BJP नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने राहुल गांधी को बताया प्रजातंत्र का पीटा हुआ पराक्रमी, बोले- होंगे चारों खाने चित्त 

Updated:
विज्ञापन

भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी

BJP नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने राहुल गांधी की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ को बिहार का बंटाधार करने वाला बताते हुए उन पर जोरदार हमला बोला. नकवी ने उन्हें ‘प्रजातंत्र के पिटे हुए पराक्रमी’ करार दिया और कहा कि कांग्रेस जनादेश का अनादर कर रही है. साथ ही, उन्होंने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के संबोधन की प्रशंसा करते हुए इसे राष्ट्र निर्माण का मार्गदर्शक बताया.

विज्ञापन

BJP नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की बिहार में जारी ‘वोटर अधिकार यात्रा’ पर जोरदार हमला बोला है. नकवी ने इसे बेबुनियाद, बवंडर और बवाल करार देते हुए कहा कि राहुल गांधी का यह प्रयास बिहार का बंटाधार करने वाला है.  

आपके शहर में

विज्ञापन

चारों खाने चित होंगे राहुल गांधी: नकवी 

भाजपा नेता ने चेतावनी दी कि अगर राहुल गांधी ‘बहुदलीय बकवास बहादुरी’ दिखाकर तीर चलाने की कोशिश करेंगे, तो चारों खाने चित होंगे. भाजपा नेता ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस ने 6 दशकों तक देश पर शासन किया, 50 पर्सेन्ट वोट भी हासिल किए. इसके बावजूद कभी भी दूसरे दलों (विपक्षी) ने इसका विरोध नहीं किया कि आप इतने प्रतिशत वोट कैसे ले सकते हैं? सभी ने जनादेश का सम्मान किया, लेकिन अब कांग्रेस जनादेश का अनादर कर रही है. 

राहुल को बताया प्रजातंत्र के पिटे हुए पराक्रमी 

उन्होंने राहुल गांधी को प्रजातंत्र के पिटे हुए पराक्रमी करार देते हुए आरोप लगाया कि वे परिवार तंत्र के हित में प्रजातंत्र पर प्रहार कर रहे हैं, और ऐसा करने से उनका उद्धार नहीं होगा. उन्होंने यह भी कहा कि जीत में ग्लैमर होता है, लेकिन हार में ग्रेस होनी चाहिए, जिसका अभाव कांग्रेस में है.

Also read: वोटर अधिकार यात्रा में तेजस्वी यादव का बड़ा बयान, बोले- BJP राजतंत्र लाना चाहती है

भागवत के बयान पर क्या बोले नकवी

मुख्तार अब्बास नकवी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी समारोह में सरसंघचालक मोहन भागवत के संबोधन की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनका संबोधन देखने, सुनने और समझने लायक है. नकवी ने कहा कि भागवत ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों को सरल और सार्थक तरीके से प्रस्तुत किया, उनके संबोधन में राष्ट्र निर्माण, समावेशी समाज, सर्वधर्म समभाव और विविधता में एकता की सोच स्पष्ट झलकती है. वर्षों से संघ के खिलाफ दुष्प्रचार किया गया, लेकिन संघ इन नकारात्मक प्रचारों को दरकिनार करते हुए राष्ट्र निर्माण के लिए निरंतर आगे बढ़ता रहा. उन्होंने कहा कि मंदिर हो या मस्जिद, सभी धार्मिक स्थल श्रद्धा के केंद्र हैं, और वहां की रीतियों और व्यवस्था का सभी को सम्मान करना चाहिए. 

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन