Samastipur News: सिंघिया : प्रखंड क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) को धरातल पर उतारने वाले आवास सहायक, आवास पर्यवेक्षक, लेखा समन्वयक और कार्यपालक सहायकों की स्थिति दयनीय बनी हुई है. पिछले वर्ष अगस्त माह से लेकर अब तक मानदेय का भुगतान नहीं होने के कारण इन कर्मियों के समक्ष अब भुखमरी की स्थिति उत्पन्न हो गई है. आवास कर्मियों ने अपनी व्यथा सुनाते हुए कहा कि वे बीते 5-6 महीनों से बिना मानदेय के लगातार काम कर रहे हैं. घर का राशन, बच्चों की स्कूल फीस और बुजुर्गों की दवाइयों के लिए उन्हें दूसरों के आगे हाथ फैलाना पड़ रहा है. कर्मियों का कहना है कि प्रशासन एक तरफ समय पर काम पूरा करने का दबाव बनाता है, लेकिन उनकी मूलभूत जरूरतों (वेतन) की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है. मानदेय न मिलने से आक्रोशित कर्मियों ने स्पष्ट किया है कि यदि जल्द ही उनके बकाया मानदेय का भुगतान नहीं किया गया, तो वे सामूहिक रूप से कार्य बहिष्कार करने को मजबूर होंगे. कर्मियों के अनुसार अधिकारियों को बार-बार सूचित करने के बावजूद केवल आश्वासन ही मिलता रहा है. जबकि धरातल पर उनके खातों में अब तक फूटी कौड़ी भी नहीं आई है. इस संबंध में प्रखंड विकास पदाधिकारी विवेक रंजन ने बताया कि आवंटन की कमी के कारण भुगतान नहीं हुआ है. अब देखना यह है कि प्रशासन इन कर्मियों की सुध कब लेता है या इन्हें यूं ही आर्थिक तंगी के साये में काम करना पड़ेगा.
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