अस्पताल में धरना देने पर विधायक इरफान पर प्राथमिकी
जामताड़ा : बच्चा चोरी मामले को लेकर 4 फरवरी को विधायक जामताड़ा डाॅ इरफान अंसारी एवं अन्य द्वारा सदर अस्पताल के समक्ष धरना-प्रदर्शन को लेकर जामताड़ा थाना में मामला दर्ज किया गया है. विधायक इरफान सहित पांच नामजद एवं 30 अज्ञात खिलाफ सरकारी काम में बाधा पहुंचाने को लेकर मामला दर्ज किया गया है. पुलिस पदाधिकारी रामानंद पासवान के लिखित आवेदन पर कांड संख्या 20/18 दर्ज किया गया है. यह प्राथमिकी भादवि की धारा 143, 147, 149, 151 व 353 के तहत दर्ज किया गया है. इसमें जामताड़ा विधायक डाॅ इरफान अंसारी, जामताड़ा के शहरपुरा निवासी बीस सूत्री सदस्य नरेश बाउरी, सोनबाद मुखिया पति निर्मल सोरेन, नारायणपुर निवासी बीरबल अंसारी एवं गेाराईनाला निवासी परिमल मंडल को अभियुक्त बनाया गया है.
इधर, जामताड़ा विधायक डाॅ इरफान अंसारी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि जिला प्रशासन ने मुझे झूठे मुकदमे में फंसाया है. अगर मैं गलत हूं तो प्रशासन मुझे गिरफ्तार करे. जनता की आवाज उठाना अगर गलत है, तो मुझे यह जुर्म स्वीकार है. प्रशासन सरकार के दबाव में कार्य कर रही है. जिस प्रकार मैंने बजट सत्र के दौरान डीजीपी डीके पांडेय और मुख्य सचिव राजबाला वर्मा के खिलाफ मोर्चा खोला था, यह उसी का गुस्सा है. विधायक ने कहा कि मैं परिजनों एवं ग्रामीणों के साथ अस्पताल के सामने शांतिपूर्वक धरना पर बैठा था, ऐसे में सरकारी काम में बाधा वाली बात समझ से परे है. हम लोगों ने सिर्फ प्रशासन पर दबाव बनाया था ताकि बच्चे की बरामदगी जल्द हो सके.
30 अज्ञात पर भी सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप
विधायक ने कहा- जिला प्रशासन ने मुझे झूठे मुकदमा में फंसाया
