US Strike on Venezuela: जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप शुक्रवार सुबह अपनी सेहत को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों को अपडेट दे रहे थे. पवन टर्बाइनों पर लंबी-चौड़ी बातें कर रहे थे, उसी समय वेनेजुएला के नेता निकोलस मादुरो के खिलाफ बड़े पैमाने पर अमेरिकी सैन्य अभियान अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका था. अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार “एब्सोल्यूट रिजॉल्व” नाम से चलाया गया यह ऑपरेशन महीनों से प्लान किया जा रहा था. ऑपरेशन शुरू होते ही यह 30 मिनट से भी कम समय में पूरा हो गया और कुछ ही घंटों में निकोलस मादुरो का शासन समाप्त हो गया.
मादुरो के घर का नमूना तैयार किया गया
हमले से पहले के दिनों में अमेरिकी सेना ने चुपचाप वेनेजुएला के तट के पास अपनी मौजूदगी बढ़ा ली थी, जबकि खुफिया एजेंसियां मादुरो की रोजमर्रा की दिनचर्या पर करीबी नजर रखे हुए थीं. न्यूज एजेंसी एपी के अनुसार, अधिकारी अलग-अलग समय में उनके ठहरने के स्थान और आदतों के बारे में जानकारी एकत्रित कर रहे थे. ट्रंप के अनुसार, अभ्यास के लिए मादुरो के आवास का नमूना तैयार किया गया. ट्रंप ने कहा कि उन्होंने असल में उसी घर जैसा एक घर बनाया, जिसमें वे रह रहे थे. हर चीज वही थी, चारों ओर वही स्टील लगा हुआ था.
यह भी पढ़ें : ट्रंप ने मादुरो की तस्वीर जारी की, कहा- वेनेजुएला में अमेरिका संभालेगा प्रशासन
ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिकी बलों द्वारा मादुरो और उनकी पत्नी को बाहर निकालने की कार्रवाई के दौरान वेनेजुएला के उस शहर की लगभग सारी लाइटें बंद कर दी गई थीं. ट्रंप ने फोन पर फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में कहा कि वह एक किले में था.
पहले प्लान बनाते हैं, ट्रेनिंग लेते हैं: डैन केन
जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन ने कहा कि तैयारियां बेहद व्यापक थीं. उन्होंने कहा कि हम सोचते हैं, प्लान बनाते हैं, ट्रेनिंग लेते हैं, अभ्यास करते हैं. इसके अलावा समीक्षा करते हैं और फिर बार-बार अभ्यास करते हैं. ऐसा इसलिए किया जाता है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ऑपरेशन में कोई गलती न हो.
रातोंरात ऑपरेशन शुरू किया गया
सीबीएस न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप ने रात करीब 10:46 बजे (ईटी) मिशन को मंजूरी दी, जिसके बाद रातोंरात ऑपरेशन शुरू किया गया. एसोसिएटेड प्रेस के मुताबिक, अमेरिकी बलों ने मौसम के ठीक होने का इंतजार किया और बादल पर्याप्त छंटने पर ही विमानों से फोर्स को एक्शन मोड में आने की अनुमति दी गई. डैन केन ने बताया कि पहचान से बचने के लिए हेलिकॉप्टर समुद्र की सतह के बेहद करीब उड़ाए गए, जबकि ऊपर से अमेरिकी विमान सुरक्षा दे रहे थे. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी बलों द्वारा वेनेजुएला की एयर डिफेंस सिस्टम को निष्क्रिय करने के बाद 150 से अधिक अमेरिकी विमान उसके हवाई क्षेत्र में दाखिल हुए.

