प्राइमरी से सेकेंडरी तक स्टूडेंट ड्रॉपआउट रेट में आई गिरावट, जानिए मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन की पूरी रिपोर्ट

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स्कूल के स्टूडेंट्स की AI जनरेटेड फोटो

School Dropout Rate: मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन और समग्र शिक्षा मिशन की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार पिछले 12 वर्षों में स्कूल छोड़ने वाले छात्रों की संख्या में काफी कमी आई है. प्राइमरी लेवल पर ड्रॉपआउट रेट 4.67% से घटकर 0.3% और सेकेंडरी स्तर पर 14.54% से घटकर 9.5% हो गई है. जानिए रिपोर्ट के प्रमुख आंकड़े और इसका क्या मतलब है.

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School Dropout Rate: पिछले 12 वर्षों में स्कूली शिक्षा को मजबूत बनाने की दिशा में काफि अच्छा इंप्रूवमेंट देखने को मिला है. मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन और समग्र शिक्षा मिशन की ओर से एक रिपोर्ट जारी कर यह जानकारी दी गई है. यह रिपोर्ट X पर जारी किया गया है. रिपोर्ट के मुताबिक प्राइमरी और सेकेंडरी लेवल पर स्कूल छोड़ने वाले स्टूडेंट्स (Dropout Rate) की संख्या में लगातार कमी दर्ज की गई है. आइए इसके बारे में डिटेल में जानते हैं.

About Dropout Rate: क्या है यह ड्राॅपआउट रेट?

ड्रॉपआउट रेट का मतलब है, किसी एजुकेशन लेवल (जैसे प्राइमरी, सेकेंडरी या हायर सेकेंडरी) पर पढ़ाई बीच में छोड़ने वाले विद्यार्थियों का प्रतिशत. यानी ऐसे छात्र, जो अपना एजुकेशन पूरा किए बिना स्कूल छोड़ देते हैं या अगले लेवल की कक्षा में प्रवेश नहीं लेते हैं. उदाहरण के तौर पर अगर किसी स्कूल या कक्षा में 100 छात्र पढ़ रहे थे और उनमें से 5 छात्रों ने साल पूरा होने से पहले या अगले सेशन में दाखिला नहीं लिया, तो उस स्तर की ड्रॉपआउट रेट 5% होगी.

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Primary Level Dropout Rate: जानिए इसके बारे में

मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन और समग्र शिक्षा मिशन की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2013-14 में प्राइमरी लेवल पर ड्रॉपआउट दर 4.67% थी. वहीं वर्ष 2025-26 में यह घटकर केवल 0.3% रह गई है. इस आंकड़े के मुताबिक पिछले 12 वर्षों में प्राइमरी लेवल पर स्कूल छोड़ने वाले बच्चों की संख्या में काफी गिरावट दर्ज की गई है.

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Secondary Level Dropout Rate: जानिए कितनी आई गिरावट?

जारी रिपोर्ट के अनुसार सेकेंडरी लेवल यानी कक्षा 9वीं-10वीं के भी ड्रॉपआउट में अच्छा सुधार देखने को मिला है. वर्ष 2013-14 में यह दर 14.54% थी, जो 2025-26 में घटकर 9.5% रह गई है. हालांकि रिपोर्ट से यह साफ है कि सेकेंडरी लेवल पर अभी भी ड्रॉपआउट रेट प्राइमरी लेवल की तुलना में अधिक है.

Note: यहां नीचे टेबल दिया गया है.

एजुकेशन लेवल2013-142025-26
प्राइमरी (Primary)4.67%0.3%
सेकेंडरी (कक्षा 9वीं-10वीं)14.54%9.5%

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प्रगति सिन्हा

लेखक के बारे में

By प्रगति सिन्हा

मैं प्रगति सिन्हा पिछले लगभग 3 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ी हूं। मुझे मुख्य रूप से शिक्षा से जुड़ी खबरों और उसमे हो रहे बदलावों व अपग्रेडेशन को समझना एवं उसे लोगों तक पहुंचाना पसंद है। प्रभात खबर डिजिटल के माध्यम से मेरा प्रयास रहता है कि शिक्षा जगत में हो रहे महत्वपूर्ण घटनाक्रम, विद्यार्थियों से जुड़े मुद्दे और नई योजनाओं की जानकारी रीडर्स तक पहुंचा सकूं। मैं इससे पहले कोलकाता स्थित सन्मार्ग हिंदी डेली में एजुकेशन रिपोर्टर के तौर पर काम कर चुकी हूं.

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