कोलकाता. टीटीई के टिकट मांगने पर बेटिकट यात्रियों ने जमकर बवाल किया. इतना ही नहीं यात्रियों ने टीटीई को बंधक बना लिया. बाद में किसी तरह से टीटीई ने भाग कर अपनी जान बचायी. घटना सियालदह मंडल की दक्षिण शाखा के देवाला स्टेशन पर खड़ी अप डायमंड हार्बर-सियालदह लोकल की है.
शनिवार दोपहर हुई उक्त घटना के बाद यात्रियों के बवाल को देखते हुए सियालदह मंडल की दक्षिण शाखा में करीब दो घंटे तक ट्रेनों का परिचालन बंद रहा, लिहाजा छह ट्रेनों को रद्द करना पड़ा. घटना के बाद आरपीएफ ने एक यात्री की पहचान की है. आरपीएफ सूत्रों के अनुसार, उक्त यात्री का नाम इसराफिल है. बताया जाता है कि वह सोनारपुर का रहनेवाला है. सोनारपुर आरपीएफ थाने में इसराफिल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
सूत्रों के अनुसार, दोपहर 11.02 बजे उक्त लोकल ट्रेन डायमंड हॉर्बर स्टेशन से रवाना हुई ट्रेन 11.20 बजे देवला स्टेशन पर पहुंची थी तभी देवाल स्टेशन पर तैनात टीटीई मृणाल कांति हल्दर टिकट जांच के लिए ट्रेन में सावर हुए. उन्होंने अन्य यात्रियों के साथ इसराफिल को टिकट दिखाने के लिए कहा. टिकट ना उसके पास था, ना उसके अन्य साथियों के पास ही. टीटीई के जुर्माना देने की बात करते ही वह अन्य यात्रियों के साथ टीटीई से भिड़ गया. टीटीई को यात्रियों ने ट्रेन से खीच कर नीचे उतारा. शोर-गुल सुन कर स्टेशन पर तैनात आरपीएफ अधिकारी बीचबचाव करते हैं, लेकिन यात्रियों का प्रदर्शन और तेज हो गया.
स्टेशन पर खड़े अन्य यात्रियों ने भी प्रदर्शन शुरू कर दिया. सुबह 11.20 बजे से शुरू प्रदर्शन दोपहर दो बजे तक चला. रेलवे अधिकारियों को घटना की जानकारी होते ही भारी संख्या में आरपीएफ और जीआरपीएफ के सिपाहियों को घटनास्थल पर भेजा गया और ट्रैक पर प्रदर्शन कर रहे यात्रियों को हटाया.
ट्रेन का परिचालन यात्रियों के लिए किया जाता है. सियालदह मंडल में भी ऐसे यात्रियों की संख्या ज्यादा है, जो रेलकर्मियों की सहायता करते हैं, लेकिन ऐसे लोगों की भी संख्या है जो रेलवे के हर काम में परेशानी खड़ी करते हैं. लेकिन कानून सबके लिए एक है. घटना के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है. कानून अपना काम करेगा. हम अपना काम करेंगे.
-चित्तरंजन झा, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक, सियालदह मंडल.
