Twitter Files क्या है? इसमें ऐसा क्या है, जिससे ट्विटर के कामकाज के तरीके पर उठ गए सवाल?

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ट्विटर के काम करने के तरीकों को लेकर इन ट्वीट्स में कई महत्वपूर्ण खुलासे किये गए और एलन मस्क ने इन्हें ‘ट्विटर फाइल्स’ नाम दिया. इसमें सबसे अहम बात सामने आयी कि ट्विटर के कर्मचारियों की टीम ब्लैक लिस्ट तैयार करती थी.

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What Is Twitter Files

ट्विटर (Twitter) के नये मालिक एलन मस्क (Elon Musk) ने माइक्रोब्लॉगिंग साइट के अधिग्रहण के बाद यह बताने के लिए कि ट्विटर पहले किस तरह पक्षपातपूर्ण तरीके से काम करता था, पिछले दिनों एक सीरीज में कई सारे ट्वीट्स किये. इस काम में मैट टाइबी और बारी वीज जैसे स्वतंत्र पत्रकारों ने भी कई जानकारियां शेयर कीं. इसे ‘ट्विटर फाइल्स’ (Twitter Files) नाम दिया गया.

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यूजर्स के साथ धोखा?

ट्विटर के काम करने के तरीकों को लेकर इन ट्वीट्स में कई महत्वपूर्ण खुलासे किये गए और एलन मस्क ने इन्हें ‘ट्विटर फाइल्स’ नाम दिया. इसमें सबसे अहम बात सामने आयी कि ट्विटर के कर्मचारियों की टीम ब्लैक लिस्ट तैयार करती थी. जो ट्वीट्स उन्हें नापसंद होते, उन्हें ट्रेंड होने से रोकती थी. खास बात यह है कि ये सभी काम यूजर्स को बताये बिना गोपनीय तरीके से किये जाते थे. कंपनी इसे ‘विजिबिलिटी फिल्टरिंग’ कहती थी.

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‘ट्विटर फाइल्स’ में क्या मिला?

ट्विटर के नये मालिक ने 2 दिसंबर की शाम को आंतरिक ‘ट्विटर फाइल्स’ जारी करते हुए बताया कि कंपनी ने 2020 के अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के दौरान ‘टीम जो बाइडेन’ (Joe Biden) के एक अनुरोध का जवाब दिया. मस्क ने स्वतंत्र पत्रकार और लेखक मैट टाइबी के अकाउंट का लिंक ट्वीट किया, जिन्होंने हंटर बाइडेन की लैपटॉप स्टोरी के सेंसरशिप के फैसले की कहानी का खुलासा करते हुए ट्वीट्स की एक सीरिज पोस्ट की. मैटबी ने दावा किया कि इस सामग्री को सेंसर करने का फैसला ट्विटर के उच्च अधिकारियों ने किया था. इसमें कंपनी की पूर्व कानूनी मामलों की प्रमुख विजया गड्डे की भी बड़ी भूमिका थी.

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‘ट्विटर फाइल्स’ का दूसरा और तीसरा पार्ट

‘ट्विटर फाइल्स 2.0’ में बताया गया कि ट्विटर के अधिकारी मुख्यधारा और दक्षिणपंथी विचारधारा से जुड़े लोगों के ट्विटर अकाउंट और ट्वीट्स को सेंसर कर देते थे. इन सारी गतिविधियों को सारे नियमों के परे अंजाम दिया जाता था. ‘ट्विटर फाइल्स 3.0’ में बताया गया कि अमेरिकी जांच एजेंसी एफबीआई और जो बाइडेन की डेमोक्रेटिक पार्टी के बड़े नेताओं के आदेश पर ट्विटर के अधिकारियों ने नियमों काे ताक पर रखते हुए डोनाल्ड ट्रंप का ट्विटर हैंडल किस तरह सस्पेंड कर दिया था.

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ट्विटर ने कैसे उड़ायी अपने ही नियमों की धज्जियां

ट्विटर के पिछले प्रबंधन द्वारा राजनीतिक विचारधारा के आधार पर लोगों को सेंसर करने के तरीके के पोल खोल की चौथी किस्त, यानी ‘ट्विटर फाइल्स 4.0’ भी जारी की गई. 10 दिसंबर को शीर्ष ट्विटर अधिकारियों के बीच गोपनीय और विशेषाधिकार प्राप्त आंतरिक बातचीत की चौथी सीरीज लेखक माइकल शेलेनबर्गर (Michael Shellenberger) ने ट्विटर पर थ्रेड के माध्यम से जारी की. इसमें उन्होंने बताया कि अमेरिका कैपिटल हिल दंगों (US Capital Hill Riots) के बाद ट्विटर ट्रस्ट एंड सेफ्टी के पूर्व ग्लोबल हेड योएल रोथ ने पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सेंसर करने का फैसला किया था. इसके अलावा यह भी बताया गया कि रोथ ने ट्विटर के अन्य जूनियर कर्मचारियों के सुझावों की पूरी तरह से अनदेखा करते हुए ट्विटर के नियमों में बदलाव कर दिये थे.

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