कल से फिर विद्यालय शिक्षा समिति ही स्कूलों में बनायेगी मध्याह्न भोजन

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 28 Jul 2019 5:01 AM

विज्ञापन

पटना : राज्य मध्याह्न भोजन योजना के निदेशक विनोद कुमार सिंह ने मध्याह्न भोजन बनाने एवं बांटने की जिम्मेदारी फिर से विद्यालय शिक्षा समिति को सौंप दी है. इस आशय का आदेश शनिवार को जारी किया गया, जो 29 जुलाई से प्रभावी हो जायेगा. यह आदेश जिला शिक्षा पदाधिकारी की रिपोर्ट पर जारी किया गया […]

विज्ञापन

पटना : राज्य मध्याह्न भोजन योजना के निदेशक विनोद कुमार सिंह ने मध्याह्न भोजन बनाने एवं बांटने की जिम्मेदारी फिर से विद्यालय शिक्षा समिति को सौंप दी है. इस आशय का आदेश शनिवार को जारी किया गया, जो 29 जुलाई से प्रभावी हो जायेगा. यह आदेश जिला शिक्षा पदाधिकारी की रिपोर्ट पर जारी किया गया है.

इस तरह से शहर के 1005 स्कूलों में मध्याह्न भोजन योजना का संचालन अब पहले की तरह विद्यालय शिक्षा समिति ही करेगी. 22 जुलाई से राजधानी पटना परिक्षेत्र के स्कूलों में मध्याह्न भोजन बनाने और बांटने की जिम्मेदारी एक स्वयं सेवी संस्था ‘जन चेतना जागृति एवं शैक्षणिक विकास मंच’ को सौंपी गयी थी.
शिक्षा विभाग ने उससे यह जिम्मेदारी वापस लेते हुए उसके तरफ से की जा रही आपूर्ति को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया है. मालूम हो कि प्रभात खबर ने एनजीओ के जरिये हो रही मध्याह्न भोजन आपूर्ति से संबंधित विसंगतियों को उजागर किया था.
डीइओ की रिपोर्ट पर लिया गया निर्णय : जिला शिक्षा पदाधिकारी ज्योति कुमार ने शनिवार को ही आठ विद्यालयों में पहुंचकर मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता का परीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने बच्चों से भी बातचीत की. इस दौरान साफ हुआ कि बच्चों को तुलनात्मक रूप में स्कूलों में ही बनाया जाने वाला भोजन अच्छा लगा.
कुल मिलाकर स्कूलों की बाल संसद ने पुरानी व्यवस्था को बेहतर बताया. बच्चों ने इस आशय की बातें लिखित तौर पर दी थीं. इसी रिपोर्ट पर एनजीओ से भोजन बनाने व बांटने की जिम्मेदारी छीन ली गयी.
एनजीओ के भोजन वितरण में कुछ इस तरह हुई परेशानी
सेंट्रलाइज किचिन दुरुस्त नहीं थी. लगातार कुछ न कुछ खराबी आ जाती थी. शुक्रवार को तो सिपारा की किचिन का वायलर ही नहीं चला. इससे दो सौ से अधिक स्कूलों में भोजन नहीं बंट सका. स्कूलों में समय पर भोजन नहीं पहुंचाया जा सका. भोजन का टेस्ट पुरानी व्यवस्था में दिये जाने वाले भोजन से अच्छा नहीं था.
एनजीओ को नोटिस, तीन दिनों में जवाब नहीं, तो इकरारनामा खारिज
मध्याह्न भोजन योजना के निदेशक विनोद कुमार सिंह ने शनिवार को ही स्वयं सेवी संस्था जन चेतना जागृति एवं शैक्षणिक विकास मंच को नोटिस जारी किया है. नोटिस के साथ डीइओ की तरफ से की गयी जांच रिपोर्ट एवं समाचार पत्रों की रिपोर्ट भी भेजी गयी हैं.
इसके आधार पर एनजीओ को जारी नोटिस में जवाब देने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है. साथ ही चेतावनी दी गयी है कि वे इस मामले में अपना पक्ष रखें. नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि क्यों न मध्याह्न भोजन के संबंध में किया गया एकरारनामा रद्द कर दिया जाये.
खिचड़ी तो ठीक है, चोखा टेस्टी नहीं है बच्चों से लिखित में मांगी राय
पटना : ‘खिचड़ी तो ठीक है, लेकिन चोखा टेस्टी नहीं है. चोखा में आलू बड़े-बड़े हैं. खैर इसमें सुधार करवाया जायेगा.’ यह प्रतिक्रिया अदालत गंज स्थित बालिका मध्य विद्यालय में जिला शिक्षा पदाधिकारी ज्योति कुमार ने दी. उनकी यह प्रतिक्रिया एनजीओ की तरफ से मिडडे मील में आये हर खाद्य पदार्थ को चख कर दी गयी.
इस दौरान उन्होंने बच्चों से मिडडे मील के संबंध में खुलकर बातचीत की. छह दिनों में तीन दिन खाना नहीं पहुंचा सके एनजीओ की वैन अदालत गंज स्थित विद्यालय में एकदम समय पर पहुंची. उसके पीछे ही जिला शिक्षा पदाधिकारी भी वहां पहुंच गये. खाना गरम था, लेकिन बच्चों ने उन्हें बताया कि जैसा पहले खाना बनता था, वैसा खाना नहीं है.
पहले रसोई में छौंक लगता था. बच्चों ने बताया कि बिना छौंक लगाये चोखा भेज दिया जाता है. ज्योति कुमार ने स्कूल की बाल संसद के प्रतिनिधि बच्चों से कहा कि उन्हें मध्याह्न भोजन के संबंध में जो भी कुछ लग रहा है, लिखकर दें. इस पर बच्चों ने लिखित रूप में अपनी राय दी.
शिक्षकों से भी जानकारी ली
इस बीच डीइओ ने प्रधानाचार्य से लेकर सभी शिक्षकों से भी इस संबंध में जानकारी चाही. उन्होंने टीचर्स से पूछा कि अगर आप लोगों को नमक-मिर्च दे दिया जाये, तो यहां चोखा फ्राइ किया जा सकता है? प्रधानाचार्य शारदा कुमारी ने कहा कि सर, इसमें बहुत कुछ लगता है.
इस तरह का संवाद उन्होंने करीब आधा दर्जन से अधिक स्कूलों में बच्चों और शिक्षकों के साथ किया. वे अदालत गंज स्कूलों के अलावा मिलर स्कूल, गोलघर इलाके के स्कूलों में पहुंचे थे. इससे पहले शुक्रवार को मिडडे मील के डिप्टी डायरेक्टर ने भी स्कूलों में अहम जानकारियां जुटायी थीं.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन