वार्ड का चयन करने में प्राथमिकता का निर्धारण सर्वप्रथम वार्डों की अनुसूचित जाति व जनजाति की संख्या की बहुलता के आधार पर जनसंख्या के घटते क्रमानुसार किया जायेगा.
मधेपुरा : मुख्यमंत्री नाली-गली पक्कीकरण निश्चय योजना सहित अन्य योजनाओं के तहत ग्राम पंचायत में अब विकास की योजनाओं की रूपरेखा अब वार्ड में तय होगी. वार्ड में सभा होगी जहां वार्ड की समस्याओं को सामने रख कर योजनाएं बनायी जायेगी. यहां से योजनाओं को अनुमोदित कर ग्राम पंचायत भेजा जायेगा.
ग्राम सभा में योजनाओं को पारित किया जायेगा तथा राशि की उपलब्धता के अनुरूप प्रथम वर्ष 20 प्रतिशत, द्वितीय वर्ष के लिये 30 प्रतिशत व तृतीय वर्ष के लिये 30 प्रतिशत एवं चतुर्थ वर्ग के लिये 20 प्रतिशत वार्ड को योजना के क्रियान्वयन के लिये चयनित किया जायेगा. वार्ड का चयन करने में प्राथमिकता का निर्धारण सर्वप्रथम वार्डों की अनुसूचित जाति व जनजाति की संख्या की बहुलता के आधार पर जनसंख्या के घटते क्रमानुसार किया जायेगा. अवशेष वार्ड के चयन की प्राथमिकता का आधार वार्डों की कुल संख्या के घटते क्रमानुसार किया जायेगा. ग्रामीण गली-नाली पक्कीकरण निश्चय योजनाओं की अवधि सामान्यत: आठ माह होगी.
11 तक होना था गठन. इसके क्रियान्वयन के लिये कार्यान्वयन सचिव पंचायती राज पदाधिकारी बिहार पटना की ओर से दिशा निर्देश भी जारी किये गये हैं. इसके अनुसार 11 नवंबर तक वार्ड विकास समिति के लिये वार्ड सभा द्वारा पांच व्यक्तियों का चयन कर लिया जाना था.
वार्ड सभा द्वारा योजना का चयन करना, वार्ड समिति द्वारा वार्ड समिति द्वारा पारित योजना पर विमर्श कर अभिलेख संधारित करना, वार्ड विकास समिति द्वारा अभिलेख संधारण कर मनरेगा के सहायक अभियंता या कनीय अभियंता से स्वीकृति प्राप्त करना, तकनीकी पदाधिकारियों द्वारा तकनीकी स्वीकृति के साथ प्राक्कलन प्रस्तुत करना, वार्ड विकास समिति के द्वारा तकनीकी स्वीकृति के साथ प्राक्कलन प्रस्तुत करना, वार्ड विकास समिति के द्वारा योजना अभिलेख को ग्राम सभा में अनुमोदन हेतु भेजा जाना, ग्राम पंचायत द्वारा प्रशासनिक स्वीकृति निर्धारित प्रपत्र में स्वीकृत्यादेश देना, कार्यादेश की तिथि निर्धारित करना, कार्य प्रारंभ करने एवं कार्य समाप्त करने की संभावित तिथि निर्धारित करना एवं सूचना पट पर वार्ड सदस्य एवं मुखिया का मोबाइल नंबर निश्चित रूप से अंकित करना है.
