मालदा जिला परिषद: उप-सभाधिपति के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लायेगी तृणमूल

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 08 Nov 2016 7:52 AM

विज्ञापन

मालदा. मालदा जिला परिषद के उप-सभाधिपति और छह स्थायी समितियों के कर्माध्यक्षों के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव लाने जा रही है. आगामी एक-दो दिन के अंदर ही तृणमूल के 22 सदस्य जलपाईगुड़ी में विभागीय कमिश्नर के समक्ष अपना दावा पेश करेंगे. सोमवार को मालदा जिला परिषद में तृणमूल कांग्रेस दल के नेता उज्जवल चौधरी […]

विज्ञापन
मालदा. मालदा जिला परिषद के उप-सभाधिपति और छह स्थायी समितियों के कर्माध्यक्षों के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव लाने जा रही है. आगामी एक-दो दिन के अंदर ही तृणमूल के 22 सदस्य जलपाईगुड़ी में विभागीय कमिश्नर के समक्ष अपना दावा पेश करेंगे. सोमवार को मालदा जिला परिषद में तृणमूल कांग्रेस दल के नेता उज्जवल चौधरी ने बताया कि कांग्रेस पार्टी के छह स्थायी समिति के कर्माध्यक्षों और उपाध्यक्ष के खिलाफ हम अविश्वास प्रस्ताव ला रहे हैं, क्योंकि इन लोगों के पास बहुमत नहीं है. जिला परिषद में कुल 37 सदस्य हैं, जिनमें से 22 तृणमूल के हैं.

उज्ज्वल चौधरी ने बताया कि स्थायी समितियों के 66 सदस्यों में से 33 सदस्य तृणमूल हैं.मालदा जिला परिषद में सभाधिपति, उप-सभाधिपति के अलावा नौ स्थायी समिति कर्माध्यक्ष हैं. इनमें से सभाधिपति सरला मूर्मू, कृषि कर्माध्यक्ष चंदना सरकार, मत्स्य कर्माध्यक्ष समसुल हक एवं खाद्य कर्माध्यक्ष मिलन दास तृणमूल में शामिल हो चुके हैं. वहीं उप- सभाधिपति सैयद अहमद कांग्रेस के हैं. इसके अलावा छह कर्माध्यक्ष मंजूरूल इस्लाम (जन स्वास्थ्य), हमीदुर रहमान (पीडब्ल्यूडी), दिलारा खानम (शिक्षा), राजलक्ष्मा मुखर्जी (बाल एवं महिला), मिजानुर रहमान (वन एवं भूमि), नूरेफा बीबी (लघु उद्योग) भी कांग्रेस के हैं. इन सबके खिलाफ तृणमूल कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव लाने जा रही है.उज्जवल चौधरी ने बताया कि पहले सात नवंबर को अविश्वास प्रस्ताव की तारीख तय हुई थी. लेकिन उस दिन छुट्टी रहने के कारण आगामी 16 नवंबर की तारीख तय हुई है.

इस संबंध में हमें चिट्ठी मिल गई है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और वाम के लोग चाहे जितनी कोशिश कर लें, वह बहुमत नहीं साबित कर पायेंगे. स्थायी समिति हो या फिर जिला परिषद के सदस्य, दोनों जगह वे लोग अल्पमत में हैं. 16 नवंबर को अविश्वास प्रस्ताव के जरिये यह साफ हो जायेगा कि जिला परिषद परिचालन की क्षमता किसके हाथ में होगी.इधर, कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मौसम नूर ने कहा कि हमने अविश्वास प्रस्ताव के लिए बैठक बुलायी थी, जिस पर सत्तारूढ़ तृणमूल के लोग टाल-मटोल कर रहे हैं. गत 19 सितंबर को हम जलपाईगुड़ी में विभागीय कमिश्नर के पास गये थे. हमने उन्हें सभाधिपति और तीन कर्माध्यक्षों के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की चिट्ठी दी थी.

साथ ही जनरल बॉडी मीटिंग बुलाने की भी मांग की थी. काफी टाल-मटोल के बाद सात नवंबर को जनरल बॉडी मीटिंग और अविश्वास प्रस्ताव के लिए दिन तय हुआ. लेकिन अचानक सात तारीख को छुट्टी घोषित किये जाने से इस तारीख में बदलाव किया गया है. असल बात यह है कि शासक दल यह जानता है कि जिला परिषद में वह लोग बहुमत साबित नहीं कर पायेंगे. इसलिए एक के बाद एक तारीख बदली जा रही है.

मालदा जिला परिषद की सभी स्थायी समितियों में हमारा बहुमत रहेगा, ऐसा हमारा विश्वास है. साथ ही सभाधिपति और तीन कर्माध्यक्षों के खिलाफ हम अपना अविश्वास प्रस्ताव पास करा पायेंगे.मालदा जिला परिषद के अतिरिक्त कार्यकारी अधिकारी मलय बंद्योपाध्याय ने बताया कि विभागीय कमिश्नर वरुण राय ने आगामी 16 नवंबर को साधारण सभा और अविश्वास प्रस्ताव पर बैठक का दिन तय किया है. कमिश्नर ऑफिस से आयी चिट्ठी जिला परिषद सदस्यों को दे दी गयी है. तृणमूल कांग्रेस स्थायी समिति के छह कर्माध्यक्षों के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला रही है.

, इस बारे में हमें जानकारी नहीं है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola