ePaper

फर्जी कॉल सेंटर खोल कर विदेशियों से करोड़ों की ठगी

Updated at : 12 Dec 2019 2:41 AM (IST)
विज्ञापन
फर्जी कॉल सेंटर खोल कर विदेशियों से करोड़ों की ठगी

सीआइडी ने शिकायत मिलने के बाद कार्रवाई कर सात लोगों को किया गिरफ्तार वैध कॉल सेंटर के नाम पर फर्जी कॉल सेंटर खोल कर चला रहे थे यह धंधा पॉपअप मैसेज के जरिये विदेशी लोगों को भेजते थे एक लिंक, लिंक खोलने पर ही हो जाता था कंप्यूटर हैक इसी तरह से बड़ी कंपनियों के […]

विज्ञापन

सीआइडी ने शिकायत मिलने के बाद कार्रवाई कर सात लोगों को किया गिरफ्तार

वैध कॉल सेंटर के नाम पर फर्जी कॉल सेंटर खोल कर चला रहे थे यह धंधा

पॉपअप मैसेज के जरिये विदेशी लोगों को भेजते थे एक लिंक, लिंक खोलने पर ही हो जाता था कंप्यूटर हैक

इसी तरह से बड़ी कंपनियों के कंप्यूटर हैक कर ब्लैकमेल कर वसूलते थे मोटी रकम

कोलकाता : एक बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनी के नाम पर विदेशी नागरिकों को ब्लैकमेल कर उनसे लाखों रुपये बटोरनेवाले गिरोह के पांच सदस्यों को राज्य पुलिस के सीआइडी की टीम ने छापेमारी कर गिरफ्तार किया है. सभी को सॉल्टलेक के सेक्टर 1 व सेक्टर फाइव से गिरफ्तार किया गया है.

डीआइजी (स्पेशल) सीआइडी मितेश जैन ने कहा कि सॉफ्टवेयर कंपनी की तरफ से मिली शिकायत के बाद उन्होंने सॉल्टलेक व आसपास के इलाकों में छापेमारी की. इस दौरान पता चला कि सॉल्टलेक में एक गिरोह है, जो फर्जी कॉल सेंटर खोल कर यूके, यूएसए, लंदन व जर्मनी के लोगों से करोड़ों रुपये बटोर रहे हैं. इसके बाद छापेमारी कर कुल पांच छोटे-बड़े फर्जी काॅल सेंटरों का पता चला, जो एक ही गिरोह द्वारा चलाया जा रहा है. छोटे कॉल सेंटरों में 20 से 25 कर्मचारी काम करते थे, वहीं बड़े कॉल सेंटरों में 50 से ज्यादा कर्मचारियों से विदेशियों को ठगी का शिकार बनाया जाता था. कैसे करते थे ठगी

इस मामले में मितेश जैन ने कहा कि ये लोग शुरू में विदेशी कंपनियों में कंप्यूटर अपडेट करने का पॉपअप मेल भेजते थे, जिसमें बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनी का लोगो मौजूद रहता था. उस पॉपअप में एक लिंक भी मौजूद रहता था. इसक लिंक को खोलने पर कंप्यूटर हैक हो जाता था. इसके बाद पूरा कंप्यूटर का सिस्टम ही ब्लॉक हो जाता था. इसके बाद पूरी स्थिति सामान्य करने के बदले यह गिरोह मोटे रकम की मांग करते थे.

अब तक 20 से 22 करोड़ तक वसूल चुका है यह गिरोह

सिस्टम को सामान्य करने के बदले एक लाख रुपये से लेकर तीन लाख रुपये तक प्रत्येक नागरिक से रुपये मांगे जाते थे. इस तरह से हजारों विदेशी नागरिकों से यह गिरोह 20 से 22 करोड़ रुपये तक बटोर चुके थे. अब तक की जांच में यह खुलासा हुआ कि यह गिरोह अब तक मूलत: जर्मनी नागरिकों को ही शिकार बनाये थे.श्री जैन ने बताया कि इस गिरोह से पूछताछ कर इसके साथ मौजूद अन्य साथियों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola