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बिहार शिक्षक बहाली: आसान नहीं होगी कई विषयों में नियुक्ति, रिक्त पदों से पांच गुना ज्यादा होंगे STET अभ्यर्थी

Updated at : 01 Jun 2023 1:45 AM (IST)
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बिहार शिक्षक बहाली: आसान नहीं होगी कई विषयों में नियुक्ति, रिक्त पदों से पांच गुना ज्यादा होंगे STET अभ्यर्थी

बिहार शिक्षक नियुक्ति का विज्ञापन जारी हो चुका है. इसके लिए 15 जून से बिहार लोक सेवा आयोग की वेबसाईट पर आवेदन शुरू होगा. लेकिन कक्षा नौ से 12वीं तक में कुछ खास विषयों में विद्यालय अध्यापक बनना आसान नहीं होगा. क्योंकि पास STET उम्मीदवारों की घोषित संख्या रिक्तियों से कहीं ज्यादा है.

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बिहार के कक्षा नौ से 12वीं तक में कुछ खास विषयों में विद्यालय अध्यापक बनना आसान नहीं होगा. उदाहरण के लिए उच्च माध्यमिक स्कूलों में कंप्यूटर साइंस और माध्यमिक स्कूलों के लिए सामाजिक विज्ञान ऐसे विषय हैं, जहां पात्रता परीक्षा पास उम्मीदवारों की संख्या घोषित की गयी रिक्तियों की संख्या से काफी अधिक है. उदाहरण के लिए माध्यमिक स्कूलों में सामाजिक विज्ञान विषय में कुल रिक्तियों की संख्या 5425 है, जबकि 2011 और 2019 की एसटीइटी पास अभ्यर्थियों की संख्या 82692 है. इस विषय में एक पद के लिए 15-16 अभ्यर्थी लाइन में हो सकते हैं.

कई विषयों में होगी चुनौती

माध्यमिक कक्षाओं में सर्वाधिक कठिन चुनौती विज्ञान, गणित, हिंदी और उर्दू में भी होगी. विज्ञान में 5425 रिक्तियों के विरुद्ध चार गुना से अधिक 21198, गणित के इतनी ही पदों के लिए 20796, संस्कृत के 2839 पदों के लिए तीन गुना से अधिक 6180 एसटीइटी उम्मीदवार प्रतिस्पर्धा में उतर सकते हैं. हिंदी में 5486 पदों के लिए 10305 एसटीइटी उम्मीदवार परीक्षा देने के पात्र उम्मीदवार हो सकते हैं.

कंप्यूटर साइंस में शिक्षक बनना चुनौतीपूर्ण होगा

इसी तरह कक्षा 11 और 12 में केवल कंप्यूटर साइंस में शिक्षक बनना चुनौतीपूर्ण होगा. इसमें जोरदार प्रतिस्पर्धा होगी. इसमें एसटीइटी उत्तीर्ण उम्मीदवारों की संख्या 18142 है, जबकि रिक्तियां उसके आधे से भी कम 8395 है. दरअसल बिहार लोक सेवा आयोग की तरफ से विद्यालय अध्यापक पद बनने के लिए वर्ष 2011 और 2019 में एसटीइटी उत्तीर्ण सभी उम्मीदवारों (नियोजित शिक्षकों ) को पात्र मान लिया है. इसकी वजह से चुनौती बढ़ गयी है.

उच्च माध्यमिक में प्रतिस्पर्धा कम, लेकिन पद खाली रहने की आशंका अधिक

11 और 12 वीं कक्षाओं में मुख्य विषयों की रिक्तियों की तुलना में एसटीइटी पास उम्मीदवार ही कम होंगे. इसकी वजह से प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों को नौकरी मिलना आसान माना जा रहा है. उदाहरण के लिए वनस्पति विज्ञान में 2738 पदों की तुलना में केवल 1427, रसायन विज्ञान में 4799 रिक्तियों के विरुद्ध 1491, भौतिकी की 3022 पदों के विरुद्ध 822, समाज शास्त्र में 1434 रिक्तियों के विरुद्ध केवल 622 ही एसटीइटी उम्मीदवार हैं.

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विशेष तथ्य

  • प्लस टू स्कूलों में 90518 पदों के लिए 2011 और 2019 में एसटीइटी पास अभ्यर्थियों की कुल संख्या- 2.21 लाख

  • माध्यमिक में कुल रिक्तियां- 32916

  • 2011 और 2019 में एसटीइटी कुल पास – 161689

  • उच्च माध्यमिक में कुल रिक्तियां- 57602

  • 2011 और 2019 में एसटीइटी कुल उत्तीर्ण- 60148

  • माध्यमिक स्कूल में रिक्तियों की तुलना में करीब पांच गुना एसटीइटी पास हैं.

  • उच्च माध्यमिक स्कूल में रिक्तियों के करीब-करीब बराबर एसटीइटी पास हैं.

  • नोट- कुल एसटीइटी उत्तीर्ण अभ्यर्थियों में प्रशिक्षित शिक्षकों की संख्या भी शामिल हैं.

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