Sandeshkhali Incident : मम्पी दास जेल से बाहर आते ही सीएम और अभिषेक पर साधा निशाना कहा, यह सीट हारेंगी ममता बनर्जी
Published by : Shinki Singh Updated At : 18 May 2024 6:58 PM
Sandeshkhali Incident : मम्पी दास के खिलाफ जमानती धारा के तहत एफआईआर दर्ज की गयी थी. दो दिन बाद पुलिस ने धारा 41ए के तहत नोटिस जारी किया था. उन्हें 14 मई को तब गिरफ्तार किया गया था जब वह निचली अदालत में आत्मसमर्पण कर जमानती धारा के तहत जमानत मांगने गयी थी.
Sandeshkhali Incident : पश्चिम बंगाल में कलकत्ता हाई कोर्ट से संदेशखाली (Sandeshkhali) की गिरफ्तार भाजपा नेता मम्पी दास को जमानत मिलने के बाद बाहर आते ही शनिवार को उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी पर जमकर कटाक्ष किया. शनिवार को दमदम संशोधनागार से बाहर आते ही उन्होंने कहा कि संदेशखाली में महिला से उत्पीड़न की घटना झूठा नहीं है. महिलाओं पर अत्याचार हुए हैं. आंदोलन में कोई राजनीति नहीं था. साजिश किया गया है, उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को होशियार की. उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी को हराकर दिखाऊंगी. यह लोकसभा सीट ममता बनर्जी हारेंगी. आगामी दिन आंदोलन जारी रहेगा.
झूठा केस दर्ज कराने का आरोप लगाया गया है मम्पी दास पर
जानकारी के मुताबिक, कथित तौर पर डरा-धमका कर दुष्कर्म का झूठा केस दर्ज कराने का आरोप मम्पी दास पर लगाया गया है. हाल ही में संदेशखाली की एक गृहिणी ने भी संदेशखाली थाने में शिकायत की थी कि मम्पी ने उससे रेप की झूठी शिकायत दर्ज कराने को कहा था, उसके गिरफ्तार भाई को रिहा कराने की शर्त पर. बाद में शिकायत वापस लेनी चाही तो भाजपा ने दबाव बनाया था. संदेशखाली के ”स्टिंग” वीडियो में भी मम्पी उर्फ पियाली का उल्लेख भाजपा नेता गंगाधर कयाल ने भी किया था.
JP Nadda : जेपी नड्डा ने कहा, ममता बनर्जी के कार्यों से ऐसा लगता है कि वे हमेशा रहती हैं अस्थिर
मप्पी ने लगाया था आरोप, उन्हें अवैध तरीके से किया गया था गिरफ्तार
इसके बाद ही गत सात मई को मम्पी दास के खिलाफ जमानती धारा के तहत एफआईआर दर्ज की गयी थी. दो दिन बाद पुलिस ने धारा 41ए के तहत नोटिस जारी किया था. उन्हें 14 मई को तब गिरफ्तार किया गया था जब वह निचली अदालत में आत्मसमर्पण कर जमानती धारा के तहत जमानत मांगने गयी थी. उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें अवैध तरीके से गिरफ्तार किया गया. निचली अदालत ने सात दिनों की जेल हिरासत का नि्र्देश दिया. इसके बाद हाईकोर्ट में गयी. शुक्रवार को हाईकोर्ट के जस्टिस जय सेनगुप्ता की बेंच में हुई सुनवाई में जज ने गिरफ्तारी पर कई सवाल उठाये.
मामले की अगली सुनवाई 19 जून को होगी
आरोप है कि मम्पी की गिरफ्तारी के मामले में धारा 195ए को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया गया. जज ने पूछा कि मजिस्ट्रेट ने क्या किया ? अनुच्छेद 195ए पर सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट निर्देश हैं. फिर उन्होंने हिरासत में भेजने का आदेश कैसे दे दिया ? ऐसी गिरफ्तारी के पीछे का मास्टरमाइंड कौन है ? इस मामले को कौन अधिकारी देख रहा है? गिरफ्तार क्यों किया, इसकी विस्तृत रिपोर्ट राज्य सरकार से दे. साथ ही जज ने मम्पी के खिलाफ धारा 195ए के तहत दर्ज शिकायत भी निलंबित करने को कहा. मामले की अगली सुनवाई 19 जून को होगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Shinki Singh
10 साल से ज्यादा के पत्रकारिता अनुभव के साथ मैंने अपने करियर की शुरुआत Sanmarg से की जहां 7 साल तक फील्ड रिपोर्टिंग, डेस्क की जिम्मेदारियां संभालने के साथ-साथ महिलाओं से जुड़े मुद्दों और राजनीति पर लगातार लिखा. इस दौरान मुझे एंकरिंग और वीडियो एडिटिंग का भी अच्छा अनुभव मिला. बाद में प्रभात खबर से जुड़ने के बाद मेरा फोकस हार्ड न्यूज पर ज्यादा रहा. वहीं लाइफस्टाइल जर्नलिज्म में भी काम करने का मौका मिला और यह मेरे लिये काफी दिलचस्प है. मैं हर खबर के साथ कुछ नया सीखने और खुद को लगातार बेहतर बनाने में यकीन रखती हूं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










