Bihar Crime News: मुंगेर में शराब मामले में कार्रवाई करने पर पुलिस को विरोध का सामना करना पड़ा. एकतरफ जहां नक्सल प्रभावित लड़ैयाटांड़ थाना क्षेत्र में महुआ भट्ठी को ध्वस्त करने गयी उत्पाद विभाग की टीम से ग्रामीण उलझ पड़े वहीं कासिम बाजार थानाक्षेत्र में शराबियों पर कार्रवाई के लिए पुलिस रुकी तो कर्मियों पर पथराव शुरू कर दिया गया.
धरहरा प्रखंड के नक्सल प्रभावित लड़ैयाटांड़ थाना क्षेत्र के महगामा पंचायत स्थित पहाड़ी जंगल में संचालित महुआ शराब भट्ठी को धरहरा एएलटीएफ टीम ने ध्वस्त कर दिया. इसके बाद कारोबारियों की गिरफ्तारी के लिए पहुंची टीम को स्थानीय आदिवासियों व महादलित महिला पुरुषों के जबरदस्त विरोध का सामना करना पड़ा.
छापेमारी करने पंहुची मद्य निषेध उत्पाद विभाग की टीम को देखते ही ग्रामीण उग्र हो गये. इसके कारण छापेमारी टीम केवल शराब भट्ठी और महुआ शराब नष्ट कर वापस लौट गयी. इस दौरान टीम द्वारा किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया.
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गश्ती पर निकली कासिम बाजार थाना पुलिस गुरुवार की शाम हसनगंज में जब शराबियों पर कार्रवाई के लिए रुकी, तो शराबियों ने पथराव शुरू कर दिया. इसमें पुलिस वाहन का पिछला शीशा आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया. हालांकि इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी.
बताया जाता है कि गुरुवार की शाम प्रशिक्षु दारोगा संध्या गश्ती पर निकले, जिसे थाना क्षेत्र की सीमा की जानकारी नहीं थी. इसी दौरान हसनगंज के पास एनएच-80 के दक्षिण स्थित मुसहरी में कुछ लोग शराब पीकर हंगामा कर रहे थे. जो सफिसराय ओपी क्षेत्र में पड़ता है. पुलिस जब उसे पकड़ने गयी तो शराबियों के साथ ही मुसहरी के लोग पुलिस से उलझ गये और पथराव कर दिया.
इस पथराव में किसी पुलिसकर्मी के हताहत होने की सूचना तो नहीं है. लेकिन पुलिस वाहन का पिछला शीशा आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया. कासिम बाजार थानाध्यक्ष मिंटू कुमार सिंह एवं सफियासराय ओपी प्रभारी नीरज कुमार ठाकुर ने ऐसी किसी घटना से इंकार कर दिया.
Posted By: Thakur Shaktilochan

