मृतक सुशील के परिजनों ने मुआवजे की मांग पर हाइवे चार घंटे रखा जाम

Updated:
विज्ञापन
मृतक सुशील के परिजनों ने मुआवजे की मांग पर हाइवे चार घंटे रखा जाम

नारायणपुर. गोविंदपुर-साहिबगंज हाइवे के नारायणपुर थाना क्षेत्र के बांसपहाड़ी गांव के समीप हुई सड़क दुर्घटना दो बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गये थे. इसमें से एक युवक सुशील मंडल की मौत इलाज के क्रम में हो गयी.

विज्ञापन

हादसा. गोविंदपुर-साहिबगंज हाइवे पर बाइक सवार दो युवक हुए थे घायल इलाज के क्रम में धनबाद में एक युवक की हो गयी मौत प्रतिनिधि, नारायणपुर. गोविंदपुर-साहिबगंज हाइवे के नारायणपुर थाना क्षेत्र के बांसपहाड़ी गांव के समीप हुई सड़क दुर्घटना दो बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गये थे. इसमें से एक युवक सुशील मंडल की मौत इलाज के क्रम में हो गयी. इसके बाद शनिवार को सुशील मंडल का शव सड़क पर रखकर आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों ने करीब चार घंटे तक जाम कर दिया. मृतक के परिजन लगातार प्रशासन से मुआवजे की मांग कर रहे थे. इस दौरान हाइवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई. विदित हो कि शुक्रवार को ट्रक के धक्के से बाइक सवार दुधानी गांव के सुशील मंडल और चंद्रशेखर मंडल घायल हो गए थे. धनबाद में उपचार के दौरान सुशील मंडल की मौत हो गयी थी, जबकि चंद्रशेखर मंडल की हालत गंभीर बनी हुई है. शनिवार को जब शव पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचा तो परिजन मुआवजे की मांग को लेकर सड़क जाम कर दिया. मामले की जानकारी मिलते ही सीओ देवराज गुप्ता, थाना प्रभारी मुराद हसन, करमाटांड थाना प्रभारी चंदन कुमार तिवारी, पुलिस इंस्पेक्टर संतोष कुमार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे. जाम कर रहे परिजनों को समझाने बुझाने का प्रयास करने लगे. परिजन लगातार मुआवजे की मांग पर डटे हुए थे. वहीं मौके पर भाजपा नेता वीरेंद्र मंडल, जिप सदस्य सुरेंद्र मंडल, भाजपा नेता महेंद्र मंडल भी मौके पर पहुंचे. परिजनों को समझाने बुझाने का प्रयास करने लगे. वहीं चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद अंचल अधिकारी और थाना प्रभारी के संयुक्त प्रयास से जाम हटा. सीओ ने तत्काल आर्थिक मदद करते हुए मृतक के परिजन को सरकारी प्रावधान के अनुसार मुआवजा दिलाने का भरोसा दिलाया. कहा, मृतक की पत्नी को पेंशन और आवास योजनाओं का लाभ जल्द मिलेगा. इसको लेकर करमाटांड बीडीओ से बातचीत की गयी है. घटना के बाद परिजनों में शोक की लहर है. मृतक सुशील मंडल प्रवासी मजदूर के रूप में काम करते थे और परिवार का भरण पोषण करते थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
जियाराम मुर्मू

लेखक के बारे में

By जियाराम मुर्मू

मैं जियाराम मुर्मू वर्ष 2009 से प्रभात खबर, जामताड़ा से जुड़ा हुआ हूं. मैं विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों की जनमुद्दे जैसे शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासन, ग्रामीण विकास सहित ग्रामीणों की समस्याओं को लगातार उठा रहा हूं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola