अलीगढ़ से मंत्री संदीप सिंह को बेसिक शिक्षा, तो अनूप प्रधान वाल्मीकि को मिला राजस्व विभाग

अतरौली विधानसभा से भाजपा विधायक कल्याण सिंह के नाती संदीप सिंह को बेसिक शिक्षा दिया गया है, जबकि खैर से भाजपा विधायक अनूप प्रधान वाल्मीकि को राजस्व विभाग दिया गया है.
Aligarh News: योगी सरकार 2.0 में मंत्रियों को विभाग सौंप दिए गए हैं. अलीगढ़ जनपद से योगी सरकार में दो मंत्री बनाए गए है. पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के नाती संदीप सिंह को बेसिक शिक्षा और अनूप प्रधान वाल्मीकि को राजस्व विभाग दिया गया है.
अतरौली विधानसभा से भाजपा विधायक कल्याण सिंह के नाती संदीप सिंह को बेसिक शिक्षा दिया गया है, जबकि खैर से भाजपा विधायक अनूप प्रधान वाल्मीकि को राजस्व विभाग दिया गया है.
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कल्याण सिंह के नाती संदीप सिंह 2017 में अतरौली विधानसभा से पहली बार विधायक बने पहली बार में ही संदीप सिंह को योगी सरकार में राज्यमंत्री का पद मिला और बेसिक, माध्यमिक, उच्च, मेडिकल शिक्षा विभाग मिला. 2022 में संदीप सिंह दोबारा अतरौली विधानसभा से विधायक चुने गए और दोबारा योगी सरकार में राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बने. इस बार उन्हें केवल बेसिक शिक्षा विभाग दिया गया है.
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पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के नाती संदीप सिंह की राजनीति में एंट्री अचानक हुई. संदीप सिंह ने यूके की लीड्स बैकेट यूनिवर्सिटी से एमए किया. 2017 में संदीप सिंह पढ़ाई कर भारत वापस आए. उस समय कल्याण सिंह राजस्थान के राज्यपाल थे. संदीप सिंह अपने पिता राजवीर सिंह राजू भैया और कल्याण सिंह से राजनीति के गुर सीखने लगे. इसी दौरान 2017 का विधानसभा चुनाव आया. संदीप सिंह को भाजपा से अतरौली विधानसभा का टिकट मिला. संदीप सिंह चुनाव जीते और योगी सरकार में राज्य मंत्री बन गए.
अनूप प्रधान वाल्मीकि दूसरी बार खैर से विधायक चुने गए और पहली बार राज्यमंत्री बने. अनूप प्रधान को राजस्व विभाग आवंटित किया गया है. 2024 के लोकसभा चुनाव को देखते हुए वाल्मीकि समाज के जातिगत समीकरण को साधने के लिए अनूप प्रधान वाल्मीकि को योगी सरकार में राज्य मंत्री बनाया गया.
अलीगढ़ की गवाना तहसील के रकराना गांव के रहने वाले अनूप प्रधान वाल्मीकि के पास मात्र 9 बीघा जमीन थी, उसी से परिवार का गुजर-बसर करते थे. 2005 में अनूप प्रधान ने सियासत में कदम रखा. पिसावा से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा, पर हार गए. 2010 में धर्मपुर रकराना से प्रधान चुने गए. 2012 के विधानसभा चुनाव में भाजपा से खैर सीट पर हार गए. फिर वह अनुसूचित मोर्चा के जिलाध्यक्ष बने.
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अनूप प्रधान वाल्मीकि 2017 में फिर विधानसभा चुनाव लड़े और पहली बार विधायक चुने गए. भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य रहे. इस बार 2022 में अनूप ने बसपा की चारू कैन को हराया और विधायक बने. पहली बार योगी सरकार में राज्यमंत्री भी बन गए.
रिपोर्ट- चमन शर्मा, अलीगढ़
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By Prabhat Khabar News Desk
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