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विवि में पार्ट थर्ड का परीक्षा फॉर्म भरने से वंचित हो जायेंगे हजारों स्टूडेंट्स

Updated at : 10 Nov 2018 2:45 AM (IST)
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विवि में पार्ट थर्ड का परीक्षा फॉर्म भरने से वंचित हो जायेंगे हजारों स्टूडेंट्स

पटना : मगध यूनिवर्सिटी में पार्ट थर्ड एग्जाम देने से कई हजार स्टूडेंट्स वंचित हो सकते हैं. कोर्ट का फैसला आने के बाद भी कुछ प्राइवेट कॉलेज से पार्ट टू तक एग्जाम देने वाले स्टूडेंट्स पार्ट थर्ड के परीक्षा फॉर्म नहीं भर पा रहे हैं. जबकि कोर्ट से मगध यूनिवर्सिटी के साथ संबद्धता प्राप्त डिग्री […]

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पटना : मगध यूनिवर्सिटी में पार्ट थर्ड एग्जाम देने से कई हजार स्टूडेंट्स वंचित हो सकते हैं. कोर्ट का फैसला आने के बाद भी कुछ प्राइवेट कॉलेज से पार्ट टू तक एग्जाम देने वाले स्टूडेंट्स पार्ट थर्ड के परीक्षा फॉर्म नहीं भर पा रहे हैं. जबकि कोर्ट से मगध यूनिवर्सिटी के साथ संबद्धता प्राप्त डिग्री कॉलेजों को राहत मिली थी, लेकिन इनमें से कुछ कॉलेजों के स्टूडेंट परीक्षा फॉर्म नहीं भर सकते हैं.
क्योंकि कोर्ट ने साफ कहा था कि सरकार के पास संबद्धता के लिए आवेदन करने वाले कॉलेजों के स्टूडेंट्स को परीक्षा फॉर्म भरने और परीक्षा देने दिया जाये. लेकिन इनमें कुछ कॉलेजों ने संबद्धता के लिए राज्य सरकार के पास आवेदन नहीं किया है. इस करण यहां के स्टूडेंट्स का परीक्षा फॉर्म नहीं भरा जा रहा है. परीक्षा फॉर्म नहीं भरे जाने के कारण स्टूडेंट्स परेशान हो रहे हैं.
28 कॉलेजों की संबद्धता अस्वीकृति के बाद शुरू हुआ था मामला
राज्य सरकार ने मगध यूनिवर्सिटी के 28 सामान्य डिग्री कॉलेजों की संबद्धता अस्वीकृत कर दी थी. इसके बाद प्रोवीसी केएन पासवान के नेतृत्व में एक जांच कमेटी गठित की गयी थी और उस कॉलेजों के छात्रों को अंगीभूत कॉलेजों से टैग करा कर पार्ट एक और पार्ट दो की परीक्षा दिलायी गयी थी. जिसे राज्य सरकार ने मान लिया था.
पर मान्यता रद्द कॉलेज की तरफ से दायर की गये रिट पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने छात्रों के रिजल्ट पर रोक लगा दी थी. इसके बाद मगध यूनिवर्सिटी ने इन कॉलेजों के छात्रों को पार्ट थर्ड की परीक्षा में शामिल होने पर रोक लगा दी, जिससे लगभग 86 हजार छात्रों का भविष्य दांव पर लग गया था. इसके बाद एमयू ने इस सभी को अलग कर पार्ट थर्ड की परीक्षा तिथि जारी की, लेकिन काफी हंगामा होने के कारण परीक्षा रद्द करनी पड़ी.
एक अक्टूबर से एमयू पार्ट थर्ड की परीक्षा शुरू होने से पहले एडमिट कार्ड जारी किया गया था. लेकिन संबद्धता रद्द वाले कॉलेज के स्टूडेंट्स का एडमिट कार्ड जारी नहीं किया गया. इस कारण कुछ लोग कोर्ट चले गये. कोर्ट ने फैसला दिया कि राज्य सरकार के पास संबद्धता के लिए आवेदन देने वाले कॉलेज के स्टूडेंट्स को परीक्षा में बैठने की अनुमति दी जाये. इसके बाद एमयू ने परीक्षा फॉर्म भरने की तिथि जारी कर दी.
परीक्षा जल्द कराने की योजना
मगध यूनिवर्सिटी पार्ट थर्ड परीक्षा जल्द कराने की योजना में है. एमयू की परीक्षा समिति ने कोर्ट के आदेश के बाद उन सभी कॉलेजों को फॉर्म भरने की तिथि जारी कर दी है. वैसे कॉलेज जिनका संबंधन राज्य सरकार में लंबित है, वैसे कॉलेज कार्यपालक दंडाधिकारी के शपथपत्र के साथ ग्रेजुएशन थर्ड इयर की परीक्षा 2018 के लिए परीक्षा फॉर्म एवं शुल्क 16 से 20 नवंबर जमा कर सकते हैं. विवि मुख्यालय में 22 नवंबर तक फॉर्म जमा कर सकते हैं.
वहीं विलंब शुल्क के साथ 22 से 24 नवंबर तक फॉर्म भर कर जमा कर सकते हैं. विवि मुख्यालय में 27 नवंबर तक फॉर्म एवं शुल्क जमा होगा. परीक्षा नियंत्रक डॉ आनंद कुमार सिंह ने कहा कि कोर्ट के फैसले के अनुसार एमयू प्रशासन चलेगा. अब देखना है कि किन-किन कॉलेजों का फॉर्म जमा होता है. संबद्धता रद्द होने वाले कॉलेजों को परीक्षा फॉर्म जमा करने के साथ सरकार के पास लंबित आवेदन का कागजात भी जमा करना होगा.
दूसरे कॉलेज से भराया जाये फॉर्म
विद्या इवनिंग कॉलेज की छात्रा विद्या सिंह ने कहा कि स्टूडेंट्स के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है. पार्ट थर्ड के सभी स्टूडेंट्स का फॉर्म किसी दूसरे कॉलेज से भराया जाये. वहीं देवेश कुमार ने कहा कि जब कॉलेज फॉर्म भरने आये तो पता चला कि फॉर्म नहीं भराजा सकता है. कॉलेज से साफ मना कर दिया. कॉलेज टीसी देने के लिए तैयार है. जबकि स्टूडेंट्स का कहना है कि दूसरे कॉलेज से परीक्षा फॉर्म भराया जाये.
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