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अमेरिका में गिरफ्तार हुए 30 भारतीय, कमर्शियल ट्रक चलाना बना अपराध, जानें क्यों गिरफ्त में आए?

Updated at : 25 Dec 2025 10:28 AM (IST)
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30 Indians arrested in the United States living illegally.

अमेरिका में 30 भारतीयों को गिरफ्तार किया गया. फोटो- एक्स.

America News 30 Indians arrested in United States: अमेरिकी सीमा गश्ती दल (यूएस बॉर्डर पेट्रोल) के अधिकारियों ने हाल ही में 30 भारतीय नागरिकों को गिरफ्तार किया है, जो अवैध तरीके से अमेरिका में रह रहे थे. जांच के दौरान प्रवासियों को पकड़ा गया, तो उनके पास वाणिज्यिक चालक लाइसेंस (CDL) थे और वे सेमीट्रक जैसे भारी वाहनों का संचालन कर रहे थे.

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America News 30 Indians arrested in United States: अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे भारतीय नागरिकों को लेकर एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है. अमेरिकी सीमा गश्ती दल (यूएस बॉर्डर पेट्रोल) के अधिकारियों ने हाल ही में 30 भारतीय नागरिकों को गिरफ्तार किया है, जो अवैध तरीके से अमेरिका में रह रहे थे. वे वाणिज्यिक वाहनों का संचालन कर रहे थे. यह कार्रवाई अमेरिकी सीमा शुल्क एवं सीमा सुरक्षा एजेंसी (CBP) की ओर से की गई एक अंतर-एजेंसी मुहिम का हिस्सा थी.

सीबीपी ने पिछले सप्ताह जारी अपने आधिकारिक बयान में बताया कि यह अभियान कैलिफोर्निया के एल सेंट्रो सेक्टर में चलाया गया. इस दौरान सीमा गश्ती के कई एजेंटों ने आव्रजन चौकियों पर वाहनों की जांच की और अंतर-एजेंसी अभियानों के तहत संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी. जांच के दौरान ऐसे कई अवैध प्रवासियों को पकड़ा गया, जिनके पास वाणिज्यिक चालक लाइसेंस (CDL) थे और जो सेमीट्रक जैसे भारी वाहनों का संचालन कर रहे थे.

गिरफ्तारी के लिए चलाया गया ऑपरेशन

सीबीपी के अनुसार, 23 नवंबर से 12 दिसंबर के बीच यह कार्रवाई इंडियो स्टेशन के एजेंटों ने हाइवे 86 और 111 पर इमिग्रेशन चेकपॉइंट्स और इंटरस्टेट मार्गों पर की. अंतरराज्यीय राजमार्गों पर चल रहे सेमीट्रकों की जांच के दौरान कुल 42 अवैध प्रवासियों को गिरफ्तार किया गया. इनमें से सबसे बड़ी संख्या भारतीय नागरिकों की थी. गिरफ्तार किए गए लोगों में 30 भारत से, दो अल साल्वाडोर से थे, जबकि शेष प्रवासी चीन, इरिट्रिया, हैती, होंडुरस, मैक्सिको, रूस, सोमालिया, तुर्किये और यूक्रेन जैसे देशों से संबंध रखते हैं.

इसके अलावा, 10 और 11 दिसंबर को इंडियो स्टेशन के एजेंटों ने ‘ऑपरेशन हाइवे सेंटिनल’ नामक विशेष अभियान में हिस्सा लिया. यह दो दिन का व्यापक अंतर-एजेंसी ऑपरेशन यूएस इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) की होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस (HSI) इकाई द्वारा ओंटारियो और फॉन्टाना में संचालित किया गया था. इस दौरान कुल 45 अवैध प्रवासियों को कमर्शियल ड्राइविंग लाइसेंस के साथ पकड़ा गया, जिनमें इंडियो एजेंटों ने सात गिरफ्तारियां कीं. इनमें पहले दिन एक भारतीय और एक ताजिक नागरिक, जबकि दूसरे दिन चार भारतीय और एक उज्बेक नागरिक शामिल थे.

कहां से जारी किए गए थे लाइसेंस

जांच में यह भी सामने आया कि अलग-अलग अमेरिकी राज्यों ने इन प्रवासियों को वाणिज्यिक चालक लाइसेंस जारी किए थे. सीबीपी के अनुसार, कैलिफोर्निया ने 31 CDL जारी किए थे, जबकि फ्लोरिडा, इलिनोइस, इंडियाना, ओहियो, मैरीलैंड, मिनेसोटा, न्यू जर्सी, न्यूयॉर्क, पेंसिल्वेनिया और वाशिंगटन जैसे राज्यों ने आठ-आठ लाइसेंस जारी किए थे. एल सेंट्रो सेक्टर के कार्यवाहक चीफ पेट्रोल एजेंट जोसेफ रेमेनार ने कहा कि यह अभियान 2025 से पहले मौजूद रहे अनियंत्रित सीमा संकट से पैदा हुए गंभीर खतरों को उजागर करता है. उन्होंने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों को कभी भी ऐसे भारी वाहनों को चलाने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए थी. जिन राज्यों ने उन्हें लाइसेंस जारी किए, वे हालिया घातक हादसों की जिम्मेदारी से बच नहीं सकते.

अमेरिकी राजमार्गों की सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता

यह संयुक्त अभियान विशेष रूप से कैलिफोर्निया की कमर्शियल ट्रकिंग कंपनियों को ध्यान में रखकर चलाया गया. अधिकारियों का कहना है कि इस अंतर-एजेंसी अभियान का मुख्य उद्देश्य आव्रजन कानूनों के उल्लंघन पर सख्ती से कार्रवाई करना, अमेरिकी राजमार्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और वाणिज्यिक परिवहन क्षेत्र में नियामक मानकों को बनाए रखना था. अधिकारियों के अनुसार, हाल के समय में हुए कई घातक सड़क हादसों के बाद यह कार्रवाई जरूरी हो गई थी, जिनमें अवैध प्रवासियों द्वारा जारी किए गए कमर्शियल लाइसेंस के जरिए सेमी-ट्रक चलाए जा रहे थे. 

अवैध प्रवासियों द्वारा भारी वाहनों का संचालन कानून का उल्लंघन

अभियान का मुख्य उद्देश्य इमिग्रेशन कानूनों के उल्लंघन पर रोक लगाना, अमेरिकी राजमार्गों की सुरक्षा बढ़ाना और कमर्शियल ट्रांसपोर्ट सेक्टर में नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करना था. सीबीपी ने स्पष्ट किया कि अवैध प्रवासियों द्वारा भारी वाहनों का संचालन न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि यह सार्वजनिक सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा पैदा कर सकता है. यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है, जब अमेरिका में अवैध आव्रजन और सड़क सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया जा रहा है और संघीय एजेंसियां इन मामलों पर लगातार निगरानी बढ़ा रही हैं. 

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Anant Narayan Shukla

लेखक के बारे में

By Anant Narayan Shukla

इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएट. करियर की शुरुआत प्रभात खबर के लिए खेल पत्रकारिता से की और एक साल तक कवर किया. इतिहास, राजनीति और विज्ञान में गहरी रुचि ने इंटरनेशनल घटनाक्रम में दिलचस्पी जगाई. अब हर पल बदलते ग्लोबल जियोपोलिटिक्स की खबरों के लिए प्रभात खबर के लिए अपनी सेवाएं दे रहे हैं.

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