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धान क्रय केंद्रों पर अराजकता : मोदी

Updated at : 31 Dec 2014 6:02 AM (IST)
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धान क्रय केंद्रों पर अराजकता : मोदी

पटना : पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी ने कहा कि किसानों से धान की खरीद में अराजकता कायम है. क्रय केंद्रों पर न बोरा उपलब्ध है और न ही नमी मापक यंत्र. किसानों को प्रति क्विंटल तीन सौ रुपये बोनस देने की भी व्यवस्था नहीं है. धान सुखाने के लिए ब्लोअर की खरीद का निर्णय भी […]

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पटना : पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी ने कहा कि किसानों से धान की खरीद में अराजकता कायम है. क्रय केंद्रों पर न बोरा उपलब्ध है और न ही नमी मापक यंत्र. किसानों को प्रति क्विंटल तीन सौ रुपये बोनस देने की भी व्यवस्था नहीं है. धान सुखाने के लिए ब्लोअर की खरीद का निर्णय भी लिया गया है, तो वह भी स्पष्ट नहीं है कि कौन खरीदेगा और कहां से राशि आयेगी?
जब तक ब्लोअर की खरीद होगी, तब तक धान की नमी वैसे ही कम हो जायेगी. ऐसे में किसानों को रबी की खेती के लिए बिचौलियों के हाथों धान बेचने की मजबूरी है. अपने आवास पर जनता दरबार के बाद पत्रकारों से बातचीत में मोदी ने कहा कि मुख्यमंत्री ने किसानों से धान की खरीद के लिए प्रति क्विंटल पांच किलो अधिक लेकर खरीद की घोषणा की थी, लेकिन विभाग ने इस संबंध में कोई निर्देश जारी नहीं किया है. बोनस की घोषणा एक माह पहले मुख्यमंत्री ने की, लेकिन आज तक निर्देश जारी नहीं हुआ. अब तक पैक्सों को धान खरीद पर कमीशन का निर्णय तक नहीं लिया गया है. आखिर पैक्स कैसे किसानों से धान की खरीद करेगा? उन्होंने कहा कि यही धान अब बिचौलिये ऊंची दर पर पैक्स को बेचेंगे यानी किसानों को कुछ नहीं मिला.
वे एक हजार से 1100 रुपये प्रति क्विंटल धान बेचने को मजबूर हैं. बिहार से लाखों टन धान नेपाल जा रहा है. कस्टम और बिहार के अधिकारियों के तालमेल से प्रति ट्रक दस हजार रुपये रिश्वत लेकर धान नेपाल में भेजा जा रहा है. रक्सौल बॉर्डर से वीरगंज के लिए सिर्फ 18 दिसंबर को 40 ट्रकों से गैर बासमती धान के नाम पर रक्सौल बॉर्डर से कई लाख टन धान नेपाल जाने की जानकारी देते हुए कहा कि यहां के धान से नेपाल की राइस मिलें चल रही हैं.
इस वजह से बिहार की सैकड़ों राइस मिल बंदी के कगार पर हैं. धान भंडारण का इंतजाम नहीं होने से पिछले साल 30 हजार मीटरिक टन धान सड़ गया,जिसे एक रुपये से चार रुपये प्रति किलो की दर से नीलाम करना पड़ा.
उन्होंने कहा कि यह तो सरकारी आंकड़ा है. अनुमान है कि कम-से-कम एक लाख मीटरिक टन धान सड़ गया है. मौके पर पूर्व डीजीपी आशीष रंजन सिन्हा, डॉ उषा विद्यार्थी व सुधीर कुमार शर्मा मौजूद थे.
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