1. home Hindi News
  2. tech and auto
  3. whatsapp privacy policy update whatsapp responds to criticism over new policy alleges ola aarogya setu zomato collect same or more data get latest updates rjv

WhatsApp ने प्राइवेसी पॉलिसी पर दिया जवाब, कहा - Ola, Zomato, Aarogya Setu भी लेते हैं डेटा, तो सवाल सिर्फ हमसे क्यों?

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
whatsapp policy news
whatsapp policy news
whatsapp

WhatsApp Update: इंस्टैंट मैसेंजर व्हाट्सऐप अपनी नयी प्राइवेसी पॉलिसी (whatsapp new privacy policy) को लेकर पिछले कुछ महीनों से विवादों में है. पहले यह पॉलिसी 8 फरवरी से लागू होनी थी, लेकिन यूजर्स की बढ़ती आपत्ति और विवाद (whatsapp privacy policy controversy) को देखते हुए कंपनी ने इसे कुछ महीनों के लिए टाल दिया. अब यह पॉलिसी 15 मई (whatsapp policy deadline) से लागू होने जा रही है. कंपनी की इसपॉलिसी के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi High Court) में जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है, जिस पर कंपनी को अपना जवाब देना था.

Inc42 की रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाट्सऐप ने दिल्ली हाईकोर्ट में अपनी प्राइवेसी पॉलिसी अपडेट के खिलाफ दायर याचिका के जवाब में कहा है कि कई इंटरनेट आधारित ऐप्स और वेबसाइट्स की पॉलिसी भी इसके जैसी ही हैं. यही नहीं, कुछ कंपनियां तो यूजर्स का इससे ज्यादा डेटा इकट्ठा करती हैं.

खबर है कि Facebook के स्वामित्व वाले इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप ने 5 मई को कोर्ट में दिये अपने हलफनामे में Big Basket, Koo, Ola, Truecaller और Zomato के साथ-साथ सरकार की कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग ऐप Aarogya Setu की प्राइवेसी पॉलिसी तक का हवाला दिया है.

व्हाट्सऐप ने कोर्ट में जो एफिडेविट दिया है, उसमें अन्य ऐप्स द्वारा लिये जा रहे यूजर डेटा की आलोचना की गई है. रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाट्सऐप ने अपने एफिडेविट में Google, Microsoft, Zoom व Republic World का भी नाम लिया है, जो रिपब्लिक टीवी का डिजिटल वेंचर है.

रिपोर्ट की मानें, तो व्हाट्सऐप ने कोर्ट से कहा है कि अगर भारत में उसकी नयी प्राइवेसी पॉलिसी ब्लॉक की जाती है, तो इस फैसले से अन्य कंपनियां भी प्रभावित होंगी. व्हाट्सएेप का दावा है कि अगर उसके खिलाफ फैसला आता है, तो भारत में सेवाएं दे रहे ग्रॉसरी ऐप और ऑनलाइन डॉक्टर के अपॉइंटमेंट दिलानेवाले ऐप्स भी प्रभावित होंगे.

नयी प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर व्हाट्सऐप ने कहा है कि यह सिर्फ बिजनेस अकाउंट के लिए है. सिर्फ बिजनेस अकाउंट से होने वाली चैटिंग को व्हाट्सऐप पढ़ेगा और पैरेंट कंपनी फेसबुक के साथ साझा करेगा.

नयी पॉलिसी का निजी चैट से कोई लेना-देना नहीं है. इसके साथ ही, व्हाट्सऐप ने यह भी कहा है कि वह 15 मई के बाद भी यूजर्स को पॉलिसी स्वीकार करने के लिए नोटिफिकेशन भेजता रहेगा और कंपनी की पॉलिसी स्वीकार नहीं करनेवाले यूजर्स का अकाउंट डिलीट नहीं करेगा.

कुछ दिनों बाद यूजर्स ऐप के कुछ फीचर्स का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे. जैसे- वे अपनी चैट लिस्ट को ऐक्सेस नहीं कर पाएंगे. इसके अलावा वे ऐप पर आनेवाली इनकमिंग और वीडियो कॉल्स को जवाब भी नहीं दे सकेंगे.

Share Via :
Published Date

संबंधित खबरें

अन्य खबरें