फुलवारीशरीफ. प्रखंड स्थित कुरकुरी आदर्श पंचायत में पेयजल संकट ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है. मई की तपती दोपहरी में दर्जनों गांवों के हजारों लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं. सरकारी बोरिंग का कार्य एक साल पहले शुरू हुआ था, लेकिन आज तक पूरा नहीं हो पाया. शासन की ओर से घोषित आदर्श पंचायत कुरकुरी में हालात बेहद चिंताजनक हैं. पंचायत के वार्ड संख्या 9 और 10 के इस्माइलपुर महादलित टोला, वार्ड 12 अलीपुर, वार्ड 15 निसरपुरा महादलित टोला और वार्ड संख्या 1 व 6 के कुरकुरी महादलित टोला में जल संकट है. लोगों का कहना है कि 26 जनवरी 2024 को बोरिंग का कार्य शुरू हुआ, कुछ दिन बाद उसके लिए कमरे का निर्माण भी प्रारंभ हुआ, लेकिन अब तक निर्माण अधूरा ही पड़ा है. यहां तक कि निर्माणाधीन स्थल को कुछ लोगों ने भूसे का गोदाम बना डाला है. स्थानीय मुखिया रवि कुमार ने बताया कि उन्होंने इओ से लेकर विभागीय मंत्री तक कई बार पत्राचार किया है. खुद विभाग में जाकर पानी की व्यवस्था के लिए गुहार लगायी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने कहा कि अब तक चार मंत्री बदले जा चुके हैं, मगर कुरकुरी पंचायत के लोग अब भी बूंद-बूंद पानी के लिए जूझ रहे हैं.
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