना, ओंकार सिक्यूरिटी पटना, हर्ष सिद्धि सिक्यूरिटी नई दिल्ली, एवरेस्ट हयूमेन पटना, बहादुर सिक्यूरिटी छपरा शामिल था. डायरेक्टर जेनरल रिइबिटेशन के नियमानुसार तीन एजेंसी नियम व शर्त को पूरा नही कर पाया था. कम दर के कारण पटना के एलाइट को सुरक्षा की जिम्मेवारी दी गयी थी.
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