जेके पांडा इको सिटी ने खेतिहर भूमि का स्वरूप बदल खरीद-बिक्री शुरू की

Updated at : 28 Apr 2024 12:02 AM (IST)
विज्ञापन
जेके पांडा इको सिटी ने खेतिहर भूमि का स्वरूप बदल खरीद-बिक्री शुरू की

DCIM100MEDIADJI_0190.JPG

गालूडीह. जमीन के हिस्सेदार डीसी, एलआरडीसी, सीओ, रजिस्ट्रार से कर चुकी है शिकायत, शिकायत के बाद जमीन का म्यूटेशन सीओ ने रोका, कहा- जांच कर होगी कार्रवाई

विज्ञापन

गालूडीह.

हाइवे किनारे स्थित जेके पांडा इको सिटी के बिल्डर सह प्रमोटर पर विभागीय अनुमति के बिना खेतिहर भूमि का स्वरूप बदलकर प्लाटिंग कर खरीद-बिक्री का आरोप लगा है. डीसी, एलआरडीसी, रजिस्ट्रार, घाटशिला एसडीओ और सीओ को आवेदन सौंपकर रोक लगाने की मांग की गयी है. जमीन के एक हिस्सेदार लक्ष्मी कांत पांडा की बेटी मौसमी ने पत्र सौंपा है. मौसमी ने शिकायत में कहा कि महुलिया मौजा के थाना संख्या 1241, खाता संख्या 227, 37, 36, 226, 88 एवं 149, प्लॉट संख्या 1069, 1070, 1071, 1072 की जमीन मेरे दिवंगत दादाजी यामिनी कांत पांडा के नाम दर्ज है. मेरे दादाजी के छह पुत्रों में एक पुत्र लक्ष्मीकांत पांडा की मैं पुत्री हूं. उक्त जमीन में मेरी हिस्सेदारी है. ग्राम पंचायत महुलिया से निर्गत वंशावली भी है. उक्त जमीन में मुझे हिस्सा दिये बगैर व मुझसे बिना अनापत्ति (एनओसी) प्राप्त किये जमीन का स्वरूप बदल कर प्लाटिंग कर बेचा जा रहा है.

रेलिंक्विशमेंट डीड पर हस्ताक्षर करने का दबाव दिया : मौसमी

मौसमी ने कहा कि मुझपर हिस्सा छोड़ने का दबाव डाला जा रहा. रेलिंक्विशमेंट डीड पर हस्ताक्षर करने का दबाव दिया. मैंने मना कर दिया, तो जान से मारने की धमकी दी जा रही है. मौसमी ने कहा कि कुल 17 एकड़ जमीन में मेरा हिस्सा 65 कट्ठा जमीन है. वहां धान की खेती होती थी. मुझसे बिना एनओसी लिए और विभाग से बिना अनुमति के खेतिहर जमीन पर स्लैग डालकर व प्लाॅटिंग कर स्वरूप बदल दिया गया है. मौसमी ने कहा कि जेके पांडा इको सिटी के गोविंद अग्रवाल से कई बार मिली, पर हर बार टरकाया जा रहा. इस संबंध में जेके पांडा इको सिटी के गोविंद अग्रवाल का पक्ष लेने के लिए उन्हें कई बार फोन किया गया. लेकिन उन्होंने बात करने से मना कर दिया.

विस की जिला परिषद एवं पंचायती राज समिति ने डीसी से जांच रिपोर्ट मांगी

झारखंड विधानसभा की जिला परिषद व पंचायती राज समिति ने इस मामले में जांच कर रिपोर्ट मांगी है. झारखंड विधानसभा के संयुक्त सचिव मिथिलेश कुमार मिश्र ने पूर्वी सिंहभूम के डीसी को पत्र लिखकर रिपोर्ट मांगी है. किसी प्रकार के निर्माण और प्लाॅटिंग पर रोक लगाने को कहा है. सचिव ने डीसी से पूछा कि भूखंड की अद्यतन स्थिति और स्थानीय स्तर पर अबतक हुई कार्रवाई से समिति को अवगत करायें. इसकी पुष्टि विधायक के सचिव वीरसिंह सुरीन ने की है.

जांच के बाद कार्रवाई होगी : एसडीओ

घाटशिला के एसडीओ सच्चिदानंद महतो ने कहा कि खेतिहर जमीन का स्वरूप बदला नहीं जा सकता. जेके पांडा इको सिटी ने बिना अनुमति लिए ऐसा किया है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी. मामला संज्ञान में आया है. जांच कर पूरे मामले की रिपोर्ट जिला भेजेंगे.

मामले की जांच की जा रही : सीओ

घाटशिला की सीओ निशात अंबर ने कहा कि खेतिहर जमीन का स्वरूप बदला नहीं जा सकता. मामला संज्ञान में आया है. पूरे मामले की जल्द जांच करूंगी. मैं हाल में ज्वाॅइन की हूं. जेके पांडा इको सिटी का मामला संज्ञान में आया, तो उसके कई म्यूटेशन पर रोक लगायी गयी है. जमीन के एक हिस्सेदार ने शिकायत पत्र सौंपी है. पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई करूंगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola