Jharkhand : रांची में प्रेम सागर मुंडा की हत्या के विरोध में पिपरवार बंद, कोयला डिस्पैच ठप

टेरर फंडिंग का आरोपी है प्रेम सागर मुंडा, नक्सलियों के 100 करोड़ रुपये लेकर फरार है भाई बबलू मुंडा
रांची : झारखंड की राजधानी रांची में भाजपा नेता प्रेम सागर मुंडा की हत्या के विरोध में चतरा जिला का पिपरवार मंगलवार को बंद रहा. पिपरवार कोयलांचल के मुंडा समाज ने बंद का आह्वान किया था. फलस्वरूप सभी दुकानें, बाजार, कोयला ढुलाई एवं साइडिंग से कोयला डिस्पैच पूरी तरह ठप रहा. सोमवार की शाम करीब सात बजे रांची में गोली मारकर उनकी हत्या कर दी गयी थी.
बरियातू थाना क्षेत्र के होटल पार्क प्राइम के पास प्रेम सागर मुंडा को गोलियों से छलनी करके दो बाइक सवार फरार हो गये थे. यहां से मुंडा को रिम्स ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. अपराधियों ने प्रेम सागर को छह गोलियां मारी थी. बताया जा रहा है कि नक्सली संगठन टीएसपीसी उससे 100 करोड़ रुपये की लेवी का हिसाब मांग रहा था. प्रेम का भाई बबलू सागर मुंडा यह पैसा लेकर फरार है.
शुरुआती जांच में हत्या की वजह लेवी के पैसे के विवाद के अलावा एदलहातू की एक बेशकीमती जमीन भी बतायी जा रही है. प्रेम सीसीएल में काम करता था और राज्य के एक पूर्व सीएम का करीबी था. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) उसकी संपत्ति की जांच कर रही है. इधर, हत्यारों की धर-पकड़ एवं जांच के लिए दो एसपी और पांच डीएसपी को लगाया गया है.
टीएसपीसी के लिए लेवी की वसूली करने के आरोप में सजा भुगत चुका प्रेम सागर मुंडा चार दिन पहले ही जमानत पर जेल से बाहर आया था. पुलिस को सूचना है कि प्रेम सागर मुंडा का भाई बबलू मुंडा टीएसपीसी 100 करोड़ रुपये लेकर भाग गया है. इसके बाद से ही टीएसपीसी रुपये के लिए प्रेम सागर पर दबाव बना रहा था. बबलू चतरा जिला के टंडवा प्रखंड का उप-प्रमुख है.
ऐसे हुई प्रेम सागर की हत्या : प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि सोमवार की शाम करीब सात बजे प्रेम सागर मुंडा अपनी फॉर्चूनर कार (JH01 BT 0009) से मोरहाबादी पहुंचा और पार्क प्राइम होटल के पास रुका था. इसी दौरान बाइक पर सवार दो अपराधियों ने उससे कुछ बात की और दनादन गोलियां बरसा दी. नाइन एमएम की पिस्टल से उसे एक के बाद एक छह गोलियां दाग दी गयीं. एक गोली प्रेम सागर के सिर में और शेष गोलियां शरीर के अन्य हिस्सों में लगीं. गोली दागने में के बाद अपराधी एदलहातू के रास्ते वहां से भाग गये. घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से प्रेम सागर मुंडा को रिम्स ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
टेरर फंडिंग का आरोपी है प्रेम सागर मुंडा : प्रेम सागर मुंडा टेरर फंडिंग का भी आरोपी है. उसके खिलाफ चतरा के टंडवा थाना में कांड संख्या 222/18 और पिपरवार थाना में कांड संख्या 36/19 दर्ज हैं. इसमें प्रेम समेत 77 लोगों को आरोपी बनाया गया है. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) इस मामले की जांच कर रही है. प्रेम की चल-अचल संपत्ति भी एनआइए खंगाल रही है. खबर है कि प्रेम ने रांची के मोरहाबादी एवं कांके समेत कई इलाकों में संपत्ति खरीदी है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




