ePaper

बाल संरक्षण इकाई में रह रहे बच्चे की मौत,सेरेब्रल पाल्सी नामक बीमारी से था ग्रसित

Updated at : 11 Jan 2026 3:45 PM (IST)
विज्ञापन
बाल संरक्षण इकाई में रह रहे बच्चे की मौत,सेरेब्रल पाल्सी नामक बीमारी से था ग्रसित

AURANGABAD NEWS.बाल संरक्षण इकाई से रविवार को एक दुखद खबर सामने आयी है. जहां बभंडीह स्थित बाल आश्रय गृह में रह रहे 11 वर्षीय बच्चे की इलाज के दौरान मौत हो गयी. पता चला कि वह लंबे समय से सेरेब्रल पाल्सी नामक बीमारी से ग्रसित था.

विज्ञापन

अस्पताल में इलाज के दौरान गयी जान, गया के फल्गु नदी के समीप छह वर्ष पहले मिला था बच्चाफोटो नंबर-9-सदर अस्पताल में लगी भीड़

प्रतिनिधि, औरंगाबाद ग्रामीण.

बाल संरक्षण इकाई से रविवार को एक दुखद खबर सामने आयी है. जहां बभंडीह स्थित बाल आश्रय गृह में रह रहे 11 वर्षीय बच्चे की इलाज के दौरान मौत हो गयी. पता चला कि वह लंबे समय से सेरेब्रल पाल्सी नामक बीमारी से ग्रसित था. बीते छह वर्षों से पूरी तरह बेड रिडेन अवस्था में था. जानकारी के अनुसार, उक्त बच्चा शारीरिक और मानसिक विकास में अत्यधिक विलंब (डेवलपमेंटल डिले) से पीड़ित था. बीमारी की गंभीरता के कारण वह सामान्य बच्चों की तरह चलने-फिरने या बोलने में सक्षम नहीं था. उसे केवल तरल और मैश किया हुआ भोजन (मेस्ट फूड) ही दिया जाता था. उसकी देखभाल विशेष सतर्कता के साथ की जाती थी और महीने में दो बार उच्च चिकित्सा सुविधा के लिए उसे हायर सेंटर ले जाया जाता था, जहां न्यूरो फिजिशियन द्वारा उसका नियमित इलाज चल रहा था.

छह वर्ष पहले बच्चा गया जिले में फल्गु नदी के किनारे मिला था

बाल संरक्षण इकाई के डॉक्टर सन्नी सिंह ने बताया कि करीब छह वर्ष पूर्व यह बच्चा गया जिले में फल्गु नदी किनारे मिला था. स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना तत्काल चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (सीडब्ल्यूसी) को दी थी. सूचना मिलने के बाद सीडब्ल्यूसी की पहल पर बच्चे को गया के बाल आश्रय गृह में आवासित कराया गया. उस समय उसकी स्थिति अत्यंत नाजुक थी और वह पहले से ही गंभीर बीमारी से जूझ रहा था. करीब साढ़े पांच वर्षों तक यह बच्चा गया के बाल संरक्षण गृह में ही रहा, जहां उसकी चिकित्सा और देखभाल की व्यवस्था की जाती रही. इसके बाद जब औरंगाबाद जिले के बभंडीह में बाल आश्रय गृह का शुभारंभ हुआ, तब उसे गया से स्थानांतरित कर औरंगाबाद लाया गया था. इधर, एडीएसएस महेशानंद ऋषि ने बताया कि जब से उसे बाल आश्रय गृह में लाया गया था, उसकी तबीयत खराब रहती है. उसका इलाज कराया गया,लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
SUJIT KUMAR

लेखक के बारे में

By SUJIT KUMAR

SUJIT KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन