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Bengal SIR News: कोलकाता. पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)को लेकर राजनीतिक पार्टियों की ओर से अब तक दो लाख से अधिक दावे और आपत्तियां दर्ज की जा चुकी है. मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय से जारी आंकड़ों के अनुसार 16 दिसंबर 2025 से 15 जनवरी 2026 तक चलनेवाले क्लेम्स एंड ऑब्जेक्शंस पीरियड के दौरान अब तक के प्राप्त आंकड़ों से पता चलता है कि राज्य में मतदाता सूची को लेकर दो लाख से अधिक दावे और आपत्तियां दर्ज हो चुकी हैं. चुनाव आयोग कार्यालय के अनुसार, प्रारूप मतदाता सूची में कुल 7,08,16,630 मतदाता दर्ज हैं.
भाजपा की ओर से सबसे अधिक आपत्ति दर्ज
इस सूची को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंट्स (बीएलए) के माध्यम से कुल 2,09,438 दावे और आपत्तियां दर्ज कराई गईं. इनमें से 8 मामलों में नाम शामिल करने से जुड़े दावे हैं, जबकि एक भी मामला आगे जांच लायक नहीं पाया गया. राष्ट्रीय दलों की बात करें तो सबसे अधिक दावे भारतीय जनता पार्टी की ओर से आए हैं. बीजेपी ने कुल 61,451 दावे दर्ज कराए, जिनमें 1 मामला समावेशन का रहा. इसके बाद सीपीआई (मार्क्सवादी) ने 49,436, कांग्रेस ने 18,772, बहुजन समाज पार्टी ने 21, जबकि आम आदमी पार्टी और नेशनल पीपुल्स पार्टी की ओर से बहुत सीमित या शून्य दावे दर्ज हुए. राज्य स्तरीय दलों में ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस ने सबसे अधिक 77,867 दावे दाखिल किए, जिनमें 3 मामले नाम जोड़ने से जुड़े रहे.
सभी वैध दावों और आपत्तियों का होगा निपटारा
इसी प्रकार ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक की ओर से 1,885 दावे सामने आए, जिनमें 1 समावेशन का मामला शामिल है. इसके अलावा, ड्राफ्ट मतदाता सूची के प्रकाशन से पहले फॉर्म-6 के तहत 3,31,075 आवेदन नाम जोड़ने के लिए प्राप्त हुए, जबकि फॉर्म-7 के जरिए 56,867 आवेदन नाम हटाने के लिए दर्ज किए गए. ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद आम मतदाताओं से भी बड़ी संख्या में आवेदन मिले. इस दौरान 2,71,048 फॉर्म-6/6A (नाम शामिल करने) और 38,694 फॉर्म-7 (नाम हटाने) प्राप्त हुए. चुनव आयोग कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि सभी वैध दावों और आपत्तियों का निपटारा तय प्रक्रिया के अनुसार किया जाएगा और आवश्यक घोषणा के बाद ही अंतिम मतदाता सूची में नाम जोड़े जाएंगे या हटाए जाएंगे. यह पूरी प्रक्रिया आगामी चुनावों से पहले मतदाता सूची को अधिक पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है.
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