ePaper

आरआरसी एक संगठन या कार्यक्रम मात्र नहीं, बल्कि है एक आंदोलन : कुलपति

Updated at : 20 May 2025 6:58 PM (IST)
विज्ञापन
आरआरसी एक संगठन या कार्यक्रम मात्र नहीं, बल्कि है एक आंदोलन : कुलपति

आरआरसी एक संगठन या कार्यक्रम मात्र नहीं, बल्कि है एक आंदोलन : कुलपति

विज्ञापन

मधेपुरा. रेड रिबन क्लब (आरआरसी) एक संगठन या कार्यक्रम मात्र नहीं, बल्कि एक आंदोलन भी है. इसमें रेड अर्थात लाल एक साथ युद्ध व प्रेम दोनों का प्रतीक है. इस तरह यह एड्स के खिलाफ युद्ध व एड्स पीडितों के लिए प्रेम का संदेश देता है. उक्त बातें बीएनएमयू के कुलपति प्रो विमलेंदु शेखर झा ने कही. वह मंगलवार को बीएनएमयू परिसर में बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति पटना द्वारा लगाये गये प्रचार बैनर का अवलोकन कर रहे थे. कुलपति ने कहा कि आरआरसी का गठन एड्स व स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता के लिए किया गया है. बिहार के विभिन्न संस्थानों में 420 रेड रिबन क्लब सक्रिय है. राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम समन्वयक डाॅ सुधांशु शेखर ने बताया कि विश्वविद्यालय के कई महाविद्यालयों में रेड रिबन क्लब गठित है. आने वाले दिनों में इसकी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जायेगा. इसके माध्यम से एड्स जागरूकता अभियान तथा रक्तदान शिविर आदि का आयोजन किया जायेगा. मौके पर वित्तीय परामर्शी चतुर किश्कू, कुलसचिव प्रो विपिन कुमार राय, परीक्षा नियंत्रक डाॅ शंकर कुमार मिश्र, परिसंपदा पदाधिकारी शंभू नारायण यादव आदि उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Kumar Ashish

लेखक के बारे में

By Kumar Ashish

Kumar Ashish is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन