ePaper

Delhi Excise Policy Case: ईडी के रडार में केजरीवाल के एक और मंत्री, कैलाश गहलोत से घंटों पूछताछ

Updated at : 02 Apr 2024 10:22 PM (IST)
विज्ञापन
Kailash Gahlot

Kailash Gahlot

Delhi Excise Policy Case: दिल्ली शराब घोटाला मामले में ईडी की कार्रवाई लगातार जारी है. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के बाद ईडी के रडार में दिल्ली के एक और मंत्री आ गए हैं. परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत से ईडी ने शनिवार को करीब पांच घंटे तक पूछताछ की है.

विज्ञापन

Delhi Excise Policy Case: ईडी की पूछताछ के बाद दिल्ली के मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा, मुझसे जो भी सवाल पूछे गए, मैंने उन सभी का जवाब दिया. मुझे सिविल लाइंस में सरकारी बंगला आवंटित किया गया था. लेकिन मैं हमेशा वसंत कुंज में अपने निजी आवास में रहा हूं क्योंकि मेरी पत्नी और बच्चे वहां से जाना नहीं चाहते थे. विजय नायर मुझे आवंटित बंगले में रह रहे थे. कोई जिरह नहीं की गई. दूसरे समन पर मैं उपस्थित हुआ. पहला समन एक महीने पहले विधानसभा कार्यवाही के दौरान जारी किया गया था. मैंने कुछ समय मांगा था. मैं कभी भी गोवा चुनाव अभियान का हिस्सा नहीं रहा हूं और जो कुछ हुआ उससे मैं अनजान हूं.

Delhi Excise Policy Case: कैलाश गहलोत से ईडी ने क्यों की पूछताछ

कैलाश गहलोत 2021-22 के लिए नई शराब नीति की तैयारी और कार्यान्वयन के लिए पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और पूर्व शहरी विकास मंत्री सत्येंद्र जैन के साथ मंत्रियों के समूह का हिस्सा थे. ईडी ने अपने आरोपपत्र में यह भी आरोप लगाया है कि गहलोत के पास एक ही सिम नंबर था लेकिन उनकी आईएमईआई (अंतरराष्ट्रीय मोबाइल उपकरण पहचान) तीन बार बदली गई. ईडी ने अपने आरोप पत्र में गहलोत के नाम का उल्लेख किया है और मामले में पहले गिरफ्तार किए गए आप संचार प्रभारी विजय नायर के संदर्भ में कहा है कि नायर गहलोत को आवंटित सरकारी बंगले में रहते थे. गहलोत दक्षिण पश्चिम दिल्ली के नजफगढ़ में रहते हैं.

100 करोड़ रुपये की रिश्वत मामले की जांच कर रही ईडी

ईडी ने आरोप लगाया है कि आबकारी नीति के तहत साउथ ग्रुप ने शराब कारोबार के लाइसेंस के एवज में आप और उसके नेताओं को 100 करोड़ रुपये की रिश्वत दी. ‘साउथ ग्रुप’ में भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की नेता के कविता शामिल थीं. यह मामला 2021-22 के लिए दिल्ली सरकार की आबकारी नीति को तैयार करने और क्रियान्वित करने में कथित भ्रष्टाचार और धन शोधन से जुड़ा है. दिल्ली सरकार की विवादित आबकारी नीति को बाद में रद्द कर दिया गया था.

दिल्ली के एलजी वी के सक्सेना ने सीबीआई जांच की सिफारिश की थी

दिल्ली के उपराज्यपाल वी के सक्सेना ने शराब नीति के निर्माण और कार्यान्वयन में कथित अनियमितताओं की सीबीआई जांच की सिफारिश की. इसके बाद ईडी ने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत मामला दर्ज किया. इस मामले में आप नेता मनीष सिसोदिया और संजय सिंह को ईडी ने पहले गिरफ्तार किया था और वे न्यायिक हिरासत में हैं. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को ईडी ने धनशोधन मामले में 21 मार्च को गिरफ्तार किया था और 1 अप्रैल तक हिरासत में हैं.

Also Read: I.N.D.I Alliance: सीएम केजरीवाल की गिरफ्तारी के खिलाफ निकलेगी रैली, राहुल-खरगे होंगे शामिल

विज्ञापन
ArbindKumar Mishra

लेखक के बारे में

By ArbindKumar Mishra

मुख्यधारा की पत्रकारिता में 14 वर्षों से ज्यादा का अनुभव. खेल जगत में मेरी रुचि है. वैसे, मैं राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खबरों पर काम करता हूं. झारखंड की संस्कृति में भी मेरी गहरी रुचि है. मैं पिछले 14 वर्षों से प्रभातखबर.कॉम के लिए काम कर रहा हूं. इस दौरान मुझे डिजिटल मीडिया में काम करने का काफी अनुभव प्राप्त हुआ है. फिलहाल मैं बतौर शिफ्ट इंचार्ज कार्यरत हूं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola