मुंगेर में जहां हर मनोकामना पूरी होने की मान्यता, मंगलवार को उमड़ती है भक्तों की भारी भीड़
Published by : Pratyush Prashant Updated At : 19 May 2026 8:20 AM
बड़ा महावीर मंदिर
Aaj Ka Darshan: मुंगेर शहर का बड़ा महावीर मंदिर सिर्फ एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि लोगों की गहरी आस्था और विश्वास का केंद्र बन चुका है. मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है.
Aaj Ka Darshan: मुंगेर से रिपोर्ट — बिहार के ऐतिहासिक शहर मुंगेर में स्थित टाउन हॉल का बड़ा महावीर मंदिर श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का प्रतीक माना जाता है. देवों के देव महादेव के अवतार कहे जाने वाले पवनपुत्र हनुमान को समर्पित इस मंदिर में प्रतिदिन सैकड़ों श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं. खासकर मंगलवार के दिन यहां भक्ति और श्रद्धा का अनोखा संगम देखने को मिलता है.
शहर की आस्था का सबसे बड़ा केंद्र
मुंगेर शहर के बीचोंबीच स्थित बड़ा महावीर मंदिर वर्षों से लोगों की धार्मिक भावनाओं से जुड़ा हुआ है. मंदिर परिसर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू हो जाती है. कोई सुख-शांति की कामना लेकर पहुंचता है तो कोई अपने परिवार की खुशहाली के लिए हनुमान जी के चरणों में माथा टेकता है. स्थानीय लोगों के बीच इस मंदिर का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है.
विसर्जन यात्रा में दिखता है अनोखा दृश्य
इस मंदिर की सबसे खास बात यह है कि शहर में किसी भी देवी-देवता की प्रतिमा जब सोझी घाट स्थित गंगा तट पर विसर्जन के लिए ले जाई जाती है, तो विसर्जन शोभायात्रा बड़ा महावीर मंदिर के सामने जरूर रुकती है. यहां प्रतिमाओं की आरती की जाती है और श्रद्धालु भक्ति में डूब जाते हैं. यह दृश्य धार्मिक सौहार्द और आस्था की अद्भुत तस्वीर पेश करता है.
दूर-दराज से पहुंचते हैं श्रद्धालु
बड़ा महावीर मंदिर को लेकर लोगों के बीच गहरी मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर इच्छा भगवान जरूर पूरी करते हैं. यही कारण है कि मुंगेर ही नहीं, आसपास के जिलों से भी लोग यहां अपनी मनोकामना लेकर पहुंचते हैं. विवाह, गृह प्रवेश और अन्य शुभ कार्यों से पहले भी लोग मंदिर आकर हनुमान जी का आशीर्वाद लेते हैं.
मंगलवार को लगता है भक्तों का मेला
मंगलवार के दिन मंदिर का माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो जाता है. सुबह से लेकर देर शाम तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहती हैं. हनुमान चालीसा और जयकारों से पूरा मंदिर परिसर गूंज उठता है. मंदिर में प्रसाद वितरण और विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन भी किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं.
Also Read: बिहार में वीडियो कॉल से होगी आंगनबाड़ी केंद्रों की निगरानी, पूरे बिहार में लागू होगी नई व्यवस्था
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Pratyush Prashant
महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










