US New Year’s Eve Terrorist Attack thwarted by FBI: अमेरिकी न्याय विभाग ने शुक्रवार को कहा कि उसने हिंसक हमला करने की कथित ISIS-प्रेरित साजिश को नाकाम कर दिया है. FBI ने नॉर्थ कैरोलाइना के एक 18 वर्षीय युवक क्रिश्चियन स्टर्डिवेंट को गिरफ्तार किया है, जिससे बड़ी अनहोनी टल गई. एफबीआई का दावा है कि वह नए साल की पूर्व संध्या पर चाकू और हथौड़ों का इस्तेमाल कर हमला करने वाला था. अधिकारियों का कहना है कि उसने अपने हमले की योजनाएं एक अंडरकवर FBI कर्मचारी को बताईं, जो खुद को उसका समर्थन करने वाला भरोसेमंद व्यक्ति बताकर उससे संपर्क में था. 18 वर्षीय क्रिश्चियन पर एक विदेशी आतंकी संगठन को भौतिक सहायता देने की कोशिश का भी आरोप लगाया गया है.
एफबीआई के अनुसार, स्टर्डिवेंट के घर की तलाशी के दौरान “न्यू ईयर्स अटैक 2026” शीर्षक से हाथ से लिखा एक नोट बरामद हुआ. कथित तौर पर इस दस्तावेज में लगभग 20 लोगों को चाकू मारने और मौके पर पहुंचने वाले पुलिस अधिकारियों पर हमला करने की योजना का विवरण था. उसकी योजना नए साल की रात एक स्थानीय ग्रॉसरी स्टोर और बर्गर किंग फास्ट फूड रेस्तरां को निशाना बनाने की थी. दिलचस्प बात यह है कि वह इन जगहों पर काम भी करता था.
उसके बिस्तर के नीचे दो कसाई चाकू, दो हथौड़े, टैक्टिकल दस्ताने और एक वेस्ट छिपाकर रखी गई थी. उसके निशाने पर गैर-मुस्लिम, LGBTQ समुदाय के लोग, यहूदी और ईसाई शामिल थे. दिसंबर के दौरान उसने खुद को ISIS समर्थक बताने वाले कुछ लोगों से संपर्क किया था और उन्हें हथियारों की तस्वीरें भेजीं. इन संदेशों में उसने “जल्द जिहाद करने” की बात भी लिखी थी. FBI के स्पेशल एजेंट-इन-चार्ज जेम्स बार्नेकल ने कहा कि संदिग्ध हमले के दौरान मरने के लिए भी तैयार था. बार्नेकल ने कहा, “वह खुद को बलिदान करने को तैयार था.”
FBI के हलफनामे के अनुसार, स्टर्डिवेंट के नोट में “जितने ज्यादा नागरिकों को संभव हो, चाकू मारने” का लक्ष्य लिखा था. जांचकर्ताओं के मुताबिक, इस नोट में हिंसा को सीरिया में मुसलमानों पर हुए हमलों और हवाई हमलों के प्रतिशोध के रूप में पेश किया गया था. अमेरिकी अटॉर्नी (वेस्टर्न नॉर्थ कैरोलाइना) रस फर्ग्यूसन ने बताया कि इस आशंका के चलते कि संदिग्ध नए साल की पूर्व संध्या से पहले ही हमला कर सकता है, FBI ने कई दिनों तक यहां तक कि क्रिसमस के दिन भी उस पर लगातार निगरानी रखी.
स्टर्डिवेंट को बुधवार को संघीय एजेंटों ने गिरफ्तार किया. इसके बाद शुक्रवार सुबह उसे अदालत में पेश किया गया. इस मामले की अगली सुनवाई 7 जनवरी को निर्धारित है. मामले में दाखिल FBI के हलफनामे के अनुसार, स्टर्डिवेंट पिछले महीने जांच के दायरे में आया था, जब यह जानकारी मिली कि एक सोशल मीडिया अकाउंट पर इस्लामिक स्टेट (IS) के समर्थन में पोस्ट किए गए थे. इसे अधिकारियों ने स्टर्डिवेंट से जोड़ा. कोर्ट में पेश किए हलफनामे में कहा गया है कि इनमें एक बैलिस्टिक वेस्ट की तस्वीर शामिल थी और कुछ पोस्ट हिंसा को बढ़ावा देते हुए प्रतीत होते थे. इसके अलावा, उस अकाउंट का डिस्प्ले नाम इस्लामिक स्टेट के दिवंगत नेता अबू बक्र अल-बगदादी के नाम का संदर्भ देता था.
FBI के अनुसार, स्टर्डिवेंट ने ISIS के प्रति वफादारी जताई थी और खुद को इस्लामिक स्टेट का “सैनिक” बताता था. वह बीते करीब एक साल से इस हमले की तैयारी कर रहा था और इंटरनेट पर मौजूद कट्टरपंथी सामग्री से प्रभावित होकर पूरी तरह से रैडिकलाइज हो गया था. कोर्ट में पेश किए गए, हलफनामे में यह भी कहा गया है कि स्टर्डिवेंट ने सोशल मीडिया पर ऐसे व्यक्ति से बातचीत शुरू की, जिसे वह अपनी योजनाओं का समर्थक समझ रहा था, जबकि वास्तव में वह FBI का एक अंडरकवर कर्मचारी था.

FBI ने यह भी बताया कि जनवरी 2022 में, जब स्टर्डिवेंट नाबालिग था, तब वह पहली बार एजेंसी की नजर में आया था. उस समय उसने यूरोप में एक संदिग्ध IS समर्थक से संपर्क किया था और कथित तौर पर हमला करने की कोशिश भी की थी, लेकिन परिवार के एक सदस्य ने उसे रोक दिया था. इसके बाद उसने मनोवैज्ञानिक उपचार कराया और अधिकारियों को लगा था कि उसे सोशल मीडिया तक पहुंच नहीं रही है. संघीय अधिकारियों ने कहा कि कुछ हफ्ते पहले उन्हें पता चला कि वह दोबारा ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर सक्रिय हो गया था.
अधिकारियों ने कहा कि समय पर हस्तक्षेप से बड़े पैमाने पर जानमाल के नुकसान की आशंका टल गई और संदिग्ध को संघीय हिरासत में रखा गया है, जबकि जांच आगे जारी है. उस पर विदेशी आतंकी संगठन को सहयोग देने की कोशिश का गंभीर आरोप लगाया गया है, जिसमें अधिकतम 20 साल तक की सजा का प्रावधान है. FBI और अन्य सहयोगी एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई से यह साजिश समय रहते नाकाम हो गई और कई लोगों की जान बच सकी. अधिकारियों ने इसे एक बड़ी राष्ट्रीय त्रासदी टलने जैसा बताया है.
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