BEd वाले PRT टीचर भर्ती से बाहर, जानें TGT PGT के लिए क्या है नियम

Published by : Ravi Mallick Updated At : 01 Nov 2025 2:44 PM

विज्ञापन

BEd Degree के स्टूडेंट्स की सांकेतिक फोटो (AI Generated)

BEd Degree Rules: अगर आप सोचते हैं कि बीएड करके सरकारी स्कूलों में आसानी से टीचर बन जाएंगे तो ठहरिए जनाब! सुप्रीम कोर्ट ने प्राइमरी स्कूल में शिक्षक भर्ती से बीएड वालों को बाहर कर दिया है. ऐसे में BEd डिग्री रखने वालों को छोटे बच्चों को पढ़ाने का मौका नहीं मिलेगा. वहीं, TGT और PGT टीचर भर्ती के नियम को करीब से जानते हैं.

विज्ञापन

BEd Degree Rules: टीचर बनने का सपना देखने वाले लाखों युवाओं को सुप्रीम कोर्ट के फैसले को ध्यान में रखना जरूरी है. सुप्रीम कोर्ट ने साफ कर दिया है कि बीएड वाले उम्मीदवार प्राथमिक शिक्षक (PRT) की भर्ती में शामिल नहीं हो सकेंगे. नई शिक्षा नीति (NEP 2020) को आधार पर ये बदलाव किए गए हैं. शिक्षक भर्ती के लिए BEd की जगह नया कोर्स आने वाला है. NCTE की तरफ से आईटीईपी के लिए नियम तैयार किए गए हैं.

BEd Degree की जगह नया कोर्स

नई शिक्षा नीति के तहत बीएड डिग्री की जगह अब एक इंटीग्रेटेड प्रोग्राम आने वाला है. ITEP यानी Integrated Teacher Education Programme एक नया कोर्स है जो चार साल का होता है. इसमें उम्मीदवारों को एक साथ ग्रेजुएशन और शिक्षक प्रशिक्षण दोनों की पढ़ाई कराई जाती है. ऐसे में जो छात्र इस कोर्स को पूरा करता है, वह सीधे प्राथमिक से लेकर माध्यमिक स्तर तक पढ़ाने के लिए योग्य बन जाता है.

ITEP कोर्स पूरा करने के बाद उम्मीदवार PRT, TGT और अन्य शिक्षकीय पदों के लिए योग्य बन जाता है. इस कोर्स का मकसद ऐसे शिक्षक तैयार करना है जो सिर्फ किताबों से नहीं, बल्कि बच्चों की सोच, व्यवहार और भावनाओं को समझकर पढ़ा सकें. इस प्रोग्राम को BEd Degree की जगह लाने की तैयारी है. कई टॉप यूनिवर्सिटी में ये कोर्स शुरू हो चुका है.

ITEP Course Details यहां चेक कर सकते हैं.

TGT और PGT के लिए क्या है नियम

TGT (Trained Graduate Teacher) और PGT (Post Graduate Teacher) की भर्ती के नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है. TGT के लिए उम्मीदवार के पास ग्रेजुएशन के साथ BEd की डिग्री होना जरूरी है, जबकि PGT के लिए मास्टर्स (Post Graduation) के साथ BEd की डिग्री अनिवार्य है. यानी BEd वालों (BEd Degree) के लिए अभी भी TGT और PGT के रास्ते खुले हैं, लेकिन PRT के दरवाजे बंद हो गए हैं.

यह भी पढ़ें: बिहार में सैनिक स्कूल में कितनी हैं सीटें, जानें कैसे होता है एडमिशन

ITEP के लिए कौन पात्र है?

जो विद्यार्थी 12वीं कक्षा किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से कम से कम 50% अंकों के साथ पास कर चुके हैं, वे ITEP कोर्स के लिए पात्र हैं. इसमें कला, विज्ञान और वाणिज्य – तीनों स्ट्रीम के छात्र आवेदन कर सकते हैं.

PTET कितने साल का कोर्स होता है?

PTET यानी Pre-Teacher Education Test एक परीक्षा है, कोर्स नहीं. यह परीक्षा B.Ed या ITEP जैसे शिक्षक प्रशिक्षण कोर्स में एडमिशन के लिए ली जाती है. B.Ed कोर्स आमतौर पर 2 साल का होता है, जबकि ITEP 4 साल का होता है.

ITEP कोर्स कितने साल का होता है?

ITEP कोर्स कुल चार साल का होता है. इसमें विद्यार्थियों को ग्रेजुएशन के साथ ही शिक्षक बनने की पूरी ट्रेनिंग दी जाती है, ताकि कोर्स पूरा होते ही वे PRT या TGT पद के लिए योग्य बन जाएं.

आईटीईपी कोर्स की फीस कितनी है?

ITEP कोर्स की फीस विश्वविद्यालय पर निर्भर करती है. सरकारी कॉलेजों में यह फीस लगभग 25,000 से 50,000 प्रति वर्ष तक होती है, जबकि निजी विश्वविद्यालयों में यह 80,000 से 1.5 लाख रुपये प्रति वर्ष तक हो सकती है.

ITEP के क्या फायदे हैं?

आईटीईपी कोर्स का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें छात्र एक साथ स्नातक और शिक्षक प्रशिक्षण दोनों की पढ़ाई कर लेते हैं. यह कोर्स समय और खर्च दोनों बचाता है. साथ ही इसमें छात्रों को आधुनिक शिक्षा तकनीक, वैल्यू एजुकेशन और बाल मनोविज्ञान की गहराई से ट्रेनिंग दी जाती है.

विज्ञापन
Ravi Mallick

लेखक के बारे में

By Ravi Mallick

रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola