ePaper

जेयू के सामने से खुला भाजपा युवा मोर्चा का मंच, सड़क पर उतरे कार्यकर्ता

Updated at : 18 Aug 2023 4:20 PM (IST)
विज्ञापन
जेयू के सामने से खुला भाजपा युवा मोर्चा का मंच, सड़क पर उतरे कार्यकर्ता

पुलिस ने आधे घंटे के अंदर मंच खोलने का आदेश दिया. मंच बनाने वालों काे चेतावनी दी गई है कि यदि समय पर मंच नहीं खोला गया तो सब कुछ जब्त कर लिया जाएगा. इसके बाद मंच को जबरन हटा लिया गया, इसकी जानकारी युवा मोर्चा ने दी है.

विज्ञापन

जादवपुर यूनिवर्सिटी के सामने से भाजपा युवा मोर्चा का मंच पुलिस के द्वारा खोल दिये जाने का आरोप है. गुरुवार को उस धरना मंच पर शुभेंदु के भाषण के बाद झड़प हो गई थी. शुक्रवार को वहां युवा मार्च का कार्यक्रम भी था. उससे पहले मंच को खोलने का कार्यक्रम शुरु कर दिया गया. युवा मोर्चा का आरोप है कि पुलिस ने उनके कार्यक्रम की अनुमति को भी रद्द कर दी और मंच खोलने का आदेश दिया. इसके विरोध में युवा मोर्चा के कार्यकर्ता धरना मंच के सामने बैठ गये.

युवा मोर्चा ने 19 अगस्त को कार्यक्रम के लिये मांगी थी अनुमति

युवा मोर्चा ने दावा किया कि मंच बनाने के लिए जादवपुर थाने से 19 अगस्त तक की इजाजत ली गई थी. लेकिन शुक्रवार को पुलिस ने अचानक अनुमति रद्द कर दी. पुलिस ने आधे घंटे के अंदर मंच खोलने का आदेश दिया. मंच बनाने वालों काे चेतावनी दी गई है कि यदि समय पर मंच नहीं खोला गया तो सब कुछ जब्त कर लिया जाएगा. इसके बाद मंच को जबरन हटा लिया गया, इसकी जानकारी युवा मोर्चा ने दी है. हालांकि पुलिस के मुताबिक ऐसी कोई इजाजत नहीं दी गई थी.

युवा मोर्चा का दावा आम लोगों का सहज समर्थन था

युवा मोर्चा के अध्यक्ष इंद्रनील खान ने कहा, हमारे मंच के आस-पास आम लोगों का सहज समर्थन था. तृणमूल ने भी मंच सजाया था लेकिन भीड़ नहीं थी. डर के मारे राज्य सरकार ने पुलिस को मंच खोलने का आदेश दिया है. हालांकि इस संबंध में पुलिस की ओर से आधिकारिक तौर पर कोई वक्तव्य नहीं दिया गया है. गौरतलब है कि युवा मोर्चा का मंच जादवपुर यूनिवर्सिटी के गेट नंबर 3 के पास बनाया गया था. शुभेंदु अधिकारी गुरुवार को वहां गए थे. भाषण में विपक्षी दल के नेता ने दावा किया कि लेफ्ट और अल्ट्रा-लेफ्ट ने जादवपुर यूनिवर्सिटी को अपना ठिकाना बना लिया है. शुभेंदु ने उन्हें यूनिवर्सिटी से उखाड़ने की भी धमकी दी. बैठक के बाद रिवोल्यूशनरी स्टूडेंट फ्रंट (आरएसएफ) पर उन्हें काला झंडा दिखाने का आरोप लगा है.

Also Read: ममता सरकार ने बंगाल को अंधेरे में धकेल दिया, बोले बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा
काला झंडा दिखाने को लेकर युवा मोर्चा और एबीवीपी समर्थक आपस में भिड़े

काले झंडे दिखाने को लेकर युवा मोर्चा और एबीवीपी समर्थक आपस में भिड़ गए. कुछ ही पलों में यह हंगामा बढ़ने लगा. कथित तौर पर उस वक्त शुभेंदु के साथ मौजूद केंद्रीय सुरक्षा बल के जवानों ने छात्रों पर हमला कर दिया. एक जवान को छात्रों को लात मारते हुए भी देखा गया. शुभेंदु को काले झंडे दिखाने के आरोप में पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया था हालांकि उन्हें बाद में रिहा कर दिया गया. उनका आरोप है कि इसके बाद पुलिस ने शुक्रवार को युवा माेर्चा का मंच को खोलने का आदेश दिया गया.

Also Read: कन्याश्री दिवस के मंच पर ‘जय I-N-D-I-A’ के नारे के साथ ममता ने कहा, बंगाल को डराया और धमकाया नहीं जा सकता
21 तक नक्सली संगठन पर प्रतिबंधित नहीं लगा तो जेयू में लगा देंगे ताला : एबीवीपी

कोलकाता. गुरुवार को जादवपुर विश्वविद्यालय में छात्र की मौत के विरोध में एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने गये नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी को नक्सली संगठन के विरोध का सामना करना पड़ा था. इसे लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने नक्सली संगठन पर प्रतिबंध लगाने की मांग उठायी. शुक्रवार को पत्रकारों से बात करते हुए संगठन के राज्य सचिव संगीत भट्टाचार्य ने कहा कि 21 अगस्त तक नक्सली छात्र संगठन पर प्रतिबंध नहीं लगाया तो 25 अगस्त को जेयू के गेट पर ताला लगा दिया जायेगा. उन्होंने कहा कि जेयू परिसर नशेड़ियों व देश विरोधी शक्ति का अखाड़ा हो गया है.

Also Read: जादवपुर से सबक लेकर बर्दवान यूनिवर्सिटी में भी सीसीटीवी और अलग छात्रावास बनाने की तैयारी शुरू
एबीवीपी का जादवपुर विश्वविद्यालय बचाओ अभियान का आह्वान 

रैगिंग करनेवाले चेहरा बदल कर न्याय की मांग कर रहे हैं. दूसरे पर दोष मढ़ कर खुद को बचाने में लगे हैं. जिन लोगों ने जेयू परिसर में सीसीटीवी कैमरा लगाने का विरोध किया था, उन्हें ही घटना की जिम्मेदारी लेनी होगी. उनका कहना था कि नेता प्रतिपक्ष पर हमले का आरोप लगा है, लेकिन नक्सली संगठन का कोई नेता क्यों नहीं प्रतिक्रिया दे रहा है. जबकि दूसरे मामले में वे बोलते नजर आते हैं. एबीवीपी ने 25 अगस्त को जादवपुर विश्वविद्यालय बचाओ अभियान का आह्वान किया है. उन्होंने कहा कि जेयू के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए यूजीसी को भी पत्र दिया जायेगा. वहीं पर अब इन विश्वविद्यालय बचाओ अभियान का आह्वान किया है. उन्होंने कहा कि जेयू के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए यूजीसी को भी पत्र दिया जायेगा. वहीं पर अब जादवपुर विश्वविद्यालय की घटना से शिक्षा लेते हुए अन्य विश्वविद्यालय परिसरों में सुरक्षा की व्यवस्था कर रहे हैं.

Also Read: मोहम्मडन स्पोर्टिंग को आइएसएल में खेलने की अनुमति क्यों नहीं – ममता

विज्ञापन
Shinki Singh

लेखक के बारे में

By Shinki Singh

10 साल से ज्यादा के पत्रकारिता अनुभव के साथ मैंने अपने करियर की शुरुआत Sanmarg से की जहां 7 साल तक फील्ड रिपोर्टिंग, डेस्क की जिम्मेदारियां संभालने के साथ-साथ महिलाओं से जुड़े मुद्दों और राजनीति पर लगातार लिखा. इस दौरान मुझे एंकरिंग और वीडियो एडिटिंग का भी अच्छा अनुभव मिला. बाद में प्रभात खबर से जुड़ने के बाद मेरा फोकस हार्ड न्यूज पर ज्यादा रहा. वहीं लाइफस्टाइल जर्नलिज्म में भी काम करने का मौका मिला और यह मेरे लिये काफी दिलचस्प है. मैं हर खबर के साथ कुछ नया सीखने और खुद को लगातार बेहतर बनाने में यकीन रखती हूं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola