Kharsawan: 16 साल देश की सेवा कर वापस लौटे रिटायर्ड आर्मी हवलदार का भव्य स्वागत

Updated at : 03 Feb 2026 8:20 PM (IST)
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Kharsawan News

सोना से रिटायर हवलदार संजय स्वांसी का स्वागत करते लोग.

Kharsawan: भारत सेना में 16 साल तक सेवा देने के बाद रिटायर होकर वापस लौटे हवलदार संजय स्वांसी का खरसावां में भव्य स्वागत किया गया. संजय तीरंदाजी के एक खिलाड़ी भी हैं और वे आगे भी यह खेल जारी रखना चाहते हैं.

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शचिंद्र कुमार दाश
Kharsawan: इंडियन आर्मी में करीब 16 साल सेवा देने के बाद कुचाई के अरुवां गांव निवासी संजय स्वांसी मंगलवार को सेवानिवृत्त होकर घर वापस लौटे. इस दौरान खरसावां के चांदनी चौक में आर्मी के रिटायर्ड हवलदार संजय स्वांसी का भव्य स्वागत किया गया. खरसावां पहुंचने पर लोगों ने फूल-माला पहनाकर संजय स्वांसी का स्वागत किया. अरुवां गांव के लोगों ने फूल माला पहनाते हुए गाजे-बाजे के साथ गर्मजोशी से उनका स्वागत किया. गांव के लोगों ने उन्हें अपने कंधे में बैठाकर जन नायक की तरह स्वागत किया. देखते ही देखती वहां भीड़ उमड पड़ी. इस दौरान संजय स्वांसी भी काफी भावुक नजर आए.

भव्य स्वागत से भावुक हुए संजय स्वांसी

मौके पर संजय स्वांसी ने कहा कि उन्होंने अपनी जिंदगी का एक लंबा अरसा भारत माता की सेवा में लगाया और जब आज वापस आए तो ऐसे स्वागत से उनकी आंखे भर आईं. इस दौरान मुख्य रूप से हाजी अब्दुल गनी, तीरंदाजी संघ के सुमंत चंद्र मोहंती, उत्तम मिश्रा, अजय मिश्रा, तीरंदाजी कोच बीएस राव, गोरा हो, राजू मोहंती, विनोद स्वांसी, भुटान स्वांसी, भवेश मिश्रा, विश्वजीत प्रधान, दुलाल स्वांसी, कंचन चौहान, ज्ञानी साहू, होपना सोरेन, सिद्धेश्वर जोंको, धर्मेंद्र प्रधान, अखिलेश्वर महतो, असित मिश्रा, विवेका प्रधान, सपन मंडल, परमानंद नंदा आदि उपस्थित थे.

2010 में किया था योगदान, 2026 में हुए रिटायर

संजय स्वांसी अंतरराष्ट्रीय तीरंदाज रहे हैं. संजय स्वांसी खरसावां के दामादिरी में तीरंदाजी का अभ्यास रह रहे थे. इसी दौरान वर्ष 2010 में स्पोर्ट्स कोटा से 314 रेजिमेंट में संजय स्वांसी का चयन हुआ. संजय की पहली पोस्टिंग कश्मीर के श्रीनगर में थी, जकि वह हरियाणा के अंबाला से रिटायर हुए. 16 साल तक देश सेवा करने के बाद संजय स्वांसी 31 जनवरी 2026 को रिटायर हुए. नौकरी में रहते हुए कई राष्ट्रीय स्तर के तीरंदाजी प्रतियोगिताओं में भी भाग लिया. वह 2012 में चेन्नई में आयोजित सीनियर नेशनर आर्चरी चैंपियनशीप में रजत पदक भी जीत चुके है. पूर्व में भी वह कई राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में खेल चुके है. उन्होंने बताया कि आगे भी वह अपना तीरंदाजी का खेल जारी रखेंगे.

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लेखक के बारे में

By AmleshNandan Sinha

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

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