अमेरिका में ईरानी महिला गिरफ्तार: सूडान को ड्रोन और बम बेचने का आरोप, ऐसे हुआ खुलासा

Published by :Govind Jee
Published at :20 Apr 2026 1:26 PM (IST)
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USA Iranian Woman Arrested sudan drone deal

एआई द्वारा बनाई गई तस्वीर, जिसमें पुलिस महिला को पकड़ते हुए दिख रही है.

USA Iranian Woman Arrested: अमेरिका के लॉस एंजिल्स इंटरनेशनल एयरपोर्ट (LAX) से फेडरल अथॉरिटीज ने 44 साल की ईरानी महिला शमीम माफी को गिरफ्तार किया है. शमीम पर आरोप है कि वह ईरान सरकार के लिए हथियारों की तस्करी और ब्रोकर के तौर पर काम कर रही थी.

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USA Iranian Woman Arrested: फर्स्ट असिस्टेंट यूएस अटॉर्नी बिल एसेली के अनुसार, शमीम को शनिवार रात उस वक्त पकड़ा गया जब वह तुर्की जाने वाली फ्लाइट में सवार होने वाली थी. सोमवार दोपहर को उन्हें लॉस एंजिल्स की जिला अदालत में पेश किया जा सकता है.

हथियारों की बड़ी डील और करोड़ों का कॉन्ट्रैक्ट

शमीम माफी पर आरोप है कि उन्होंने ईरान में बने ड्रोन, बम, बम के फ्यूज और लाखों राउंड गोला-बारूद सूडान को बेचने में बिचौलिए की भूमिका निभाई. बिल एसेली ने बताया कि इन डील्स में ईरान के रक्षा मंत्रालय से ‘मोहाजेर-6’ (Mohajer-6) आर्म्ड ड्रोन खरीदने का 7 करोड़ डॉलर (लगभग 580 करोड़ रुपये से ज्यादा) का कॉन्ट्रैक्ट भी शामिल था. न्यूयॉर्क पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, इन ड्रोन्स के साथ 55,000 बम फ्यूज सूडान के रक्षा मंत्रालय को भेजे गए थे, जो 2023 से गृहयुद्ध का सामना कर रहा है.

खुफिया एजेंसी से कनेक्शन

शमीम के पास अमेरिका का ग्रीन कार्ड है और वह 2016 से वहां की परमानेंट निवासी हैं. लॉस एंजिल्स टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, शमीम 2013 में ईरान से इस्तांबुल गई थीं और बाद में लॉस एंजिल्स के वुडलैंड हिल्स में बस गईं. जांच में सामने आया है कि वह ओमान की एक शेल (फर्जी) कंपनी का इस्तेमाल करके ईरान सरकार और उसके गुर्गों के बीच हथियार और कैश पहुंचाती थीं. उन पर ईरान के खुफिया मंत्रालय (MOIS) के लिए काम करने का आरोप है.

पारिवारिक विवाद सुलझाने के लिए संपर्कों का इस्तेमाल

अदालती दस्तावेजों और आपराधिक शिकायत के अनुसार, शमीम ने अपने पिता की विरासत से जुड़े प्रॉपर्टी विवाद को सुलझाने और अपने बेटे को अनिवार्य सैन्य सेवा (Military Service) से बचाने के लिए सरकार में मौजूद अपने संपर्कों का इस्तेमाल किया था. फोन रिकॉर्ड से पता चला है कि वह दिसंबर 2022 से जून 2025 के बीच ईरान के खुफिया मंत्रालय के सीधे संपर्क में थीं. हालांकि, शमीम ने पूछताछ में दावा किया है कि उन्हें अमेरिका के अंदर किसी भी गतिविधि के लिए कभी कोई काम नहीं सौंपा गया.

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पकड़े जाने से बचने के लिए अपनाया यह तरीका

न्यूयॉर्क पोस्ट की खबर के मुताबिक, शमीम और उनकी कंपनी पर आरोप है कि उन्होंने पकड़े जाने से बचने के लिए तुर्की और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के रास्तों का इस्तेमाल किया. जुलाई 2024 में सूडान के एक हथियार ब्रोकर ने उनसे ‘मोहाजेर-6’ ड्रोन की सप्लाई के लिए वॉट्सऐप पर संपर्क किया था. रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि सूडान की सेना को बेचे गए कुछ हथियार चीन के रास्ते वहां पहुंचे थे. अगर शमीम दोषी पाई जाती हैं, तो उन्हें अधिकतम 20 साल की जेल हो सकती है.

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Govind Jee

लेखक के बारे में

By Govind Jee

गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.

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