Parenting Tips: भाई और बहन का रिश्ता अपने आप में ही काफी ज्यादा खास होता है. जब आप देखते हैं तो इस रिश्ते में आपको प्यार, अपनापन और साथ छोटी-मोटी नोंकझोंक भी दिखाई देती है. यह रिश्ता जितना खास है उतना ही इसमें आपको लड़ाई और तकरार भी देखने को मिलता है. जब ऐसा हो तो इसे सही तरीके से सुलझाने की और बच्चों के बीच प्यार को बढ़ावा देने की पूरी जिम्मेदारी माता-पिता की होती है. आज की यह आर्टिकल उन सभी पैरेंट्स के लिए काफी काम की होने वाली है जिनके बच्चे आपस में छोटी-छोटी बातों में लड़ लेते हैं और पूरे घर का माहौल बिगाड़ देते हैं. आज हम आपको बताने वाले हैं कि आप किस तरह से थोड़ी सी समझदारी और सही तरीकों को अपनाकर काफी आसानी से भाई-बहन के झगड़ों को शांत कर सकते हैं और उनके बीच प्यार को बढ़ा सकते हैं.
कम्पेयर करना छोड़ें
अक्सर माता-पिता यह गलती करते हैं कि वे जाने-अनजाने में एक बच्चे की तुलना दूसरे बच्चे से कर देते हैं. जैसे कि, “देखो तुम्हारा भाई कितना अच्छा या फिर तुम्हारी बहन कितनी समझदार है”. जब आप इस तरह की बातें अपने बच्चे से कहते हैं तो उसके मन में जलन और दूरी की भावना पैदा होती है. अपने बच्चे की यूनिक खूबियों को पहचानें और उसकी तुलना दूसरे बच्चे से करने से बचें. यह छोटा सा उपाय भाई-बहन के रिश्ते में प्यार और मिठास को बढ़ाता है.
दोनों की बातें ध्यान से सुनें
एक्सपर्ट्स बताते हैं कि जब भाई-बहन के बीच झगड़ा हो रहा हो तो उस समय गलती से भी तुरंत किसी एक की साइड न लें. पहले दोनों की ही बातों को अच्छे से सुनें और समझें. जब आप ऐसा करते हैं तो बच्चे को लगता है कि आपने उसकी बातों को वैल्यू दी है. कई बार बच्चे चाहते हैं कि आप उनकी बातों को सिर्फ ध्यान से सुनें. जब आप ऐसा करते हैं तो दोनों ही बच्चों के बीच झगड़ा अपने आप शांत हो जाता है.
साथ में समय बिताने के मौके दें
अगर आपके बच्चे हर समय आपस में लड़ते ही रहते हैं तो आपको इस बात का ख्याल रखना चाहिए कि आप दोनों की ही साथ में समय बिताने का मौका दें. उन्हें साथ में खेलने का समय दें, किताबें पढ़ने का मौका दें या फिर उनकी पसंद की चीजें करने का मौका दें. जब आपके बच्चे साथ मिलकर कोई काम करते हैं तो उनके बीच प्यार और अपनापन बढ़ता है जिससे झगड़े भी कम होने लगते हैं.
साथ में जिम्मेदारियां निभाने दें
बच्चों के बीच हो रहे लड़ाई-झगड़े को शांत करने के लिए उन्हें कुछ ऐसी जिम्मेदारियां दें जिन्हें वे साथ में निभा सकें. कमरे की सफाई, पौधों को पानी देना या फिर कोई भी ऐसा काम दें जो वे साथ मिलकर कर सकें. यह छोटा सा उपाय उनके अंदर टीमवर्क की भावना को जगाता है और एक दूसरे की मदद करने के लिए मोटिवेट करता है. यह छोटा सा उपाय उनके रिश्ते को मजबूत करने में भी काफी अहम भूमिका निभाता है.
प्यार और सम्मान सिखाएं
बच्चों के बीच लड़ाई-झगड़े न हों इसलिए यह काफी जरूरी हो जाता है कि आप दोनों को ही एक-दूसरे की इज्जत करना सिखाएं. अपने बच्चे को समझाएं कि गुस्से में भी बुरा बोलना या उनपर हाथ उठाना कितना गलत है. अगर पैरेंट्स खुद भी बच्चों से प्यार और सम्मान से बात करते हैं तो बच्चे भी उन्हीं चीजों को सीखते हैं.

