भाजपा का आरोप, रोहिणी ने हलफनामा में अपनी आय और चल संपत्ति का दिया गलत ब्योरा

Updated at : 04 May 2024 7:07 PM (IST)
विज्ञापन
भाजपा का आरोप, रोहिणी ने हलफनामा में अपनी आय और चल संपत्ति का दिया गलत ब्योरा

भाजपा ने सारण लोकसभा क्षेत्र से राजद की उम्मीदवार रोहिणी आचार्य के नामांकन पत्र और हलफनामा के संबंध में आपत्ति दर्ज करायी है. पटना हाइकोर्ट के वरीय अधिवक्ता एसडी संजय ने सारण के निर्वाची पदाधिकारी के समक्ष दी लिखित शिकायत में कहा है कि रोहिणी ने अपनी आय और चल संपत्ति को लेकर इनकम टैक्स रिटर्न के संबंध में हलफनामा पर गलत बयान दिया है.

विज्ञापन

– भाजपा ने सारण के निर्वाची पदाधिकारी के समक्ष रोहिणी के हलफनामा पर दर्ज करवाई आपत्ति, केंद्रीय निर्वाचन आयुक्त और बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को भी भेजी आरोप पत्र की कॉपी

संवाददाता, पटना

भाजपा ने सारण लोकसभा क्षेत्र से राजद की उम्मीदवार रोहिणी आचार्य के नामांकन पत्र और हलफनामा के संबंध में आपत्ति दर्ज करायी है. पटना हाइकोर्ट के वरीय अधिवक्ता एसडी संजय ने सारण के निर्वाची पदाधिकारी के समक्ष दी लिखित शिकायत में कहा है कि रोहिणी ने अपनी आय और चल संपत्ति को लेकर इनकम टैक्स रिटर्न के संबंध में हलफनामा पर गलत बयान दिया है. रोहिणी ने अन्य बातों के अलावा अपनी आय को लेकर 2022-23 के रिटर्न में 3,16,360 रुपये, 2021-22 में 1,67,840 रुपये, 2020-21 में 4,030 रुपये, 2019-20 में 3,88,090 रुपये और वर्ष 2018-19 में 3,89, 033 रुपये दिखाया है. उन्होंने अपनी चल संपत्ति तीन करोड़ बतायी है, जो कहां से आया इसका जिक्र नहीं है. पत्र में कहा गया है कि रोहिणी आचार्य सिंगापुर में रहती हैं, लेकिन उन्होंने सिंगापुर के इनकम का ब्योरा नहीं दिया है, जबकि विदेश की आय का ब्योरा देना भी आवश्यक है. रोहिणी ने अपने पति के सिंगापुर का इनकम का ब्योरा दिया है. पत्र में कहा गया है कि रोहिणी आचार्य ने अपने पते में 208, कौटिल्य नगर, एमपी-एमएलए कॉलोनी, पटना लिखा है , जबकि अचल संपत्ति के कॉलम में उन्होंने सिर्फ पटना के दानापुर में जमीन की चर्चा की है. भाजपा ने आरोप लगाया है कि रोहिणी आचार्य विगत पांच वर्ष से भी ज्यादा समय से सिंगापुर में रह रही हैं, किंतु उन्होंने हलफनामा में इस बात की घोषणा नहीं कि है कि वे भारत की निवासी हैं. उन्होंने इस बात की भी चर्चा नहीं कि है कि वे अनिवासी भारतीय हो गयी हैं. उन्होंने अपने पासपोर्ट के स्टेटस के संबंध में भी हलफनामा में जानकारी नहीं दी है. उक्त बातों के मद्देनजर भाजपा ने जनप्रतिनिधि कानून, 1951 की धारा 36(4) के तहत रोहिणी आचार्य के नामांकन पत्र को रद्द करने का आग्रह किया है. आरोपपत्र की कॉपी इ-मेल के जरिये नयी दिल्ली स्थित निर्वाचन आयुक्त और राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को भी भेजी गयी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन