ePaper

East Singhbhum news :फर्जी जन्म प्रमाण पत्र : पदाधिकारी को बचाने के लिए छोटे कर्मचारियों को बलि का बकरा बनाया गया : सांसद

Updated at : 05 May 2025 12:04 AM (IST)
विज्ञापन
East Singhbhum news :फर्जी जन्म प्रमाण पत्र : पदाधिकारी को बचाने के लिए छोटे कर्मचारियों को बलि का बकरा बनाया गया : सांसद

सांसद ने देश व राज्य के लिए घातक बताया, कहा- जिला कार्यालय में कार्यरत कर्मचारी भी फर्जीवाड़ा में शामिल, पूरे झारखंड में षड्यंत्र चल रहा, सरकार को ध्यान देना चाहिए

विज्ञापन

चाकुलिया. जमशेदपुर के सांसद विद्युत वरण महतो ने कहा कि चाकुलिया प्रखंड की माटियाबांधी पंचायत से 4411 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने का मामला गंभीर है. यह सिर्फ समाज ही नहीं, बल्कि राज्य और देश के लिए घातक है. जिला प्रशासन ने जांच के नाम पर लीपापोती की है. बड़े पदाधिकारियों के कुकर्म को छिपाने के लिए छोटे कर्मियों को बलि का बकरा बनाया गया है. इस मामले में जिला कार्यालय में कार्यरत कर्मियों के शामिल होने की संभावना है. इसकी जांच सही तरीके से हो. इस मामले को लेकर उपायुक्त और एसएसपी से जल्द मिलेंगे. मामले की सही जांच हो, ताकि मुख्य आरोपी बच न सकें. उपायुक्त कार्यालय की निगरानी टीम असफल साबित हुई है. तमाम सरकारी योजनाओं की निगरानी जिला कार्यालय से समय-समय पर होती है. एक वर्ष में 4411 फर्जी प्रमाण जन्म प्रमाण पत्र बना दिये गये, पर निगरानी टीम को भनक भी नहीं लगी. इससे साबित होता है कि जिला कार्यालय में कार्यरत कर्मचारी भी फर्जीवाड़ा में शामिल हैं. चाकुलिया तो झांकी है, पूरे झारखंड में यह षड्यंत्र चल रहा है. सरकार को इस विषय पर ध्यान देना चाहिए.

दूसरे दिन भी आरोपियों से पूछताछ, सरगना तक पहुंचने में जुटी पुलिस, सिंडिकेट बनाकर धंधा चल रहा था

चाकुलिया की माटियाबांधी पंचायत से 4411 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनने के मामले में पुलिस का आरोपियों से लगातार दूसरे दिन पूछताछ जारी रही. पुलिस ने बारी-बारी से बीएलइ स्वपन महतो, पंचायत सचिव सुनील महतो व मालकुंडी पंचायत के बीएलइ शिवम दे से पूछताछ की. पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली हैं. जमशेदपुर से जन्म प्रमाण पत्र बनाने वाले कई लोगों व जब्त मोबाइल से प्राप्त नंबर के आधार पर कई लोगों को पूछताछ के लिए थाने लाया गया. घाटशिला के एसडीपीओ अजीत कुमार कुजूर, मुसाबनी डीएसपी संदीप भगत, इंस्पेक्टर मनोज गुप्ता व थाना प्रभारी संतोष यादव कई बिंदुओं पर जांच कर रहे हैं. पूछताछ में पुलिस को जानकारी मिली कि सिंडिकेट बनाकर फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने का काम चल रहा था. पुलिस सरगना तक पहुंचने की तैयारी में है. बीएलइ स्वपन महतो पहले ही बता चुका है कि मालकुंडी पंचायत के बीएलइ के मोबाइल खंगालने पर दूध का दूध और पानी का पानी हो जायेगा. मालकुंडी पंचायत के बीएलइ शिवम दे से पूछताछ में पुलिस को कई सुराग मिले हैं. बीएलइ स्वपन महतो व सुनील महतो ने भी कई अहम जानकारियां पुलिस को दी है.

प्रमाण पत्र बनवाने वालों में छात्र व खिलाड़ी भी शामिल

जिले में फर्जी तरीके से जन्म प्रमाण पत्र बनवाने वालों में छोटे बच्चों से लेकर 80 वर्ष तक के बुजुर्ग भी शामिल हैं. सूत्रों के अनुसार, कई छात्रों ने मैट्रिक व इंटर की परीक्षा दोबारा देने के लिए उम्र कम करने के उद्देश्य से जन्म प्रमाण पत्र बनवाये हैं. जन्म प्रमाण पत्र बनाने वालों में कई युवा खिलाड़ी भी शामिल हैं. वे उम्र अधिक हो जाने के कारण कम आयु वर्ग के वर्ग में नहीं खेल पा रहे थे. कई लोगों ने सरकारी नौकरी में छूट पाने के उद्देश्य से अपनी उम्र को कम कर जन्म प्रमाण पत्र बनवाया है.

हिरासत में लिए गये बीएलइ की बेटी का विवाह 10 मई को, परिजन परेशान

फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने के मामले में हिरासत में लिए गये मटियाबांधी पंचायत के बीएलइ स्वपन महतो की बेटी का विवाह 10 मई को है. परिवार के लोग घटना से काफी दुखी हैं. परिवार के सदस्यों ने बताया कि स्वपन महतो निर्दोष हैं. पुलिस सही तरीके से जांच करेगी, तो स्वपन निर्दोष साबित होंगे. दोषी पुलिस की गिरफ्त में होंगे.

बीमार पंचायत सचिव की मदद के लिए थाने में साथ है पत्नी

आरोपी पंचायत सचिव सुनील महतो की तबीयत काफी खराब है. किडनी और लीवर की बीमारी से पीड़ित है. सुनील महतो का एक पांव नहीं है. बीमारी के कारण उनका दूसरा पांव और दाहिना हाथ सूज गया है. वह न चल-फिर पा रहे हैं और न स्वयं भोजन कर पा रहे हैं. सुनील महतो की पत्नी थाने में उनके साथ है.

घाटशिला प्रखंड की पंचायतों में बने जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र की जांच शुरू, डीसी के आदेश पर चार जांच कमेटियां बनायी गयीं

पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त के निर्देश पर घाटशिला प्रखंड में वर्ष 2024-25 में बने जन्म व मृत्यु प्रमाण पत्रों की जांच शुरू हो गयी है. इसके लिए घाटशिला की बीडीओ यूनिका शर्मा ने चार जांच कमेटियां बनायी है. इन कमेटियों को प्रखंड की 22 पंचायतों में बने प्रमाण पत्रों की सत्यता की जांच की जिम्मेवारी सौंपी गयी है. सोमवार को पूर्वी और पश्चिमी मऊभंडार पंचायत तथा महुलिया पंचायत में बीडीओ ने जांच की. जांच कार्य का निरीक्षण प्रखंड कल्याण प्रभारी संजय साव ने किया. श्री साव ने कहा कि वे सीधे तौर पर कोई टिप्पणी नहीं करेंगे. अपनी रिपोर्ट बीडीओ को सौंपेंगे. बीडीओ यूनिका शर्मा ने बताया कि चार जांच कमेटियों में प्रखंड कल्याण प्रभारी संजय साव, प्रखंड कृषि प्रभारी अमरनाथ पांडे, आवास समन्वयक सुनील हांसदा व बीस सूत्री कार्यक्रम के प्रखंड समन्वयक नेहरू प्रसाद धारा को शामिल किया गया है. उन्होंने बताया कि जांच रिपोर्ट उपायुक्त व एसडीओ को सौंपेंगे. जांच प्रक्रिया पूरी होने तक मामले में विस्तृत जानकारी साझा नहीं की जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
AVINASH JHA

लेखक के बारे में

By AVINASH JHA

AVINASH JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola