जहानाबाद सदर. जिला परिवहन विभाग द्वारा भले ही ऑटो चालकों के खिलाफ अभियान चलाकर दंडात्मक कार्रवाई की जा रही है लेकिन ऑटो चालकों की मनमानी नहीं रूक रही है. नियम-कानून को ताक पर रखकर खुलेआम अगली सीट पर सवारी बैठा परिचालन कर रहे हैं. यह स्थिति नगर सेवा में चलने वाले सभी ऑटो पर देखी जा रही है. जब तक ऑटो चालक अपने दाएं-बाएं सवारी को नहीं बैठा लेते हैं, गाड़ी स्टार्ट भी नहीं करते हैं. यहां तक कि अगली सीट पर चालक तीन-तीन सवारी को बैठाकर ही परिचालन कर रहे हैं, जिसकी वजह से दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है. नियमानुसार ऑटो चालकों को अगली सीट पर सवारी बैठना नहीं रहता है, फिर भी नियम के विपरीत अगली सीट पर सवारी बैठा रहे हैं. नप क्षेत्र के साथ ग्रामीण इलाके में भी परिचालन करने वाले ऑटो चालक अगली सीट पर ही सवारी बैठा कर परिचालन कर रहे हैं. हद तो तब हो जाती है जब ऑटो चालक अगली सीट पर पुरुष के बजाय महिलाओं को भी बैठा परिचालन करने लगे हैं जिसकी वजह से हादसा होने की संभावना बनी रहती है. अगली सीट पर सवारी बैठे रहने के कारण तेज गति से परिचालन करने के दौरान थोड़ी सी भी संतुलन खो बैठते हैं तो ऑटो दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है. ग्रामीण क्षेत्र में चलने वाले ऑटो चालकों द्वारा अगली सीट पर मजबूरी में लोगों को बैठा लेते हैं. लोग अगली सीट पर बैठना नहीं चाहते हैं फिर भी ऑटो चालक जब तक अगली सीट पर सवारी को नहीं बैठाते हैं तब तक गाड़ी आगे नहीं बढ़ाते हैं. ड्यूटी जाने वाले लोगों के समक्ष मजबूरी हो जाती है और मजबूरी में अगली सीट पर बैठकर जाना पड़ता है.
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