Lohri 2026 Date: लोहड़ी की परंपराएं, कथा और क्यों नवविवाहितों के लिए खास है यह पर्व

Published by : Shaurya Punj Updated At : 08 Jan 2026 2:32 PM

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लोहड़ी 2026: खास है नवविवाहित के लिए

Lohri 2026: लोहड़ी सर्दियों के अंत और माघ मास की शुरुआत में उल्लास का पर्व है. इस दिन अग्नि पूजा, तिल-गुड़ अर्पित करना, भांगड़ा-गिद्दा और लोकगीतों से खुशी का माहौल बनता है. ये दिन नवविवाहित महिलाओं के लिए खास होता है.

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Lohri 2026: पंजाब और हरियाणा में विशेष उत्साह के साथ मनाया जाने वाला लोहड़ी पर्व पौष मास के समापन और माघ मास की शुरुआत का प्रतीक है। यह त्योहार सर्दियों के अंत, मौसम परिवर्तन और कृषि से जुड़े विश्वासों से जुड़ा है, जिसमें अग्नि और सूर्य देव की पूजा का विशेष महत्व माना जाता है।

Lohri 2026 Traditions: लोहड़ी की तैयारियां और पारंपरिक रिवाज

लोहड़ी की तैयारियां सुबह से ही शुरू हो जाती हैं. लोग अपने घरों के सामने साफ-सफाई करते हैं और लकड़ियां, उपले तथा सूखी टहनियां इकट्ठा करते हैं. सूर्यास्त के बाद विधिवत अग्नि देव की पूजा की जाती है और लोहड़ी प्रज्ज्वलित की जाती है. आग में तिल, गुड़, रेवड़ी, गजक, मूंगफली आदि अर्पित कर ठंड की विदाई और आने वाली फसल के अच्छे होने की प्रार्थना की जाती है.

लोग अग्नि के चारों ओर फेरे लेते हैं और ढोल की थाप पर भांगड़ा और गिद्दा की धूम मचती है. कई स्थानों पर सामूहिक भोज का आयोजन भी किया जाता है. इस दिन नवविवाहित महिलाओं और नवप्रसूता के घरों में लोहड़ी विशेष उत्सव के रूप में मनाई जाती है.

Lohri 2026 Date: लोहड़ी कब है और मकर संक्रांति से क्या संबंध

लोहड़ी का पर्व हर वर्ष मकर संक्रांति से एक दिन पहले मनाया जाता है. वर्ष 2026 में लोहड़ी 13 जनवरी 2026 को पूरे उत्साह और उल्लास के साथ मनाई जाएगी.

Dulla Bhatti Story: लोहड़ी की लोककथा और इसका ऐतिहासिक महत्व

लोहड़ी के पर्व पर दुल्ला भट्टी की कहानी सुनने और गाने की परंपरा है. दुल्ला भट्टी मुगल सम्राट अकबर के शासनकाल में पंजाब के एक प्रसिद्ध लोकनायक थे. उन्होंने मध्य एशिया के गुलाम बाजारों में बेचे जाने से कई हिंदू लड़कियों को बचाया. कहा जाता है कि उन्होंने सुंदरी और मुंदरी नामक दो लड़कियों की रक्षा की, जो बाद में पंजाब की लोककथाओं का हिस्सा बन गईं.

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Lohri Songs Significance: लोकगीतों में क्यों गाया जाता है दुल्ला भट्टी

लोहड़ी के अवसर पर बच्चे पारंपरिक लोक गीत गाते हुए घर-घर जाते हैं, जिनमें दुल्ला भट्टी का नाम प्रमुख होता है. एक व्यक्ति गीत गाता है और बाकी लोग हर पंक्ति के अंत में “हो!” कहते हैं. गीत समाप्त होने पर घर के बड़े लोग बच्चों को नाश्ता और पैसे देते हैं, जो इस पर्व की खास परंपरा मानी जाती है.

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Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

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