हावड़ा : बागनान स्टेशन पर ट्रेन के सामने कूदकर जान देने जा रही एक वृद्धा को एक युवक ने बचा लिया. घटना रविवार सुबह बागनान स्टेशन की है. जानकारी के अनुसार, गृह कलह से तंग आकर 75 वर्षीय अंगुरबाला महतो ट्रेन के सामने कूद कर अपनी जान देने जा रही थी. वह बागनान के बाक्सी ग्राम की रहनेवाली है. वह अपने पुत्र, बहू और अपने नाती के साथ रहती है. रविवार सुबह बहू के साथ वृद्धा की कुछ कहासुनी हो गयी थी.
वह जान देने के लिए बागनान स्टेशन पहुंची और डाउन लाइन के किनारे-किनारे दौड़ने लगी. उसी समय हावड़ा स्टेशन से समाचार पेपर लेकर 22 वर्षीया युवक विक्रमादित्य बागनान स्टेशन पर उतरा था. उसने वृद्धा को लाइन के किनारे दौड़ते हुए देखा. उसे माजरा समझते देर नहीं लगी. वह भी उसके पीछे-पीछे दौड़ने लगा. उसी समय डाउन प्लेटफार्म से पांसकुड़ा के लिए लोकल छूट गयी.
इससे पहले कि ट्रेन के सामने वृद्धा कूदती, विक्रमादित्य ने उसे खींच लिया. ट्रेन उसके बगल से होकर गुजर गयी. इसके बाद वह वृद्धा को लेकर जीआरपी के पास पहुंचा. अधिकारियों ने वृद्धा की कहानी सुनी और उसके पुत्र आनंद महतो और बहू को बुला भेजा. उनके आने के बाद वृद्धा को उन्हें सौंप दिया गया. इस घटना के बाद पर हजारों रेलयात्रियों ने विक्रमादित्य के इस कार्य की सराहना की.
जीआरपी अधिकारियों ने भी उसकी प्रशंसा की.
