रांची : घटिया पोषाहार देनेवाले एसएचजी को पेमेंट नहीं

Updated at : 08 Feb 2020 9:24 AM (IST)
विज्ञापन
रांची : घटिया पोषाहार देनेवाले एसएचजी को पेमेंट नहीं

रांची : विभिन्न जिलों में खराब या निम्न स्तरीय पोषाहार वितरण की सूचना के बाद समाज कल्याण विभाग ने यह नीतिगत फैसला लिया है कि ऐसे पोषाहार का भुगतान नहीं किया जायेगा या उसमें कटौती होगी. यह राशि झारखंड राज्य आजीविका विकास समिति (जेएसएलपीएस) को दी जानी है. गौरतलब है कि राज्य भर के आंगनबाड़ी […]

विज्ञापन
रांची : विभिन्न जिलों में खराब या निम्न स्तरीय पोषाहार वितरण की सूचना के बाद समाज कल्याण विभाग ने यह नीतिगत फैसला लिया है कि ऐसे पोषाहार का भुगतान नहीं किया जायेगा या उसमें कटौती होगी. यह राशि झारखंड राज्य आजीविका विकास समिति (जेएसएलपीएस) को दी जानी है. गौरतलब है कि राज्य भर के आंगनबाड़ी केंद्रों को रेडी-टू-इट योजना के बदले नवंबर-2019 से घर ले जाकर पकाने वाला राशन दिया जा रहा है. इसे टेक होम राशन (टीएचआर) कहते हैं.
इससे पहले समाज कल्याण निदेशालय ने अपने स्तर से गुमला व रामगढ़ के कुछ आंगनबाड़ी केंद्रों से टीएचआर का सैंपल लेकर जांच करायी थी. तुपुदाना, रांची स्थित मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला सन-टेक में हुई जांच में पोषाहार के सैंपल फेल हो गये थे.
गुमला, रामगढ़ व लातेहार सहित कई जिलों में यह शिकायत मिली है कि राशन में दी जा रही अरहर दाल, गुड़, बादाम व आलू की गुणवत्ता फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी अॉफ इंडिया (एफएसएसएआइ) द्वारा निर्धारित मापदंड के अनुसार नहीं है. विभिन्न जिलों में सड़े हुए अालू तथा खराब गुड़ व राशन का वितरण हुअा है. इसके बाद संबंधित जिलों का भुगतान लंबित रखा गया है. राज्य भर के पोषाहार पर प्रति माह करीब 25 करोड़ का खर्च है.
एसएचजी के जरिये वितरण : राशन खरीदने तथा इसे पैक कर आंगनबाड़ी केंद्र तक पहुंचाने के लिए समाज कल्याण विभाग नेजेएसएलपीएस के साथ करार किया है. इसके मुताबिक, सोसाइटी से संबद्ध महिला स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) को राशन खरीद कर केंद्रों तक पहुंचाने काकाम मिला है. शर्त के अनुसार राशन की गुणवत्ता एफएसएसएआइ के मानक के अनुसार रखना सुनिश्चित करना है.
करीब 23 लाख लाभुक
गौरतलब है कि राज्य भर के 38432 आंगनबाड़ी केंद्रों पर छह माह से तीन वर्ष के बच्चों (15.97 लाख) सहित गर्भवती (3.26 लाख) व धात्री महिलाओं (3.61 लाख) को राशन दिया जाना है. इसके अलावा 13108 कुपोषित बच्चों को भी यह राशन मिलता है
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola