ePaper

नगर पर्षद के ओवरफ्लो नाले से सदर अस्पताल में फैला गंदा पानी

Updated at : 17 Oct 2024 8:59 PM (IST)
विज्ञापन
नगर पर्षद के ओवरफ्लो नाले से सदर अस्पताल में फैला गंदा पानी

नगर पर्षद भभुआ की लापरवाही और कार्यशैली से सदर अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों सहित डॉक्टर और कर्मचारियों को जलजमाव का सामना करना पड़ रहा है

विज्ञापन

भभुआ सदर. नगर पर्षद भभुआ की लापरवाही और कार्यशैली से सदर अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों सहित डॉक्टर और कर्मचारियों को जलजमाव का सामना करना पड़ रहा है. अस्पताल परिसर में हो रहे जलजमाव से अब डेंगू और चिकनगुनिया जैसे संक्रामक बीमारी फैलने की आशंका है. दरअसल, सदर अस्पताल से जल निकासी के लिए परिसर के नालियों को नगर पर्षद के नाले से अटैच किया गया है. लेकिन, नगर पर्षद के नाले के जाम रहने और उसकी सफाई नहीं होने से नाले का पानी अस्पताल परिसर में ही जाने लग रहा है, अब इसके चलते अस्पताल परिसर में जल जमाव की समस्या खड़ी हो जा रही है. हालांकि, नाले के पानी से अस्पताल परिसर में हो रहे जलजमाव को लेकर अस्पताल उपाधीक्षक द्वारा नगर पर्षद को पत्राचार के माध्यम से जानकारी देते हुए नाले की सफाई कराने की अपील की गयी है. लेकिन, नगर पर्षद द्वारा नाले की सफाई नहीं करायी जा सकी, जिसके चलते ओवरफ्लो होने के बाद नाले का पानी अस्पताल परिसर में फैल जा रहा है. जबकि, अस्पताल परिसर में जच्चा-बच्चा वार्ड, ओपीडी के अलावा इमरजेंसी सेवा भी संचालित किया जा रहा है. ओपीडी में भी प्रतिदिन पांच सौ से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं. इसके साथ इमरजेंसी सेवा में भी 100 से अधिक मरीजों को देखा जाता है. तीन सौ बेड के अस्पताल में अधिकतर बेड पर मरीज भी भर्ती है. कई वार्ड के अलावा एसएनसीयू, महिला वार्ड समेत हजारों लोगों को नियमित दिन और रात में यहां पर मरीज, स्व जन और कर्मी रहते हैं. इसके अलावा अस्पताल परिसर में ही सीएस और एसीएमओ कार्यालय, जिला कुष्ट उन्मूलन कार्यालय, यक्ष्मा कार्यालय, अधीक्षक कार्यालय, टीकाकरण कार्यालय और जीविका की कैंटीन समेत एक दर्जन दफ्तर है. सैकड़ों कर्मी नर्स, चिकित्सा कर्मचारी भी आते हैं. = स्टाफ और मरीज झेल रहे परेशानी नगर पर्षद की मनमानी का ही नतीजा है कि उनके जाम पड़े नाले से फिलहाल अस्पताल परिसर स्थित इमरजेंसी वार्ड और जीविका के कैंटीन के समीप सड़क पर ही जलजमाव रह रहा है. इस कारण मच्छर जनित बीमारियों सहित जलजमाव व नालियों के ओवरफ्लो से मरीजों के उपचार के बजाय उनके संक्रमित बीमारियों की गिरफ्त में आने का खतरा बढ़ जाता है. स्टाफ और चिकित्सक के लिए भी स्थिति बेहद खराब है. क्योंकि, उन्हें भी अपनी ड्यूटी के दौरान अस्पताल में मौजूद रहना होता है. अस्पताल के हालात पर फिलहाल कोई ध्यान देने वाला नहीं है और स्टाफ और आम मरीज परेशान हैं. = नाला क्षतिग्रस्त होने से आ रही समस्या नगर पर्षद के नाले से सदर अस्पताल में हो रहे जलजमाव के संबंध में भभुआ नगर पर्षद के कार्यपालक पदाधिकारी संजय उपाध्याय ने बताया कि नाला पुराना होने के चलते कई जगह से क्षतिग्रस्त हो चुका है, जिसके चलते सफाई कराये जाने के बावजूद वाटर फ्लो आगे नहीं बढ़ पा रहा है. इसको लेकर नप द्वारा आरसीसी नाले का निर्माण कराने का प्रपोजल बनाकर नगर विकास विभाग को भेजा गया है. वैसे एक बार फिर से नाले की सफाई करायी जायेगी, ताकि अस्पताल परिसर में जलजमाव नहीं हो सके.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन