Apple ने चीन को कहा बाय-बाय, अमेरिका में बिकने वाले सभी iphone बनेंगे अब भारत में

Updated:
विज्ञापन

iPhone

टैरिफ खतरे को देखते हुए एप्पल ने अमेरिका के बाजार के लिए iPhone असेंबली भारत में स्थानांतरित करने की योजना बनाई है. यह कदम कंपनी की चीन पर निर्भरता कम करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है.

विज्ञापन

iphone: ईटी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एप्पल अमेरिका में बिकने वाले आईफोन की असेंबली चीन से हटाकर भारत में करने पर विचार कर रहा है. यह कदम अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते व्यापार युद्ध के बीच उठाया जा सकता है. हाल ही में अमेरिका ने चीनी वस्तुओं पर 145 प्रतिशत तक का भारी टैरिफ लगाया है, जिसके जवाब में चीन ने भी अमेरिकी उत्पादों पर 125 प्रतिशत का शुल्क लगा दिया है. इन टैरिफ्स का एशियाई अर्थव्यवस्था पर गहरा प्रभाव पड़ा है. हालांकि भारत पर इसका असर अपेक्षाकृत कम रहा है, जहां टैरिफ महज 26 प्रतिशत है, जो कि चीन की तुलना में काफी कम है.

टैरिफ वॉर के बीच भारत को होगा फायदा

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा इस महीने की शुरुआत में टैरिफ बढ़ाने की घोषणा के बाद, टेक दिग्गज Apple ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए भारत में निर्मित iPhones को अमेरिका निर्यात करना शुरू कर दिया. यह कदम चीन से आयात पर भारी शुल्क से बचने की रणनीति का हिस्सा था. हालांकि अमेरिका ने स्मार्टफोन पर लगाए गए टैरिफ को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है, लेकिन चीन से आने वाले सभी उत्पादों पर अब भी 20 प्रतिशत का अलग लेवी लागू है.

यह भी पढ़े: Google आपको फ्री में Chrome देकर कैसे छाप रहा अरबों रुपये? जानिए अंदर की बात

भारत में बढ़ रहा है iphone का उत्पादन

इंटरनेशनल डेटा कॉर्पोरेशन की रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में Apple के वैश्विक iPhone शिपमेंट में अमेरिका की हिस्सेदारी लगभग 28 प्रतिशत रही, जो कुल 232.1 बिलियन यूनिट्स के करीब थी. Apple भारत में अपने ऑपरेशनल कैपेसिटी को तेजी से बढ़ा रहा है और Foxconn व Tata Electronics जैसे कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरर्स के साथ मिलकर काम कर रहा है. यह कदम Apple की आपूर्ति श्रृंखला को चीन से हटाकर विविधता देने की रणनीति का हिस्सा है. कंपनी का लक्ष्य है कि 2026 के अंत तक अमेरिका में बिकने वाले सभी 60 मिलियन से अधिक iPhones की आपूर्ति भारत से ही की जाए.

टेक कंपनियों की भारत की ओर बढ़ती रुचि

एप्पल ही नहीं, अब अन्य दिग्गज तकनीकी कंपनियां भी भारत में मैन्युफैक्चरिंग की संभावनाएं तलाश रही हैं. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वियतनाम से आयात पर 46 प्रतिशत तक की भारी टैरिफ लगने के बाद सैमसंग भारत में स्मार्टफोन उत्पादन शिफ्ट करने पर विचार कर रहा है. वहीं, गूगल की मूल कंपनी अल्फाबेट इंक भी वियतनाम से अपने पिक्सल स्मार्टफोन के कुछ हिस्सों का उत्पादन भारत में शिफ्ट करने को लेकर डिक्सन टेक्नोलॉजी और फॉक्सकॉन जैसी विनिर्माण कंपनियों से बातचीत कर रही है.

टेक्नोलॉजी की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

विज्ञापन
अंकित आनंद

लेखक के बारे में

By अंकित आनंद

शॉर्ट बायो

अंकित आनंद टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल जर्नलिस्ट हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. वे स्मार्टफोन, टेलीकॉम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), कंज्यूमर टेक और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं.

काम के बारे में

अंकित आनंद एक टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल जर्नलिस्ट हैं, जो डिजिटल मीडिया में टेक और ऑटो सेक्टर से जुड़े विषयों पर लगातार लिखते हैं. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. टेक्नोलॉजी सेक्टर में उनकी रुचि स्मार्टफोन लॉन्च, मोबाइल ऑपरेटिंग सिस्टम, टेलीकॉम अपडेट्स, इंटरनेट सेवाओं, AI टूल्स, ऐप्स, गैजेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स और कंज्यूमर टेक्नोलॉजी से जुड़े विषयों में है. वहीं ऑटोमोबाइल सेक्टर में वे नई कारों और बाइक्स की लॉन्चिंग, फीचर्स, कीमत, सेफ्टी, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV), फ्लेक्स-फ्यूल टेक्नोलॉजी और ऑटो इंडस्ट्री के बदलते ट्रेंड्स पर रेगुलर लिखते हैं.

उनकी कोशिश रहती है कि हर खबर में सिर्फ फीचर्स, कीमत या लॉन्च की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी बताया जाए कि वह टेक्नोलॉजी आम लोगों के कितने काम की है, उसे इस्तेमाल करने का एक्सपीरियंस कैसा होगा और उसे खरीदना सही रहेगा या नहीं.

पढ़ाई और करियर

बिहार में जन्मे अंकित आनंद की शुरुआती शिक्षा सीबीएसई बोर्ड से हुई है. इसके बाद उन्होंने साल 2024 में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU) के कस्तूरी राम कॉलेज ऑफ हायर एजुकेशन से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान ही अंकित की रुचि डिजिटल मीडिया और न्यूज लिखने में बढ़ने लगी. इसी दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करना शुरू किया और आगे चलकर उन्होंने इन्हीं विषयों को अपने काम का हिस्सा बना लिया.

प्रभात खबर डिजिटल से पहले अंकित ने Zee News में करीब एक साल तक काम किया. यहां उन्होंने टीवी न्यूज प्रोडक्शन, आउटपुट डेस्क, कंटेंट रिसर्च, फैक्ट वेरिफिकेशन और न्यूज राइटिंग के अलग-अलग पहलुओं पर काम किया.

विजन

अंकित का मानना है कि टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें केवल नए प्रोडक्ट्स की जानकारी नहीं होतीं, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी, खरीदारी के फैसलों और डिजिटल एक्सपीरियंस पर भी असर डालती हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola