राजस्थान: कोटा के बाद अब बूंदी के सरकारी अस्पताल में महीने भर में गयी 10 मासूमों की जान
Updated at : 04 Jan 2020 10:36 AM (IST)
विज्ञापन

बूंदीः राजस्थान के कोटा स्थित जे के लोन अस्पताल पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है. सरकार संचालित इस अस्पताल में दिसंबर में 100 से अधिक बच्चों की मौत हुई है. मौत के इतने बड़े आंकड़े के बाद इस अस्पताल पर सरकार की निगाहें तो गई हैं, लेकिन कोटा से ही सटे बूंदी […]
विज्ञापन
बूंदीः राजस्थान के कोटा स्थित जे के लोन अस्पताल पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है. सरकार संचालित इस अस्पताल में दिसंबर में 100 से अधिक बच्चों की मौत हुई है. मौत के इतने बड़े आंकड़े के बाद इस अस्पताल पर सरकार की निगाहें तो गई हैं, लेकिन कोटा से ही सटे बूंदी के सरकारी अस्पताल में अभी भी बच्चे काल के गाल में समा रहे हैं. यहां एक महीने में 10 बच्चों की मौत हो चुकी है.
Rajasthan: 10 infants die within month in hospital in Bundi
Read @ANI Story | https://t.co/ibzeRTCa2o pic.twitter.com/IeVc0seXWd
— ANI Digital (@ani_digital) January 4, 2020
बच्चों की मौत के आंकड़ों को अस्पताल प्रशासन छुपाए बैठा था. बूंदी के सरकारी अस्पताल में बच्चों की मौत का खुलासा तब हुआ जब अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने अस्पताल का दौरा किया. शुक्रवार को जब कलेक्टर अस्पताल पहुंचे और रजिस्टर चेक किया तो मौतों की संख्या देखकर वे हैरान हो गए. पता चला कि पिछले एक महीने में 10 बच्चों की मौत हो चुकी है.
ये सभी मौतें नियोनटल इंटेंसिव केयर यूनिट में हुई है. हालांकि डॉक्टरों ने दावा किया है कि वो सभी बच्चे कमजोर वर्ग के थे, इसलिए उनकी मौत हुई है. बूंदी जिला अस्पताल प्रभारी केसी मीणा ने बताया कि जिन नवजात बच्चों की मौत हुई है वो या तो कमजोर थे या किसी और कारण से उनकी मौत हुई है. यह एक सामान्य आंकड़ा है इसमें जिला अस्पताल की कोई लापरवाही नहीं है.
वहीं शनिवार को एम्स की टीम भी कोटा के जेके लोन अस्पताल का दौरा करने पहुंची. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के निर्देश पर 4 स्टेट और 6 विशेषज्ञ डॉक्टरों का दल अस्पताल का दौरा करने पहुंचा है.
स्वास्थ्य मंत्री के स्वागत में बिछाया गया हरे रंग का कालीन
सरकार संचालित कोटा स्थित एक अस्पताल ने शुक्रवार को राजस्थान के स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा के स्वागत में हरे रंग का कालीन बिछाया. इसी अस्पताल में दिसंबर में सौ अधिक बच्चों की मौत हुई है. भाजपा और अन्य द्वारा इसकी आलोचना किए जाने के बाद जेके लोन अस्पताल प्रशासन ने मंत्री के आगमन से कुछ देर पहले ही कालीन हटा दिया. अस्पताल में स्वागत संबंधी तैयारियों के बारे में पूछे जाने पर शर्मा ने कहा कि जब उन्हें कालीन के बारे में पता चला तो उन्होंने तुरंत अधिकारियों को ऐसी चीजें न करने का निर्देश दिया.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




