ePaper

बिहार के मोतीहारी में दो भाई-बहन समेत तीन बच्चे डूबे, बूढ़ी गंडक में नहाने के दौरान हुआ हादसा

Updated at : 13 May 2025 9:35 AM (IST)
विज्ञापन
east champaran news| Three children drowned while bathing in Budhi Gandak in East Champaran, Bihar, chaos ensued in the village

मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़

Bihar News: पूर्वी चंपारण के मधुबन थाना क्षेत्र के नन्हकार गांव में सोमवार शाम एक दर्दनाक हादसे में तीन मासूम बच्चे बूढ़ी गंडक नदी में डूब गए. गर्मी से राहत पाने के लिए नहाने गए ये बच्चे अचानक गहरे पानी में चले गए और लापता हो गए. घटना के बाद गांव में कोहराम मच गया है और बच्चों की तलाश के लिए गोताखोरों और स्थानीय प्रशासन की मदद ली जा रही है.

विज्ञापन

Bihar News: बिहार के मोतीहारी जिले के मधुबन थाना क्षेत्र अंतर्गत रूपनी पंचायत के नन्हकार गांव में सोमवार शाम को दर्दनाक हादसा हो गया. गर्मी से राहत पाने के लिए नदी में नहाने गए तीन मासूम बच्चे बूढ़ी गंडक नदी के गहरे पानी में डूब गए. घटना शाम करीब 5:30 बजे की है, जब गांव के अन्य बच्चों के साथ यह तीनों बच्चे घर के पास स्थित नदी में स्नान करने गए थे.

मस्ती में नहाते-नहाते अचानक गहरे पानी में चले गए बच्चे

डूबने वाले बच्चों की पहचान अंकुश राम के 6 वर्षीय बेटे चमचम कुमार, 9 वर्षीय बेटी अंजली कुमारी, और सुरेश राम की 10 वर्षीय बेटी राजनंदनी कुमारी के रूप में हुई है. तीनों बच्चे मस्ती में नहाते-नहाते अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे. साथ मौजूद अन्य बच्चे डर के मारे भाग गए और गांव पहुंचकर घरवालों को घटना की सूचना दी.

गांव में मचा हड़कंप

घटना की जानकारी मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया. परिजन रोते-बिलखते नदी किनारे पहुंचे. ग्रामीणों ने बिना देर किए स्थानीय गोताखोरों की मदद से बच्चों की तलाश शुरू कर दी. साथ ही पुलिस और अंचलाधिकारी को भी घटना की सूचना दी गई.

शाम से लेकर देर रात तक बच्चों की खोजबीन जारी रही, लेकिन समाचार लिखे जाने तक किसी भी बच्चे का पता नहीं चल सका था. प्रशासन की ओर से सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है। मौके पर पुलिस के साथ-साथ कई स्थानीय लोग मौजूद रहे.

परिजनों का रो-रोकर हुआ बुरा हाल

मिली जानकारी के अनुसार, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है और लोग गमगीन माहौल में बच्चों की सलामती की दुआ कर रहे हैं. गांव में इस घटना को लेकर शोक और चिंता का माहौल है. स्थानीय प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि बच्चों की तलाश जारी है और जल्द से जल्द उन्हें ढूंढ़कर परिजनों को सौंपा जाएगा. साथ ही आपदा राहत से संबंधित प्रावधानों के तहत परिजनों को सहायता देने की बात कही गई है.

Also Read: Success Story: लोग कहते थे ‘देखो छक्का जा रहा है’, आज कह रहे हैं सैल्यूट मैडम…पढ़िए ट्रांसजेंडर दिव्या ओझा की कहानी

विज्ञापन
Abhinandan Pandey

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन