पटना और मुजफ्फरपुर देश के चार शीर्ष प्रदूषित शहरों में शामिल, आज से 15 साल पुरानी सरकारी गाड़ियों पर रोक
Updated at : 06 Nov 2019 8:15 AM (IST)
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सबसे अधिक प्रदूषित शहर, गया की हवा भी खराब पटना : राजधानी पटना की आवोहवा मंगलवार को और भी जहरीली हो गयी. शाम होते-होते पटना देश के चार सबसे प्रदूषित शहरों में से एक रहा. पहले नंबर पर कानपुर, दूसरे नंबर पर लखनऊ, तीसरे पर पटना और चौथे स्थान पर मुजफ्फरपुर शहर रहा. दिल्ली,पंजाब,हरियाणा और […]
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सबसे अधिक प्रदूषित शहर, गया की हवा भी खराब
पटना : राजधानी पटना की आवोहवा मंगलवार को और भी जहरीली हो गयी. शाम होते-होते पटना देश के चार सबसे प्रदूषित शहरों में से एक रहा. पहले नंबर पर कानपुर, दूसरे नंबर पर लखनऊ, तीसरे पर पटना और चौथे स्थान पर मुजफ्फरपुर शहर रहा. दिल्ली,पंजाब,हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की हवा में अप्रत्याशित सुधार देखा गया. मौसम विभाग के अनुसार पटना का एयर क्वालिटी इंडेक्स 414 दर्ज किया गया. लखनऊ का एयर क्वालिटी सूचकांक पटना से 2 पाइंट अधिक 416 और कानपुर का एक्यूआइ देश में सबसे ज्यादा 453 रहा.
मुजफ्फरपुर का एयर क्वालिटी इंडेक्स देश में चौथे स्थान 385 पर रहा. बिहार के ही गया शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स दिल्ली से ज्यादा 325 रहा. दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स 324 दर्ज किया गया है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण परिषद के अनुसार देश के 103 शहरों में चार शहरों की हवा सीवियर, 19 की बेहद खराब और 26 शहरों की हवा खराब श्रेणी की दर्ज की गयी है.
पटना का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआइ) 414 दर्ज किया गया
हर साल बढ़ रहीं 17.6% गाड़ियां
पटना : बिहार में प्रति वर्ष गाड़ियों की संख्या लगभग 17.6% की दर से बढ़ रही है. परिवहन विभाग के आंकड़ों को देखें,तो बिहार में 2011-12 में 4.39 लाख गाड़ियों का निबंधन हुआ था. लेकिन 2017-18 में यही आंकड़ा बढ़कर एक साल में 11.8 लाख तक पहुंच गया. वहीं, मार्च 2016 का आंकड़ा देखें, तो राज्य भर में 5 लाख निबंधित मालवाहक वाहन और 49.8 लाख गैर मालवाहक वाहन सड़क पर दौड़ रहे थे.
जीप, कार और दोपहिया वाहनों की संख्या पटना में सबसे अधिक बढ़ी
राज्य में ट्रक 20.8%, कार 19%, दोपहिया 19.8% और बस 11.4% की दर से हर वर्ष बढ़ रही है. वहीं, कुल निबंधित गाड़ियों में कार, जीप एवं अन्य वैसी गाड़ियां जो लोग खुद के घूमने के लिए खरीद रहे हैं उसकी संख्या पटना में सर्वाधिक 45% है. ट्रैक्टरों की संख्या सबसे अधिक पूर्वी चंपारण और ट्रकों की संख्या सबसे अधिक मुजफ्फरपुर में है.
पटना की हवा की गुणवत्ता
तिथि एक्यूआइ हवा की गुणवत्ता
1 नवंबर 357 बहुत खराब
2 नवंबर 428 कष्टप्रद
3 नवंबर 413 कष्टप्रद
4 नवंबर 383 बहुत खराब
5 नवंबर 414 कष्टप्रद
नोट : इस तरह नवंबर माह में पहले पांच दिन में तीन दिन कष्टप्रद हवा रही है.
आज से 15 साल पुरानी सरकारी गाड़ियों पर रोक
परिवहन विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने सभी विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव , सभी प्रमंडलीय आयुक्त एवं डीएम को पत्र लिखकर 15 साल पुराने सभी सरकारी वाहनों के परिचालन पर अगले आदेश तक रोक लगाने का आग्रह किया है.
उन्होंने पत्र के माध्यम से कहा है कि प्रदूषण बढ़ने के कारण यह निर्णय लिया गया है. इस कारण से अगले आदेश तक रोक लगायी जाये. पत्र में यह भी कहा गया है कि जिलों में समीक्षा कर 15 साल पुरानी गाड़ियों को तत्काल प्रभाव से परिचालन को रोका जाये.
परिवहन विभाग इस तरह से करेगा जांच
स्टेट और नेशनल हाइवे पर होगी नियमित जांच
यातायात नियमों को तोड़ने वालों पर जुर्माना
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