वर्षा जल संरक्षण व मछली पालन से रोका जायेगा अतिक्रमण
Updated at : 03 Jul 2019 2:13 AM (IST)
विज्ञापन

दुर्गापुर से खन्ना रेलवे स्टेशनों के बीच ऐसे 20 तालाबों का होगा निर्माण आसनसोल डीआरएम ने की पहल, ट्रैक के दोनों तरफ बनेंगे तालाब रेलवे ट्रैक से 20 फिट की दूरी पर होंगे तालाब, रोजगार को मिलेंगे अवसर आसनसोल : आसनसोल मंडल रेल प्रबंधक पीके मिश्रा के नेतृत्व में पर्यावरण समस्या तथा रेलवे की संपत्ति […]
विज्ञापन
दुर्गापुर से खन्ना रेलवे स्टेशनों के बीच ऐसे 20 तालाबों का होगा निर्माण
आसनसोल डीआरएम ने की पहल, ट्रैक के दोनों तरफ बनेंगे तालाब
रेलवे ट्रैक से 20 फिट की दूरी पर होंगे तालाब, रोजगार को मिलेंगे अवसर
आसनसोल : आसनसोल मंडल रेल प्रबंधक पीके मिश्रा के नेतृत्व में पर्यावरण समस्या तथा रेलवे की संपत्ति को अतिक्रमण से बचाने के लिए योजना बनायी है. योजना के तहत रेलवे ट्रैक के दोनों तरफ तालाबों का निर्माण कर जल संग्रह किया जाएगा. इसी में मत्स्य पालन प्रारंभ कर रेलवे सम्पत्ति के दोनो तरफ के अतिक्रमण पर रोक लगाई जाएगी. इसे रेलवे ट्रैक से लगभग 20 फिट की दूरी पर निर्मित किया जाएगा.
जल संग्रह के अलावा भू जल को रिचार्ज कर मछली पालन भी किया जाएगा। इस तरह से रेलवे ट्रैक के दोनों तरफ के अतिक्रमण पर रोक लगाई जा सकेगी. मानसून के पानी से तालाब भर जाएगा तब स्थानीय लोगों को मत्स्य पालन से रोजगार की प्राप्ति होगी.
दुर्गापुर से खाना रेलवे स्टेशनों के बीच ऐसे 20 जलाशयों का निर्माण किया जाएगा तथा झारखंड के कालूबथान एवं छोटा अंबोना जैसे छोटे स्टेशनों में भी जहां गंभीर जल संकट है, वहां भी इसका निर्माण किया जाएगा. 20 स्टेशनों के इन जलाशयों से यात्रीगण तथा रेल कर्मचारी पीने का पानी प्राप्त कर सकेंगे. छत पर जमे वर्षा जल के संरक्षण के कार्य को भी बडें पैमाने पर हाथ में लिया गया है.
पूरे मंडल भर में 150 इकाई को तैयार किया जाएगा तथा 13.4 लाख लीटर वर्षा जल की प्रति वर्ष संरक्षण होगी. इस मंडल के अन्तर्गत आसनसोल, अंडाल, पानागढ़, मानकर, मधुपुर, जसीडीह, सीतारामपुर के स्कूलों, अस्पताल भवनों, रेलवे प्रशासनिक भवनों, क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र तथा समपार गेटों के केबिनों में भी वर्षा जल संरक्षण केन्द्र बनाया जाएगा. छत के विशाल फर्श क्षेत्र के जल को ड्रेन पाइप के माध्यम से संग्रह किया जाएगा तथा जलाशयों में संरक्षित किया जाएगा. इसका परिशोधन कर प्रयोग के लिए पुनः आपूर्ति कर दिया जाएगा. इस परिशोधित जल का प्रयोग बागवानी, प्लेटफार्मों की सफाई, गाड़ियों की सफाई तथा शौचालयों की सफाई आदि के लिए किया जाएगा.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




