कोयला नहीं मिला तो आ सकता है बिजली संकट
Updated at : 04 Jan 2017 5:30 AM (IST)
विज्ञापन

ललमटिया से एनटीपीसी को 60 प्रतिशत होती है कोयले की आपूर्ति, एमजीएम ने कहा कहा, 2100 मेगावाट बिजली उत्पादन का हो रहा प्रयास बंगाल, झारखंड, ओड़िशा व सिक्किम भेजी जाती है बिजली बाोरियो : ललमटिया खदान हादसा के बाद कोयला ढुलाई ठप हो गयी है. इससे एनटीपीसी फरक्का का विद्युत उत्पादन प्रभावित होने की आशंका […]
विज्ञापन
ललमटिया से एनटीपीसी को 60 प्रतिशत होती है कोयले की आपूर्ति, एमजीएम ने कहा
कहा, 2100 मेगावाट बिजली उत्पादन का हो रहा प्रयास
बंगाल, झारखंड, ओड़िशा व सिक्किम भेजी जाती है बिजली
बाोरियो : ललमटिया खदान हादसा के बाद कोयला ढुलाई ठप हो गयी है. इससे एनटीपीसी फरक्का का विद्युत उत्पादन प्रभावित होने की आशंका जतायी जा रही है. ये बातें मंगलवार पथरा यार्ड में आयोजित प्रेस काॅन्फ्रेंस में एमजीएम बीके झा ने कही. साथ ही बताया कि एनटीपीसी फरक्का से चार राज्य बंगाल, झारखंड, ओड़िशा व सिक्किम को बिजली आपूर्ति की जाती है. फिलहाल एनटीपीसी फरक्का के कोल स्टोक एवं रेलवे द्वारा आपूर्ति किये जाने से कायेले से निर्धारित विद्युत क्षमता के अनुरूप 2100 मेगावाट विद्युत उत्पादन करने का भरसक प्रयास किया जा हा है.
परंतु मांग एवं विद्युत उत्पादन के हिसाब से अगर दो दिनों में ललमटिया से एनटीपीसी फरक्का को कोयले की आपूर्ति सुनिश्चित नहीं हो पाती है. जन संपर्क अधिकारी शैबाल घोष ने कहा कि ललमटिया में हादसे से एनटीपीसी फरक्का परिवार मर्माहत है. दुख की इस घड़ी में हम ललमटिया में जान गवाने वाले व्यक्तियों के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं. मौके पर अवधेश सिन्हा सहित अन्य मौजूद थे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




